फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Gurugram News ›   Once upon a time, he saved sixes from the enemies on the border, now he is filled with inspiration with patriotic songs.

Gurugram News: कभी सीमा पर दुश्मनों के छक्के छुड़ाए, अब देश भक्ति गीतों से भर रहे प्रेरणा

Thu, 25 Jan 2024 11:50 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Thu, 25 Jan 2024 11:50 PM IST
विज्ञापन
Once upon a time, he saved sixes from the enemies on the border, now he is filled with inspiration with patriotic songs.
फोटो
विज्ञापन

1971 में पाकिस्तान के खिलाफ सीमा पर लड़ाई में शामिल थे कर्नल आरसी चड्ढा
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। सेक्टर-17 ए में रहने वाले कर्नल आरसी चड्ढा ने तीन प्रमुख अभियानों में हिस्सा लिया। वे 1971 में पाकिस्तान के खिलाफ सीमा पर लड़ाई में शामिल हुए। असम में उल्फ उग्रवादियों के साथ उनकी कार्रवाई के लिए उनके ब्रिगेडियर ने सराहना का पत्र दिया था। करगिल युद्ध में भी वे शामिल थे। तीन युद्धों के जाबांज कर्नल अब संगीत और समाज सेवा से शहर को संवार रहे हैं।

सेवानिवृत्ति के बाद अपनी गायकी को मांज कर उसे समाज के लिए समर्पित कर रहे हैं। वरिष्ठ नागरिकों के कार्यक्रमों में खासतौर पर उनके कार्यक्रम आयोजित होते रहे हैं। ग्लोबल कल्चरल फाउंडेशन जैसे संगठन बनाकर उन्होंने गैर प्रोफेशनल गायकों और शहर में संगीत नृत्य का शौक रखने युवाओं को जोड़ कार्यक्रमों की शृंखला पेश करते रहे हैं। कर्नल चड्ढा के कार्यक्रम नि:शुल्क होते रहे हैं। वे 1971 में भारत पाक युद्ध के दौरान जम्मू कश्मीर में तैनात थे। उन्होंने आमने सामने की लड़ाई लड़ी। वे बताते हैं कि उनकी टुकड़ी ने दुश्मन के 35 सैनिकों को ढेर किया। कर्नल असम में उल्फा उग्रवादियों को अपनी चतुराई और बुद्धिमता से पकड़ने वाली घटनाओं को याद करते हुए बताते हैं कि उल्फा उग्रवादियों के ठिकानों का कुछ पता नहीं था। उन्हें टुकड़ियों में बांट दिया गया। उन्होंने रात के वक्त वहां के स्थानीय थाने में एसएचओ को पकड़ कर बुद्धिमतापूर्ण तरीके से एक फाइल हासिल की। जिसमें सारे उल्फा उग्रवादियों के पते थे। फिर उन्हें लेकर उनके कमांडर को पकड़ा जोकि वहां एक सरकारी कर्मचारी थे। इसके बाद उसको दबाव में लाकर बाकी उग्रवादियों के ठिकाने ढूंढे। सेना को स्थानीय जानकारियां नहीं होने पर कुछ पता नहीं चलता। ऐसे में जान का जोखिम में पड़ सकती है। उस कार्य में उनकी बुद्धिमानी की सराहना उनके ब्रिगेडियर ने की थी और उनके लिए प्रशंसा पत्र भेजा था। कर्नल आरसी चड़्ढा ने रेवाड़ी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समक्ष देश भक्ति गीतों का कार्यक्रम प्रस्तुत किया था। प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से उन्हें एक कार्यक्रम में आमंत्रित किया गया और मेट्रो के उद्धाटन के कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री ने कर्नल चड्ढा से मुलाकात कर उनकी सराहना की थी।
विज्ञापन

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed