केंद्र के कर्मचारी जैसा व्यवहार न करें नजीब जंग : जस्टिस अग्रवाल
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दिल्ली के उपराज्यपाल नजीब जंग सीएनजी वाहन फिटनेस घोटाले की जांच कर रहे जस्टिस एसएन अग्रवाल आयोग का सहयोग नहीं करेंगे। उपराज्यपाल ने जस्टिस एसएन अग्रवाल को खत लिखकर कहा है कि आपके आयोग को केंद्रीय गृह मंत्रालय ने 21 अगस्त को एक पत्र भेजकर अवैध घोषित किया है।
मैं वैधानिक रूप से गृह मंत्रालय के आदेश का पालन करने के लिए बाध्य हूं, इसलिए इस मामले में आपका सहयोग करने में असमर्थ हूं।
उपराज्यपाल नजीब जंग ने जस्टिस एसएन अग्रवाल की ओर से 30 दिसंबर को भ्रष्टाचार निरोधक शाखा की तरफ से सहयोग नहीं किए जाने के मामले में हस्तक्षेप करने की मांग में लिखे गए पत्र के जवाब में ये बातें लिखी हैं।
केजरीवाल का आरोप, एलजी को बचाने के लिए अवैध करार दिया
अग्रवाल ने लिखा था कि एलजी एसीबी चीफ मुकेश मीणा को सीएनजी घोटाले से जुड़े दस्तावेज जांच टीम को सौंपने का निर्देश दें। उपराज्यपाल ने केंद्र सरकार से आयोग को अवैध करार दिए जाने के बाद दिल्ली सरकार के वित्त विभाग को पत्र लिखकर आर्थिक सहायता या अन्य सहयोग देने को मना किया था।
इस पर जस्टिस एसएन अग्रवाल ने मामला उच्च न्यायालय में होने का हवाला देकर सहयोग मांगा था। दिल्ली सरकार ने इस आयोग का गठन करने के दौरान कई बार उपराज्यपाल के मामले में शामिल होने का आरोप लगाया था।
इतना ही नहीं इसमें कहा गया था कि केंद्र सरकार ने सीएनजी वाहन फिटनेस घोटाला मामले में उपराज्यपाल को बचाने के लिए आयोग को अवैध करार दिया है।