फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Gurugram News ›   Five people got life from brain dead person's organ donation

Gurugram News: ब्रेन डेड व्यक्ति के अंगदान से मिला पांच लोगों को जीवनदान

Fri, 05 May 2023 12:17 AM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Fri, 05 May 2023 12:17 AM IST
विज्ञापन
Five people got life from brain dead person's organ donation
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

गुरुग्राम। दिल्ली के रहने वाले 62 वर्षीय विजय मेनन अब इस दुनिया में नहीं हैं, लेकिन उनके अंग पांच लोगों के शरीर में उनको जिंदगी दे रहे हैं। विजय मेनन के परिजनों ने अंगदान के माध्यम से पांच लोगों को नया जीवनदान दिया है। बुधवार को विजय मेनन को ब्रेन डेड घोषित कर दिया गया था, जिसके बाद परिवार ने उनके अंगदान करने का निर्णय लिया।

नारायणा सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल के मेडिकल सुपरिटेंडेंट, डॉ. स्वदेश कुमार ने बताया कि मेनन को 1 मई को लगभग बेहोशी की हालत में गंभीर सिरदर्द की शिकायत के साथ अस्पताल लाया गया था। इसके बाद उनका सिटी स्कैन किया गया और फिर डॉक्टरों ने उन्हें आईसीयू में भर्ती कर लिया लेकिन घंटों बाद भी उनके मस्तिष्क के अंदर रक्तस्राव बंद नहीं हुआ। इस कारण उनके मस्तिष्क ने काम करना बंद कर दिया और हॉस्पिटल ने उन्हें ब्रेन डेड घोषित कर दिया। उनके परिवार से अंगदान की स्वीकृति मिलने के बाद 5 लोगों को ट्रांसप्लांट के द्वारा नया जीवनदान मिला।
विज्ञापन





इनको मिला नया जीवन
डॉ. स्वदेश कुमार ने बताया कि भुवनेश्वर की रहने वाली 22 वर्षीय लड़की बचपन से कंजेनिटल-क्रॉनिक लिवर की बीमारी से पीड़ित थी। उसे घर पर ही पढ़ाई करनी पड़ती थी। प्रत्यारोपण के बाद से उसे जिंदगी जीने की नई उम्मीद मिली है।
विज्ञापन
विज्ञापन


श्री बालाजी एक्शन मेडिकल इंस्टीट्यूट में किडनी ट्रांसप्लांट के प्रमुख डॉ. राजेश अग्रवाल ने कहा कि अंग दाता से किडनी सफलतापूर्वक निकाली गई और ग्रीन कॉरिडोर का उपयोग कर इंस्टीट्यूट में शिवानी नाम की 20 वर्षीय लड़की में प्रत्यारोपित की गई। यह पिछले 5 वर्षों से डायलिसिस पर थी।
दान किए गए अंगों में से किडनी, हृदय और कार्निया को नाटो के सहयोग से सरकारी और निजी अस्पतालों में प्रत्यारोपित किया गया। नाटो के माध्यम से ग्रीन कॉरिडोर द्वारा ट्रैफिक पुलिस, कानून व्यवस्था पुलिस व अन्य अधिकारियों के सहयोग से इन अंगों को स्थानांतरित किया गया।



बेटी बोली मेरा पिता ने महान कार्य किया
अंगदान करने वाले मेनन की बेटी ने कहा कि मेरे पिता एक निःस्वार्थ व्यक्ति थे। उनके इस महान कार्य के बाद आज 5 लोगों को नया जीवनदान मिला है, हमें विश्वास है कि हमारे फैसले पर हमारे पिता को गर्व होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed