50 से ज्यादा जानवरों को सहारा देने वाली 'कुत्तोंवाली अम्मा' के घर पर चला बुलडोजर
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लोगों के बीच मशहूर 65 वर्षीय 'कुत्तोंवाली अम्मा' प्रतिमा देवी का कठपुतली कॉलोनी में बुल्डोजर चलने के वजह से घर तोड़ दिया गया। 1984 से ही वह साकेत के पीवीआर अनुपम कॉम्प्लेक्स की बस्ती में रहती थीं।
बता दें कि वह लोगों में कुत्तों वाली अम्मा के नाम से इसलिए मशहूर थी क्योंकि उन्होंने लगभग 50 कुत्ते और बिल्लियों को पाल रखा था। वो इन पशुओं का भरण-पोषण कूड़ा बिन कर कामए गए पैसों से करती थीं।
सोमवार को साउथ दिल्ली मुनीसिपल कॉरपोरेशन (एसडीएमसी) ने उनके घर को तोड़ कर तबाह कर दिया और इसका कारण 'कब्जा' बताया। एसडीएमसी के मेयर कमलजीत शेहरावत ने बताया कि निकट के आरडब्लूए ने कई बार शिकायत की है कि प्रतिमा देवी ने क्षेत्र पर कब्जा जमा लिया है और उनके कुत्ते क्षेत्र में बहुत परेशानियां खड़ी करते हैं।
प्रतिमा देवी घर खाली करवाने का कोई नोटिस नहीं मिला था
नंदीग्राम निवासी प्रतिमा देवी घटना को याद करते हुए कहती हैं कि उनको इस बात का कोई नोटिस नहीं मिला था। पुलिस वालों ने घर खाली करने के लिए केवल 20 मिनट का समय मुझे दिया था।
उन्होंने मेरा सारा सामान ले लिया। कुत्तों के पिंजरे और उनके बिस्तर भी उन लोगों ने ले लिए। कुत्ते बहुत ही ज्यादा डरे हुए हैं और कुछ तो इलाके को छोड़ कर भाग गए और अबतक वापस नहीं आए।
उन्होंने आगे बताया कि घर खाली करवाने के लिए कोई महिला पुलिस नहीं आई थी सिर्फ पुरुष थे जिन्होंने मुझे खींच कर घर से निकाला। मैं बिमार हूं और मेरा शरीर बहुत दर्द करता है। एसडीएमसी के अधिकारी ने कहा कि हमने प्रतिमा देवी को बहुत बार नोटिस भेजा था ये बताने के लिए के कार्यवाई की जाएगी।
लेकिन देवी बार-बार यही कहती रहीं कि उनको कोई नोटिस नहीं आया था। हालांकि, तोड़फोड़ के बाद अंबिका शुक्ला जैसे पशु अधिकार कार्यकर्ताओं की ओर से खाना, बिस्तर और कुत्तों के लिए पिंजरे के रूप में प्रतिमा देवी को मदद प्राप्त हुई।