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ओवैस आलम को रिमांड पर लेगी पुलिस, एटीएस भी करेगी पूछताछ
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नोएडा।। फर्जी टेलीफोन एक्सचेंज मामले में मुख्य आरोपी ओवैस आलम को पुलिस एक बार फिर से रिमांड पर लेने की तैयारी कर रही है। सोमवार को पुलिस कोर्ट में अर्जी दाखिल कर सकती है। पुलिस के साथ ही अब इस प्रकरण में एटीएस भी सक्रिय हो गई है। माना जा रहा है कि एटीएस भी आरोपी से पूछताछ करेगी। कोतवाली सेक्टर-58 पुलिस ने बीते माह एक फर्जी टेलीफोन एक्सचेंज का खुलासा किया था। मामले में मुख्य आरोपी ओवैस आलम समेत तीन को गिरफ्तार किया गया था।
पूछताछ में पता चला था कि आरोपी अंतरराष्ट्रीय कॉल को सर्वर के माध्यम से लोकल कॉल में बदल देते थे। इसकी जानकारी भारत सरकार और दूरसंचार मंत्रालय को भी नहीं होती थी। इस तरह से आरोपी भारत सरकार को प्रति महीने 25 लाख रुपये का नुकसान पहुंचा रहे थे। इससे देश की आंतरिक सुरक्षा पर खतरा भी बढ़ रहा था। इस खुलासे के अगले दिन ही दिन सेक्टर-63 में भी इसी गिरोह का एक और फर्जी टेलीफोन एक्सचेंज का खुलासा हुआ। इसमें एक आरोपी को पकड़ा गया है। देश की आंतरिक सुरक्षा से जुड़े होने के कारण इस मामले में आईबी की टीम लगातार जांच कर रही है। गिरफ्तारी के दौरान तीनों आरोपियों से आईबी ने अलग से पूछताछ की थी।
अनिल-भानू की तलाश में पुलिस दे रही दबिश
एमबीबीएस में दाखिले के नाम पर करोड़ों का घोटाला करने वाले गिरोह के मुख्य आरोपियों तक पुलिस पहुंच गई है। मुख्य आरोपी कन्नौज निवासी अनिल उर्फ कलुआ और फर्रुखाबाद निवासी भानू प्रताप उर्फ भूरा हैं। पुलिस की माने तो दोनों गैंग के मुख्य कर्ता-धर्ता हैं। पूर्व में गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के बाद पुलिस को इन बदमाशों के नाम मिले हैं। एसीपी रजनीश वर्मा ने बताया कि भूरा और कलुआ की तलाश में उनके घरों पर पुलिस टीम भेजी गई थी, लेकिन दोनों नहीं मिले। पुलिस दोनों की गिरफ्तारी के लिए अब संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।
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पूछताछ में पता चला था कि आरोपी अंतरराष्ट्रीय कॉल को सर्वर के माध्यम से लोकल कॉल में बदल देते थे। इसकी जानकारी भारत सरकार और दूरसंचार मंत्रालय को भी नहीं होती थी। इस तरह से आरोपी भारत सरकार को प्रति महीने 25 लाख रुपये का नुकसान पहुंचा रहे थे। इससे देश की आंतरिक सुरक्षा पर खतरा भी बढ़ रहा था। इस खुलासे के अगले दिन ही दिन सेक्टर-63 में भी इसी गिरोह का एक और फर्जी टेलीफोन एक्सचेंज का खुलासा हुआ। इसमें एक आरोपी को पकड़ा गया है। देश की आंतरिक सुरक्षा से जुड़े होने के कारण इस मामले में आईबी की टीम लगातार जांच कर रही है। गिरफ्तारी के दौरान तीनों आरोपियों से आईबी ने अलग से पूछताछ की थी।
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अनिल-भानू की तलाश में पुलिस दे रही दबिश
एमबीबीएस में दाखिले के नाम पर करोड़ों का घोटाला करने वाले गिरोह के मुख्य आरोपियों तक पुलिस पहुंच गई है। मुख्य आरोपी कन्नौज निवासी अनिल उर्फ कलुआ और फर्रुखाबाद निवासी भानू प्रताप उर्फ भूरा हैं। पुलिस की माने तो दोनों गैंग के मुख्य कर्ता-धर्ता हैं। पूर्व में गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के बाद पुलिस को इन बदमाशों के नाम मिले हैं। एसीपी रजनीश वर्मा ने बताया कि भूरा और कलुआ की तलाश में उनके घरों पर पुलिस टीम भेजी गई थी, लेकिन दोनों नहीं मिले। पुलिस दोनों की गिरफ्तारी के लिए अब संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।
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