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Gurugram News: पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ने से आम लोगों और किसानों की मुश्किलें बढ़ीं

Sun, 24 May 2026 07:09 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Sun, 24 May 2026 07:09 PM IST
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The rise in petrol and diesel prices has increased the difficulties of the common people and farmers.
संवाद न्यूज एजेंसी
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मानेसर। पश्चिम एशिया में चल रहे संकट का असर अब पेट्रोल और डीजल की कीमतों पर भी दिखाई दे रहा है। पिछले 10 से 11 दिनों में शहर में तीन बार ईंधन के दाम बढ़े हैं, जिससे आम लोगों और किसानों की परेशानी बढ़ी है। शहर में अब पेट्रोल की कीमत बढ़कर 100.37 रुपये प्रति लीटर और डीजल की कीमत 92.01 रुपये प्रति लीटर तक पहुंच गई है। लगातार बढ़ती कीमतों से वाहन चालकों का बजट बिगड़ गया है और रोजमर्रा के खर्चों में भी इजाफा हो रहा है।

सबसे ज्यादा असर किसानों पर पड़ा है। डीजल महंगा होने के कारण ट्रैक्टर चलाना और खेती से जुड़े काम महंगे हो गए हैं। किसान बुवाई, खेत की जुताई, पानी की सप्लाई और फसल ढुलाई जैसे कामों में ट्रैक्टर और अन्य मशीनों का इस्तेमाल करते हैं। किसानों का कहना है कि पहले ही खेती में लागत अधिक है और अब डीजल की कीमत बढ़ने से उनका मुनाफा और कम हो रहा है। छोटे किसानों पर इसका ज्यादा असर पड़ रहा है, जो पहले से ही आर्थिक दबाव में हैं। लोगों ने सरकार से मांग की है कि पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमतों पर नियंत्रण किया जाए, ताकि आम जनता और किसानों को राहत मिल सके।
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वर्जन---
खेती में सबसे अधिक खर्च डीजल पर होता है। ट्रैक्टर और मशीनों के लिए डीजल जरूरी है। डीजल महंगा होने से खेती की लागत बढ़ गई है। -नवीन यादव, किसान

पेट्रोल और डीजल के दाम बढ़ते रहे, तो खेती करना मुश्किल होगा। बढ़ती लागत से छोटे और मध्यम किसान अधिक प्रभावित हो रहे हैं। -सुरेन्द्र गुलिया, किसान

किसानों की अपील है कि सरकार खेती में उपयोगी ईंधन की कीमतों को नियंत्रित करे और किसानों के राहत के लिए प्रभावी कदम उठाए। -चौधरी विजय पहलवान, किसान

डीजल महंगा होने से सिंचाई करना मुश्किल हो गया है। धान का बीज डालने का समय नजदीक है, लेकिन बढ़ती लागत परेशानी बढ़ा रही है। -सत्यनारायण यादव, किसान
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