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Gurugram News: इस बार दाखिला फीस नहीं बढ़ा सकेंगे विवि
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इस बार दाखिला फीस नहीं बढ़ा सकेंगे विश्वविद्यालय
एनईपी आधारित कोर्स फ्रेमवर्क लागू करने में लगेंगे अधिक संसाधन
डीएचई ने पूर्व में जारी फीस विवरण पर ही दाखिला देने के निर्देश दिए
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। केंद्रीकृत पोर्टल पर 17 जून से ऑनलाइन दाखिला आवेदन पुराने फीस ढांचे के आधार पर ही होंगे। उच्च शिक्षा निदेशालय (डीएचई) ने दाखिला शेड्यूल के साथ ही विश्वविद्यालयों को इस सत्र में फीस नहीं बढ़ाने के निर्देश जारी कर दिए हैं। शैक्षणिक सत्र से नई शिक्षा नीति भी यूजी कोर्स में चरणबद्ध तरीके से लागू करनी होगी। ऐसे में छात्रों को दोहरा फायदा होगा। अधिक संसाधन और कोर्स विकल्प के साथ पुराने शैक्षणिक सत्र की फीस में ही वह नए सत्र में मिलने वाले फायदों का लाभ ले सकेंगे।
छात्रों को इस बार यूजी में मेजर और माइनर विषय का विकल्प भी चुनने का मौका मिलेगा। कॉलेजवार मेजर माइनर विषय आधारित कोर्स का विवरण ऑनलाइन दाखिले के समय ही पोर्टल पर मौजूद होगा। यूजी कोर्स दाखिले में मेजर विषय का अर्थ डिग्री के मूल विषय से है। माइनर विषय मूल विषय के साथ पढ़ा जाने वाला विषय है। एनईपी के तहत बहु विषयक (मल्टीडिसीप्लिनरी) कोर्स का विकल्प केवल मेजर विषय में मिलेगा। इसके लिए कॉलेज अपने स्तर पर विषय संयोजन कर पोर्टल के जरिए एनईपी मापकों को पूरा करते हुए जानकारी निदेशालय को सौंप चुके हैं। अलग-अलग कॉलेज अपने स्तर पर यह कोर्स व संभव विषय संयोजन चुनेंगे।
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डीएचई की ओर से जारी सभी दिशानिर्देश की पालना की जा रही है। चरणबद्ध तरीके से कोर्स में सभी बदलाव लागू किए जाएंगे। - दिनेश कुमार, कुलपति, गुरुग्राम विवि
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एनईपी आधारित कोर्स फ्रेमवर्क लागू करने में लगेंगे अधिक संसाधन
डीएचई ने पूर्व में जारी फीस विवरण पर ही दाखिला देने के निर्देश दिए
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। केंद्रीकृत पोर्टल पर 17 जून से ऑनलाइन दाखिला आवेदन पुराने फीस ढांचे के आधार पर ही होंगे। उच्च शिक्षा निदेशालय (डीएचई) ने दाखिला शेड्यूल के साथ ही विश्वविद्यालयों को इस सत्र में फीस नहीं बढ़ाने के निर्देश जारी कर दिए हैं। शैक्षणिक सत्र से नई शिक्षा नीति भी यूजी कोर्स में चरणबद्ध तरीके से लागू करनी होगी। ऐसे में छात्रों को दोहरा फायदा होगा। अधिक संसाधन और कोर्स विकल्प के साथ पुराने शैक्षणिक सत्र की फीस में ही वह नए सत्र में मिलने वाले फायदों का लाभ ले सकेंगे।
छात्रों को इस बार यूजी में मेजर और माइनर विषय का विकल्प भी चुनने का मौका मिलेगा। कॉलेजवार मेजर माइनर विषय आधारित कोर्स का विवरण ऑनलाइन दाखिले के समय ही पोर्टल पर मौजूद होगा। यूजी कोर्स दाखिले में मेजर विषय का अर्थ डिग्री के मूल विषय से है। माइनर विषय मूल विषय के साथ पढ़ा जाने वाला विषय है। एनईपी के तहत बहु विषयक (मल्टीडिसीप्लिनरी) कोर्स का विकल्प केवल मेजर विषय में मिलेगा। इसके लिए कॉलेज अपने स्तर पर विषय संयोजन कर पोर्टल के जरिए एनईपी मापकों को पूरा करते हुए जानकारी निदेशालय को सौंप चुके हैं। अलग-अलग कॉलेज अपने स्तर पर यह कोर्स व संभव विषय संयोजन चुनेंगे।
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डीएचई की ओर से जारी सभी दिशानिर्देश की पालना की जा रही है। चरणबद्ध तरीके से कोर्स में सभी बदलाव लागू किए जाएंगे। - दिनेश कुमार, कुलपति, गुरुग्राम विवि
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