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Gorakhpur News: जीडीए की सभी संपत्तियों की होगी ऑडिट
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गोरखपुर। गोरखपुर विकास प्राधिकरण (जीडीए) के उपाध्यक्ष अभिनव गोपाल ने मंगलवार को संपत्ति अनुभाग की साप्ताहिक समीक्षा बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए। उपाध्यक्ष ने जीडीए की सभी संपत्तियों के विस्तृत अभिलेख तैयार करने के लिए प्रॉपर्टी ऑडिट कराने का निर्देश दिया।
उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि प्रत्येक संपत्ति की वास्तविक स्थिति, उपयोगिता और मूल्यांकन का संपूर्ण विवरण तैयार किया जाए, जिससे भविष्य की योजनाओं और नीतिगत निर्णयों में पारदर्शिता सुनिश्चित हो सके। बैठक में ओटीएस (वन टाइम सेटलमेंट) योजना की प्रगति की समीक्षा की गई और इसकी प्रक्रिया को और तेज करने के निर्देश दिए गए।
उपाध्यक्ष ने निर्देश दिया कि प्राधिकरण की पुरानी योजनाओं में स्थित जिन व्यवसायिक दुकानों की स्थिति जीर्ण हो चुकी है या जिनकी लोकप्रियता कम हो गई है, उनका पुनर्विकास एवं जीर्णोद्धार कर उन्हें दोबारा आकर्षक रूप में विज्ञापित किया जाए। इसके साथ ही अनिस्तारित संपत्तियों के संबंध में शासनादेशों के अनुसार पुनर्मूल्यांकन कर उनके मूल्य निर्धारण में आवश्यकतानुसार कमी करने पर भी बल दिया गया, ताकि संपत्तियों का अधिक प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जा सके।
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उन्होंने पैडलेगंज के पास नया सवेरा क्षेत्र में स्थापित कियोस्कों के सुंदरीकरण के भी निर्देश दिए। इनमें आकर्षक पेंटिंग, फसाड लाइटिंग, सेल्फी पॉइंट, ग्रीन वॉल और बैठने की बेहतर व्यवस्था विकसित करने को कहा गया, जिससे यह स्थान पर्यटन की दृष्टि से और अधिक आकर्षक बन सके।
बैठक में प्रभारी अधिकारी संपत्ति प्रखर उत्तम, मुख्य वित्त एवं लेखाधिकारी एके कुशवाहा, सहायक संपत्ति अधिकारी सत्येंद्र सिंह, सहायक जनसंपर्क अधिकारी यशवंत सिंह आदि उपस्थित रहे।
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उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि प्रत्येक संपत्ति की वास्तविक स्थिति, उपयोगिता और मूल्यांकन का संपूर्ण विवरण तैयार किया जाए, जिससे भविष्य की योजनाओं और नीतिगत निर्णयों में पारदर्शिता सुनिश्चित हो सके। बैठक में ओटीएस (वन टाइम सेटलमेंट) योजना की प्रगति की समीक्षा की गई और इसकी प्रक्रिया को और तेज करने के निर्देश दिए गए।
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उपाध्यक्ष ने निर्देश दिया कि प्राधिकरण की पुरानी योजनाओं में स्थित जिन व्यवसायिक दुकानों की स्थिति जीर्ण हो चुकी है या जिनकी लोकप्रियता कम हो गई है, उनका पुनर्विकास एवं जीर्णोद्धार कर उन्हें दोबारा आकर्षक रूप में विज्ञापित किया जाए। इसके साथ ही अनिस्तारित संपत्तियों के संबंध में शासनादेशों के अनुसार पुनर्मूल्यांकन कर उनके मूल्य निर्धारण में आवश्यकतानुसार कमी करने पर भी बल दिया गया, ताकि संपत्तियों का अधिक प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जा सके।
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उन्होंने पैडलेगंज के पास नया सवेरा क्षेत्र में स्थापित कियोस्कों के सुंदरीकरण के भी निर्देश दिए। इनमें आकर्षक पेंटिंग, फसाड लाइटिंग, सेल्फी पॉइंट, ग्रीन वॉल और बैठने की बेहतर व्यवस्था विकसित करने को कहा गया, जिससे यह स्थान पर्यटन की दृष्टि से और अधिक आकर्षक बन सके।
बैठक में प्रभारी अधिकारी संपत्ति प्रखर उत्तम, मुख्य वित्त एवं लेखाधिकारी एके कुशवाहा, सहायक संपत्ति अधिकारी सत्येंद्र सिंह, सहायक जनसंपर्क अधिकारी यशवंत सिंह आदि उपस्थित रहे।