सम-विषम से दिख रहा फर्क, मौसम बदलने के साथ प्रदूषण स्तर में आई कमी
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राष्ट्रीय राजधानी में मौसम बदलने के साथ प्रदूषण स्तर में भी कमी दर्ज की जा रही है। तेज हवाओं के बीच शुक्रवार सप्ताह का सबसे कम प्रदूषण स्तर वाला दिन रहा।
वहीं दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण कमेटी (डीपीसीसी) की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक दिल्ली में कुल 74 स्थानों से एकत्र किए गए परिवेशी वायु गुणवत्ता में अधिकांश स्थानों पर पर्टिकुलेट मैटर 2.5 और पीएम 10 अपने तय मानकों के भीतर पाए गए।
इसके अलावा द एनर्जी एंड रिसोर्सेज इंस्टीट्यूट (टेरी) के मुताबिक भी हफ्ते के आखिरी दिनों में वायु प्रदूषण स्तर में कमी आई है। वहीं, सरकार ने कहा कि शुरुआती आंकड़ों में सम-विषम स्कीम से पर्यावरण पर फर्क दिख रहा है जबकि अंतिम निष्कर्ष कुछ दिन बाद ही संभव है।
ये रहा सीपीसीबी का रीयल टाइम डाटा
डीपीसीसी के मुताबिक, शुक्रवार को कुल 74 स्थानों में मोबाइल वैन के जरिए लिए गए हवा के नमूनों में 55 स्थानों पर पीएम 2.5 अपने सामान्य स्तर 60 माइक्रोग्राम प्रति क्यूबिक मीटर से कुछ अधिक 100 माइक्रोग्राम प्रति क्यूबिक मीटर तक दर्ज किया गया।
वहीं कुल 74 स्थानों में 21 स्थानों पर पीएम 10 सामान्य स्तर 100 माइक्रोग्राम प्रति क्यूबिक मीटर रहा। इसके अलावा 51 स्थानों पर 200 माइक्रोग्राम प्रति क्यूबिक मीटर तक दर्ज किया गया।
सीपीसीबी का रीयल टाइम डाटा
परिवेशी वायु गुणवत्ता यदि 100 तक ज्ञात हो तो वह अच्छी और संतोषजनक मानी जाती है। वहीं यदि आंकड़े 100 से 200 के बीच आए तो हवा की गुणवत्ता सामान्य मानी जाती है। यदि आंकड़े 200 को पार कर जाए तो हवा सेहत के लिए खराब मानी जाती है। शनिवार को सीपीसीबी के रीयल टाइम आंकड़ों के मुताबिक राजधानी में मिला-जुला असर दिखाई दिया।
आनंद विहार - सबसे खराब - 310
आरके पुरम - खराब - 270
पंजाबी बाग - खराब - 219
शादीपुर - खराब- 285
मंदिरमार्ग - सामान्य - 167
एनएसआईटी द्वारका - खराब- 226
- आंकड़े परिवेशी वायु गुणवत्ता को दर्शा रहे हैं।