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बसें नहीं चलने से छात्रों को स्कूल जाने में हो रही दिक्कत
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पुन्हाना। सरकार के आदेशों पर मेवात डेवलपमेंट बोर्ड द्वारा जिले में संचालित 8 मेवात मॉडल स्कूलों में 6वीं से 12वीं तक की कक्षाएं सोमवार से शुरू हो गई हैं। लेकिन, अब तक स्कूल बसों की सुविधा शुरू न होने से बच्चों को स्कूल जाने में काफी दिक्कतें हो रही हैं। इस कारण अभिभावकों में भी खासी नाराजगी है। वहीं, बजट न होने की वजह से स्कूलों के 361 अध्यापकों और कर्मचारियों को पिछले 5 माह से वेतन नहीं मिला है, जिससे अध्यापकों में रोष है।
जिले के पुन्हाना, खानपुर घाटी, नगीना, फिरोजपुर झिरका, मढ़ी, नूंह, तावडू आदि जगहों पर मेवात डेवलपमेंट बोर्ड द्वारा इन स्कूलों को संचालित किया जा रहा है। मेवात डेवलपमेंट बोर्ड के चेयरमैन राज्यपाल हैं। इन स्कूलों की देखभाल की जिम्मेदारी मेवात विकास एजेंसी (एमडीए) पर है। सभी स्कूलों में करीब 7300 बच्चे शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं, जिनमें से करीब 3 हजार छात्र-छात्राएं बसों से स्कूल पहुंचते हैं। बच्चों को गांव से लाने के लिए 24 बसें हैं। इनमें से 6 बसें स्कूलों की अपनी हैं और 18 बसें अनुबंध पर हैं। अभिभावक एवं कांग्रेस युवा जिलाध्यक्ष मुबारिक नोटकी ने कहा कि उनकी दो लड़कियां मेवात मॉडल स्कूल नगीना में पढ़ती हैं। इसके अलावा गांव नोटकी, गुमट, उलेटा, करहेड़ा आदि गांवों के बच्चे भी बसों से ही स्कूल जाते हैं। सरकार ने स्कूल तो खोल दिए, लेकिन गांवों से बच्चों को लाने के लिए बसें शुरू नहीं की। इस कारण अधिकतर परिजन बच्चों को स्कूल नहीं भेज पा रहे हैं। उनका कहना है कि सरकार को स्कूल खोलने से पहले बसों का प्रबंध करना चाहिए था। जबकि, एमडीए ने अभिभावकों से पहले ही बसों की फीस ले ली है।
एमडीए के शिक्षा अधिकारी योगेंद्र ने बताया कि जिले के सभी स्कूल 6वीं से 12वीं तक सोमवार से खोल दिए गए हैं। बच्चों को गांवों से स्कूल लाने के लिए 24 बसें लगा रखी हैं। इनमें से 18 बसें अनुबंध पर हैं। बसों का अनुबंध 30 सितंबर 2020 तक था, जो खत्म हो चुका है। बजट न होने की वजह से अब तक बसों के लिए टेंडर नहीं निकाले गए हैं। बजट मिलते ही टेंडर निकाले जाएंगे।
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5 माह से अध्यापकों को नहीं मिला वेतन
मेवात मॉडल स्कूल वेलफेयर एसोसिएशन के प्रधान सतीश खटाना ने बताया कि एमडीए द्वारा संचालित 8 स्कूलों में कार्यरत करीब 361 अध्यापकों और कर्मचारियों को पिछले 5 माह से वेतन नहीं मिला है। इस कारण घर चलाना भी मुश्किल हो गया है। वेतन दिलाने की मांग के संबंध में कई बार जिला उपायुक्त के माध्यम से सरकार को ज्ञापन सौंप चुके हैं, लेकिन अब तक कोई सुनवाई नहीं हुई।
जल्द शुरू कराई जाएंगी बसें : उपायुक्त
