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कोरोना जांच में 6500 गुरुजी पास, टीके में भी मारी बाजी
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कोरोना जांच में 6500 गुरुजी पास, टीके में भी मारी बाजी
हापुड़। जिले के 6500 शिक्षकों में से किसी मेें भी कोरोना का कोई लक्षण नहीं मिला। स्कूल खुलने के बाद बच्चों की सुरक्षा के लिए स्वास्थ्य विभाग ने 6500 शिक्षकों की जांच की तो पता चला कि इन सभी ने टीकाकरण भी करा लिया है। अभिभावक बच्चों को मास्क और हैंड सैनिटाइजर के साथ स्कूल भेज सकते हैं। स्कूलों में दो पालियों में सोशल डिस्टेंसिंग के साथ कक्षाएं चल रही हैं।
जिले में 16 अगस्त से 9वीं से 12वीं तक के स्कूल खुलने के बाद भी करीब 60 फीसदी छात्र-छात्राएं स्कूल नहीं पहुंच रहे हैं। स्कूल लगातार अभिभावकों को मेसेज भेज स्कूल खुलने की जानकारी दे रहे हैं। शासन के आदेश पर स्वास्थ्य विभाग ने जिले में माध्यमिक और बेसिक स्कूलों के 6500 शिक्षकों की कोराना जांच की तो सभी स्वस्थ मिले। सर्वेे में इन सभी का टीकाकरण कार्ड भी चेक किया गया तो पता चला कि यह भी टीके लगवा चुके हैं। ऐसे में स्कूल में बच्चों के संक्रमित होने की आशंका नहीं है।
बच्चों की जांच का चलेगा अभियान
स्कूलों में जल्द ही बच्चों की कोरोना जांच का भी अभियान चलाया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग इस संबंध में शासन से आदेश मिलने का इंतजार कर रहा है। वहीं टीकाकरण से यदि कोई शिक्षक अभी भी वंचित रह गया हो तो वह स्वास्थ्य विभाग में संपर्क कर टीका लगवा सकता है।
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खांसी, जुकाम हो तो कराएं जांच
स्कूलों में पढ़ाने वाले शिक्षक या छात्रों को यदि नजला, जुकाम, खांसी है तो वह स्वास्थ्य विभाग के किसी भी जांच केंद्र पर जाकर कोरोना की जांच करा सकते हैं। इसके लिए उन्हें कोई परेशानी भी नहीं होगी।
तीसरे दिन भी स्कूलों में उपस्थिति कम
बुधवार को भी स्कूलों में छात्र-छात्राओं की संख्या कम ही रही। कक्षाओं में सीटें खाली पड़ी रहीं, हालांकि शिक्षक कक्षाओं में पढ़ाते दिखे। गर्मी और उमस की वजह से दूसरी पाली में छात्र संख्या और भी कम रहती है।
डरें नहीं, बच्चों को भेजें स्कूल
अभिभावक और छात्र-छात्राएं डरे नहीं। कोरोना से बचाव के पर्याप्त इंतजाम किए गए हैं। हेल्प डेस्क बना दी गई हैं। मास्क और सैनिटाइजर की व्यवस्था है। कक्षाओं में भी सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कराया जा रहा है। - पारुल त्यागी, प्रधानाचार्या, श्रीजैन कन्या पाठशाला इंटर कॉलेज।
भरोसा रखें अभिभावक
विद्यालय में पढ़ाने वाले सभी शिक्षक टीकाकरण करा चुके हैं। कोरोना की जांच में भी सभी स्वस्थ मिले हैं। विद्यालय में कोरोना संक्रमण से बचाव के तमाम इंतजाम किए गए हैं। अभिभावक परेशान न हों, बच्चों को स्कूल भेजें।--विजय गर्ग, प्रधानाचार्य, एसएसवी इंटर कॉलेज।
जो छूट गए जल्द लगवाएं टीका
जिले में अधिकांश शिक्षकों का टीकाकरण हो चुका है, जो शिक्षक वंचित हैं उनके लिए अलग से बूथ की व्यवस्था की गई है। विभाग में संपर्क कर ऐसे शिक्षक टीका लगवा सकते हैं।--डॉ रेखा शर्मा, सीएमओ।
