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Noida News: हेरीटेज सिटी के लिए बाढ़ का आकलन करेगा यीडा
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माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। राया अर्बन सेंटर में प्रस्तावित हेरीटेज सिटी और बांके बिहारी कॉरिडोर से जोड़ने की योजना के सामने पिछले दिनों यमुना में आई बाढ़ बाधा बनी। बुधवार को लखनऊ में मुख्य सचिव एसपी गोयल की अध्यक्षता में हुई पीपीपी मॉडल के प्रस्तावों की बिड इवैल्युशन कमेटी की बैठक में टेंडर प्रक्रिया शुरू करने से पहले बाढ़ के दायरे का आकलन कराने के निर्देश दिए गए।
मुख्य सचिव ने कहा कि हेरीटेज सिटी और इसमें प्रस्तावित चार एकड़ के टूरिस्ट पिलग्रिम सेंटर पर काम शुरू करने से पहले बाढ़ का आकलन जरूरी है। पिछले दिनों बारिश के दौरान यमुना का जलस्तर बढ़ने से प्रस्तावित क्षेत्र के कुछ हिस्सों में पानी भर गया था। इसके लिए सिंचाई विभाग से भी रिपोर्ट लेने के निर्देश दिए गए हैं। इससे बाढ़ की स्थिति को बेहतर तरीके से समझने में मदद मिलेगी। यीडा के सीईओ राकेश कुमार सिंह भी बैठक में शामिल हुए और परियोजना से जुड़ी जानकारी साझा की।
बैठक में वित्तीय मुद्दों पर भी चर्चा हुई। मुख्य सचिव ने कहा कि टेंडर प्रक्रिया में लाइसेंस फीस को लेकर स्पष्टता होनी चाहिए। इसके लिए वित्त विभाग से आख्या लेने के निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि यह महत्वपूर्ण परियोजना है, इसलिए इसके तकनीकी और वित्तीय पहलुओं का ठीक से आकलन किया जाना जरूरी है। अधिकारियों को योजना में तेजी लाने के भी निर्देश दिए गए। ब्यूरो
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ग्रेटर नोएडा। राया अर्बन सेंटर में प्रस्तावित हेरीटेज सिटी और बांके बिहारी कॉरिडोर से जोड़ने की योजना के सामने पिछले दिनों यमुना में आई बाढ़ बाधा बनी। बुधवार को लखनऊ में मुख्य सचिव एसपी गोयल की अध्यक्षता में हुई पीपीपी मॉडल के प्रस्तावों की बिड इवैल्युशन कमेटी की बैठक में टेंडर प्रक्रिया शुरू करने से पहले बाढ़ के दायरे का आकलन कराने के निर्देश दिए गए।
मुख्य सचिव ने कहा कि हेरीटेज सिटी और इसमें प्रस्तावित चार एकड़ के टूरिस्ट पिलग्रिम सेंटर पर काम शुरू करने से पहले बाढ़ का आकलन जरूरी है। पिछले दिनों बारिश के दौरान यमुना का जलस्तर बढ़ने से प्रस्तावित क्षेत्र के कुछ हिस्सों में पानी भर गया था। इसके लिए सिंचाई विभाग से भी रिपोर्ट लेने के निर्देश दिए गए हैं। इससे बाढ़ की स्थिति को बेहतर तरीके से समझने में मदद मिलेगी। यीडा के सीईओ राकेश कुमार सिंह भी बैठक में शामिल हुए और परियोजना से जुड़ी जानकारी साझा की।
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बैठक में वित्तीय मुद्दों पर भी चर्चा हुई। मुख्य सचिव ने कहा कि टेंडर प्रक्रिया में लाइसेंस फीस को लेकर स्पष्टता होनी चाहिए। इसके लिए वित्त विभाग से आख्या लेने के निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि यह महत्वपूर्ण परियोजना है, इसलिए इसके तकनीकी और वित्तीय पहलुओं का ठीक से आकलन किया जाना जरूरी है। अधिकारियों को योजना में तेजी लाने के भी निर्देश दिए गए। ब्यूरो
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