जिला उपायुक्त एवं मेवात विकास एजेंसी के सीईओ धीरेंद्र खड़गटा का कहना है कि सभी कर्मचारियों का वेतन एक सप्ताह में जारी कर दिया जाएगा। सरकार ने करीब 19 करोड़ का बजट जारी कर दिया है। जल्द ही बसें शुरू कराई जाएंगी, जिससे देहात के बच्चे स्कूलों तक पहुंच सकें।
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जिले के पुन्हाना, खानपुर घाटी, नगीना, फिरोजपुर झिरका, मढ़ी, नूंह, तावडू आदि जगहों पर मेवात डेवलपमेंट बोर्ड द्वारा इन स्कूलों को संचालित किया जा रहा है। मेवात डेवलपमेंट बोर्ड के चेयरमैन राज्यपाल हैं। इन स्कूलों की देखभाल की जिम्मेदारी मेवात विकास एजेंसी (एमडीए) पर है। सभी स्कूलों में करीब 7300 बच्चे शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं, जिनमें से करीब 3 हजार छात्र-छात्राएं बसों से स्कूल पहुंचते हैं। बच्चों को गांव से लाने के लिए 24 बसें हैं। इनमें से 6 बसें स्कूलों की अपनी हैं और 18 बसें अनुबंध पर हैं। अभिभावक एवं कांग्रेस युवा जिलाध्यक्ष मुबारिक नोटकी ने कहा कि उनकी दो लड़कियां मेवात मॉडल स्कूल नगीना में पढ़ती हैं। इसके अलावा गांव नोटकी, गुमट, उलेटा, करहेड़ा आदि गांवों के बच्चे भी बसों से ही स्कूल जाते हैं। सरकार ने स्कूल तो खोल दिए, लेकिन गांवों से बच्चों को लाने के लिए बसें शुरू नहीं की। इस कारण अधिकतर परिजन बच्चों को स्कूल नहीं भेज पा रहे हैं। उनका कहना है कि सरकार को स्कूल खोलने से पहले बसों का प्रबंध करना चाहिए था। जबकि, एमडीए ने अभिभावकों से पहले ही बसों की फीस ले ली है।
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एमडीए के शिक्षा अधिकारी योगेंद्र ने बताया कि जिले के सभी स्कूल 6वीं से 12वीं तक सोमवार से खोल दिए गए हैं। बच्चों को गांवों से स्कूल लाने के लिए 24 बसें लगा रखी हैं। इनमें से 18 बसें अनुबंध पर हैं। बसों का अनुबंध 30 सितंबर 2020 तक था, जो खत्म हो चुका है। बजट न होने की वजह से अब तक बसों के लिए टेंडर नहीं निकाले गए हैं। बजट मिलते ही टेंडर निकाले जाएंगे।
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5 माह से अध्यापकों को नहीं मिला वेतन
मेवात मॉडल स्कूल वेलफेयर एसोसिएशन के प्रधान सतीश खटाना ने बताया कि एमडीए द्वारा संचालित 8 स्कूलों में कार्यरत करीब 361 अध्यापकों और कर्मचारियों को पिछले 5 माह से वेतन नहीं मिला है। इस कारण घर चलाना भी मुश्किल हो गया है। वेतन दिलाने की मांग के संबंध में कई बार जिला उपायुक्त के माध्यम से सरकार को ज्ञापन सौंप चुके हैं, लेकिन अब तक कोई सुनवाई नहीं हुई।
जल्द शुरू कराई जाएंगी बसें : उपायुक्त
जिला उपायुक्त एवं मेवात विकास एजेंसी के सीईओ धीरेंद्र खड़गटा का कहना है कि सभी कर्मचारियों का वेतन एक सप्ताह में जारी कर दिया जाएगा। सरकार ने करीब 19 करोड़ का बजट जारी कर दिया है। जल्द ही बसें शुरू कराई जाएंगी, जिससे देहात के बच्चे स्कूलों तक पहुंच सकें।