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हापुड़। जिले के 6500 शिक्षकों में से किसी मेें भी कोरोना का कोई लक्षण नहीं मिला। स्कूल खुलने के बाद बच्चों की सुरक्षा के लिए स्वास्थ्य विभाग ने 6500 शिक्षकों की जांच की तो पता चला कि इन सभी ने टीकाकरण भी करा लिया है। अभिभावक बच्चों को मास्क और हैंड सैनिटाइजर के साथ स्कूल भेज सकते हैं। स्कूलों में दो पालियों में सोशल डिस्टेंसिंग के साथ कक्षाएं चल रही हैं।
जिले में 16 अगस्त से 9वीं से 12वीं तक के स्कूल खुलने के बाद भी करीब 60 फीसदी छात्र-छात्राएं स्कूल नहीं पहुंच रहे हैं। स्कूल लगातार अभिभावकों को मेसेज भेज स्कूल खुलने की जानकारी दे रहे हैं। शासन के आदेश पर स्वास्थ्य विभाग ने जिले में माध्यमिक और बेसिक स्कूलों के 6500 शिक्षकों की कोराना जांच की तो सभी स्वस्थ मिले। सर्वेे में इन सभी का टीकाकरण कार्ड भी चेक किया गया तो पता चला कि यह भी टीके लगवा चुके हैं। ऐसे में स्कूल में बच्चों के संक्रमित होने की आशंका नहीं है।
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बच्चों की जांच का चलेगा अभियान
स्कूलों में जल्द ही बच्चों की कोरोना जांच का भी अभियान चलाया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग इस संबंध में शासन से आदेश मिलने का इंतजार कर रहा है। वहीं टीकाकरण से यदि कोई शिक्षक अभी भी वंचित रह गया हो तो वह स्वास्थ्य विभाग में संपर्क कर टीका लगवा सकता है।
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खांसी, जुकाम हो तो कराएं जांच
स्कूलों में पढ़ाने वाले शिक्षक या छात्रों को यदि नजला, जुकाम, खांसी है तो वह स्वास्थ्य विभाग के किसी भी जांच केंद्र पर जाकर कोरोना की जांच करा सकते हैं। इसके लिए उन्हें कोई परेशानी भी नहीं होगी।
तीसरे दिन भी स्कूलों में उपस्थिति कम
बुधवार को भी स्कूलों में छात्र-छात्राओं की संख्या कम ही रही। कक्षाओं में सीटें खाली पड़ी रहीं, हालांकि शिक्षक कक्षाओं में पढ़ाते दिखे। गर्मी और उमस की वजह से दूसरी पाली में छात्र संख्या और भी कम रहती है।
डरें नहीं, बच्चों को भेजें स्कूल
अभिभावक और छात्र-छात्राएं डरे नहीं। कोरोना से बचाव के पर्याप्त इंतजाम किए गए हैं। हेल्प डेस्क बना दी गई हैं। मास्क और सैनिटाइजर की व्यवस्था है। कक्षाओं में भी सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कराया जा रहा है। - पारुल त्यागी, प्रधानाचार्या, श्रीजैन कन्या पाठशाला इंटर कॉलेज।
भरोसा रखें अभिभावक
विद्यालय में पढ़ाने वाले सभी शिक्षक टीकाकरण करा चुके हैं। कोरोना की जांच में भी सभी स्वस्थ मिले हैं। विद्यालय में कोरोना संक्रमण से बचाव के तमाम इंतजाम किए गए हैं। अभिभावक परेशान न हों, बच्चों को स्कूल भेजें।--विजय गर्ग, प्रधानाचार्य, एसएसवी इंटर कॉलेज।
जो छूट गए जल्द लगवाएं टीका
जिले में अधिकांश शिक्षकों का टीकाकरण हो चुका है, जो शिक्षक वंचित हैं उनके लिए अलग से बूथ की व्यवस्था की गई है। विभाग में संपर्क कर ऐसे शिक्षक टीका लगवा सकते हैं।--डॉ रेखा शर्मा, सीएमओ।