फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Gurugram News ›   Permission to demolish five unsafe towers of Chintels Paradiso Society located

बड़ी खबर: नोएडा ट्विन टावर की तरह गुरुग्राम की नामी सोसाइटी पर एक्शन, मिली मंजूरी; सात टीमें रखेंगी नजर

Mon, 17 Jun 2024 07:55 AM IST
अनुज कुमार अमर उजाला ब्यूरो, गुरुग्राम
अमर उजाला ब्यूरो, गुरुग्राम Published by: अनुज कुमार Updated Mon, 17 Jun 2024 07:55 AM IST
सार

गुरुग्राम में चिंटेल्स पैराडाइसो सोसाइटी के असुरक्षित पांच टावरों को तोड़ने के लिए प्रशासन ने मंजूरी दे दी है। प्रशासन ने सात विभागों की टीमें बना दी थीं। दस दिन के अंदर छोटी मशीनों से टॉवरों को तोड़ने के काम में तेजी लाई जाएगी।

विज्ञापन
Permission to demolish five unsafe towers of Chintels Paradiso Society located
सांकेतिक तस्वीर। - फोटो : फ्रीपिक

विस्तार

सेक्टर-109 स्थित चिंटेल्स पैराडाइसो सोसाइटी के असुरक्षित पांच टावरों को तोड़ने से पहले चौखट, दरवाजे, खिड़की और पाइप समेत अन्य सामान निकाल लिए गए हैं। दस दिन के अंदर छोटी मशीनों से टॉवरों को तोड़ने के काम में तेजी लाई जाएगी। 

विज्ञापन


चिंटेल्स इंडिया के उपाध्यक्ष जेएन यादव ने बताया कि असुरक्षित टावरों को तोड़ने के लिए उपायुक्त से मंजूरी पहले मिल चुकी थी। उनका कहना है कि कंपनी ने पांच टावरों के फ्लैटों में लगी खिड़कियों, पाइप, दरवाजे, फायर सिस्टम समेत अन्य सामानों को निकाल लिया है। अब उन्हें तोड़ने का काम तेजी से होगा। जेएन यादव ने बताया कि कंपनी से टीमों की संख्या बढ़ाने को कहा गया है। 
विज्ञापन


उन्होंने बताया कि पहले 10-12 मंजिला टावरों को तोड़ा जाएगा। इसके लिए छोटी मशीनों को प्रयोग में लाया जाएगा। उपाध्यक्ष ने बताया कि एडिफिस कंपनी को टावरों को तोड़ने का ठेका दिया गया है। दस दिन में यह कार्य तेजी से होगा। कंपनी के अनुसार इस कार्य में आठ माह तक का समय लग सकता है। अभी जे टावर को खाली कराया जाना है, इसे लेकर भी काम चल रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


चिंटेल्स पैराडाइसो सोसाइटी आरडब्ल्यूए के प्रधान राकेश हुड्डा ने बताया कि चिंटेल्स के असुरक्षित टावरों में डी, ई, एफ, जी और एच को तोड़ा जाना है। उन्होंने बताया कि इन टावरों के फ्लैटों से निकाले जाने वाली सामानों को हटा दिया गया है। प्रशासन ने पहले प्रभावितों को किराया तय कर दिया है। उन्होंने कहा कि बिल्डर को जल्द ही टावरों को बड़े स्तर पर तुड़वाने का काम करन चाहिए। हुड्डा ने बताया कि बिल्डर ने दस दिन में काम में तेजी लाने की बात कही है।

बीते वर्ष 10 फरवरी को टावर डी में हुए हादसे में दो महिलाओं की जान चली गई थी। उसके बाद आईआईटी दिल्ली की टीम को टावरों के संरचनात्मक ऑडिट की जिम्मेदारी दी गई थी। इसके बाद इन टावरों को तोड़ा जा रहा है।


सात टीमें रखेंगी नजर
बिल्डर ने टावरों को तोड़ने को लेकर जिला प्रशासन से मंजूरी मांगी थी। इसके बाद प्रशासन ने सात विभागों की टीमें बना दी थीं। इसमें जिला योजनाकार विभाग, नगर निगम, दमकल , लोक निर्माण , प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, पुलिस और आपदा प्रबंधन विभाग शामिल हैं। इन विभागों की टीमें तोड़फोड़ पर नजर रखेंगी। जैसे तोड़फोड़ के दौरान प्रदूषण को लेकर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की टीम नजर रखेगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed