{"_id":"690641780ccf4100cd06e13f","slug":"collectorate-bar-association-will-not-work-for-two-days-grnoida-news-c-23-1-lko1064-79410-2025-11-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Noida News: कलेक्ट्रेट बार एसोसिएशन दो दिन नहीं करेगी काम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Noida News: कलेक्ट्रेट बार एसोसिएशन दो दिन नहीं करेगी काम
विज्ञापन
जिलाधिकारी से वार्ता नहीं होने पर अधिवक्ताओं में नाराजगी, तीन और चार नवंबर को डीएम कार्यालय में नहीं करेंगे न्यायिक कार्य
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। सूरजपुर स्थित डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन कलेक्ट्रेट की शनिवार को बैठक हुई। बैठक की अध्यक्षता बार अध्यक्ष मनोज कुमार नागर व संचालन महासचिव महेन्द्र सिंह ने किया। बैठक में अधिवक्ताओं ने कहा कि तहसील सदर, दादरी और जेवर में व्यापक स्तर पर भ्रष्टाचार फैला हुआ है। आरोप है कि तहसील के कुछ अधिकारी, कर्मचारी और प्राइवेट एजेंट बिना पैसे के कोई भी कार्य नहीं करते है। जिससे लोगों का उत्पीड़न हो रहा है। बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने बताया कि उन्होंने इस विषय पर जिलाधिकारी गौतमबुद्धनगर से मिलने के लिए समय मांगा था। लेकिन जिलाधिकारी की ओर से वार्ता नहीं की गई। अब अधिवक्ताओं ने सर्वसम्मति से 3 और 4 नवंबर को प्रतीकात्मक विरोध के रूप में जिलाधिकारी न्यायालय एवं कार्यालय में न्यायिक कार्यों से दूर रहने का फैसला लिया है। अन्य न्यायालयों में कार्य पूर्व की भांति जारी रहेगा। एसोसिएशन ने चेतावनी दी कि यदि दो दिनों में जिलाधिकारी द्वारा वार्ता कर कोई ठोस समाधान नहीं निकाला गया, तो अधिवक्ता विवश होकर संपूर्ण न्यायालयों का बहिष्कार कर शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन और आंदोलन शुरू करेंगे।
विज्ञापन
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। सूरजपुर स्थित डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन कलेक्ट्रेट की शनिवार को बैठक हुई। बैठक की अध्यक्षता बार अध्यक्ष मनोज कुमार नागर व संचालन महासचिव महेन्द्र सिंह ने किया। बैठक में अधिवक्ताओं ने कहा कि तहसील सदर, दादरी और जेवर में व्यापक स्तर पर भ्रष्टाचार फैला हुआ है। आरोप है कि तहसील के कुछ अधिकारी, कर्मचारी और प्राइवेट एजेंट बिना पैसे के कोई भी कार्य नहीं करते है। जिससे लोगों का उत्पीड़न हो रहा है। बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने बताया कि उन्होंने इस विषय पर जिलाधिकारी गौतमबुद्धनगर से मिलने के लिए समय मांगा था। लेकिन जिलाधिकारी की ओर से वार्ता नहीं की गई। अब अधिवक्ताओं ने सर्वसम्मति से 3 और 4 नवंबर को प्रतीकात्मक विरोध के रूप में जिलाधिकारी न्यायालय एवं कार्यालय में न्यायिक कार्यों से दूर रहने का फैसला लिया है। अन्य न्यायालयों में कार्य पूर्व की भांति जारी रहेगा। एसोसिएशन ने चेतावनी दी कि यदि दो दिनों में जिलाधिकारी द्वारा वार्ता कर कोई ठोस समाधान नहीं निकाला गया, तो अधिवक्ता विवश होकर संपूर्ण न्यायालयों का बहिष्कार कर शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन और आंदोलन शुरू करेंगे।