UP News: सहजनवां में ट्रेन के आगे कूदकर छात्र-छात्रा ने दी जान, दोनों के बीच थी गहरी दोस्ती
परिजनों के आने पर क्षत-विक्षत शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। परिजन मौत पर चुप्पी साधे थे। हालांकि, चर्चा है कि दोनों के बीच गहरी दोस्ती थी।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
सहजनवां इलाके के सुथनी गांव के पास रेलवे ट्रैक पर बृहस्पतिवार रात डेढ़ बजे एक साथ पढ़ने वाले छात्र-छात्रा ने ट्रेन के आगे कूदकर जान दे दी। रेल प्रशासन की सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों की शिनाख्त कर परिजनों को जानकारी दी। दोनों ही खजनी इलाके के सहसी गांव के अलग-अलग टोले के रहने वाले थे।
परिजनों के आने पर क्षत-विक्षत शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। परिजन मौत पर चुप्पी साधे थे। हालांकि, चर्चा है कि दोनों के बीच गहरी दोस्ती थी। जानकारी के मुताबिक, खजनी के सहसी गांव के बंगला टोला निवासी रिंकी मौर्य (18) पुत्री अनुज मौर्या 11वीं की छात्रा थी। वह गांव के निबहिया टोला निवासी अजय चौरसिया (18) पुत्र स्व. तपसी चौरसिया साथ में पढ़ती थी। छात्रा के घरवालों के मुताबिक, बृहस्पतिवार सुबह साढ़े सात बजे रिंकी घर से पढ़ने के लिए निकली थी, लेकिन लौटी नहीं।
इधर, अजय चौरसिया की भी घरवाले तलाश कर रहे थे। इसी बीच दोनों ने सहजनवां थाना क्षेत्र के कसरवल से पहले सुथनी गांव के पास बस्ती-गोरखपुर डाउन ट्रैक पर ट्रेन के आगे कूदकर जान दे दी। रेलवे ट्रैक पर दोनों का शव पड़ा था। देर रात रेलवे से मेमों मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और क्षत-विक्षत शव को कब्जे में ले लिया। पुलिस को छात्रा के पास बैग मिला और वह स्कूल ड्रेस में थी। बैग में मिले मोबाइल फोन की मदद से पुलिस ने छात्र के घरवालों से संपर्क किया। इसके बाद अजय का भाई आया और दोनों की पहचान की।
दोनों ही भाई-बहनों में छोटे थे
अजय चौरसिया तीन भाइयों में सबसे छोटा था। मां-बाप की मौत हो चुकी है। जबकि रिंकी तीन भाई और तीन बहन में सबसे छोटी थी। उसके पिता खेती कर गुजर बसर करते हैं।
गहरी दोस्ती की चर्चा, स्कूल में छुट्टी
पुलिस के मुताबिक, दोनों के बीच गहरी दोस्ती थी। अजय के भाई ने बताया कि दोनों शादी भी करना चाहते थे। इधर, घटना की जानकारी होने पर स्कूल प्रबंधन ने शुक्रवार को स्कूल बंद कर दिया। एसआई राम प्रवेश सिंह ने कहा कि अजय के भाई राम सागर ने दोनों की पहचान की है। परिजनों ने गहरी दोस्ती की जानकारी दी है।
मां बोली, बेटी लड़के के साथ क्यों गई, नहीं मालूम
रिंकी की मां विमला का कहना है कि बृहस्पतिवार सुबह बेटी स्कूल गई थी, लेकिन घर नहीं लौटी। गांव से पता चला कि वह साथ में पढ़ने वाले लड़के केसाथ गई है, इसके बाद उससे कोई संपर्क नहीं हो पाया। बाद में पुलिस से मौत की जानकारी मिली।
एक साल पहले हुई थी थाने में पंचायत
अजय चौरसिया के भाई राम सागर चौरसिया ने बताया कि एक साल पहले दोनों परिवार के बीच बांसगांव थाने में पंचायत हुई थी। तब लड़की की भाभी ने छेड़खानी की शिकायत करते हुए तहरीर दी थी। इस पर पुलिस ने बुलाया था। वहां जाने पर लड़की आरोप से मुकर गई थी, जिसके बाद दोनों परिवारों के बीच पुलिस ने समझौता कराया था।