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एक तरफ कार्रवाई, दूसरी तरफ दौड़ रहे डग्गामार वाहन
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एक तरफ कार्रवाई, दूसरी तरफ दौड़ रहे डग्गामार वाहन
गाजियाबाद। परिवहन विभाग के अधिकारियों ने अभियान चलाकर सात डग्गामार वाहनों को सीज कर दिया है। बावजूद इसके शहर के बीचोंबीच अभी भी डग्गामार बस और वैन घूम रही हैं। अधिकारी इन पर लगाम नहीं लगा पा रहे हैं। परिवहन निगम की बसों को यह वाहन प्रतिदिन लाखों रुपये की क्षति पहुंचा रहे हैं।
अमर उजाला ने बृहस्पतिवार के अंक में 400 डग्गामार वाहन, साल में निगम को 22 करोड़ का चूना खबर प्रमुखता से प्रकाशित की थी। खबर प्रकाशित होने के बाद परिवहन विभाग के अधिकारियों में हड़कंप मच गया। अधिकारियों ने बृहस्पतिवार और शुक्रवार को डग्गामार वाहनों के खिलाफ अभियान चलाया। एआरटीओ प्रशासन विश्वजीत सिंह बताया कि दो दिन में परिवहन विभाग के अधिकारियों ने सात डग्गामार वाहनों को सीज किया है। अधिकारी लगातार अभियान चला रहे हैं। यह अभियान लगातार जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि शहर और जिले के अंदर कोई भी डग्गामार वाहन नहीं चलने दिया जाएगा। प्वाइंट चिन्हित करके अधिकारी कार्रवाई कर रहे हैं।
- अब भी शहर के बीचों-बीच दौड़ रहे डग्गामार वाहन
परिवहन विभाग की कार्रवाई के बाद भी डग्गामार वाहन शहर के बीचों बीच घूम रहे हैं। दिन में पुराना बस अड्डा, बुलंदशहर मार्ग, नोएडा मार्ग, हापुड़ मार्ग मोहननगर रोड पर कई डग्गामार बसें और वैन गाड़ियां चलती हुई मिलीं। बता दें कि यह डग्गामार वाहन परिवहन निगम की बसों को प्रति दिन करीब 6 लाख रुपये का चूना लगा रही हैं। अधिकारी आंखें बंद करके बैठे हुए हैं। उनकी जानकारी में सारा खेल चल रहा है। एआरटीओ प्रशासन ने बताया कि डग्गामार वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। यह आगे भी जारी रहेगी।
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गाजियाबाद। परिवहन विभाग के अधिकारियों ने अभियान चलाकर सात डग्गामार वाहनों को सीज कर दिया है। बावजूद इसके शहर के बीचोंबीच अभी भी डग्गामार बस और वैन घूम रही हैं। अधिकारी इन पर लगाम नहीं लगा पा रहे हैं। परिवहन निगम की बसों को यह वाहन प्रतिदिन लाखों रुपये की क्षति पहुंचा रहे हैं।
अमर उजाला ने बृहस्पतिवार के अंक में 400 डग्गामार वाहन, साल में निगम को 22 करोड़ का चूना खबर प्रमुखता से प्रकाशित की थी। खबर प्रकाशित होने के बाद परिवहन विभाग के अधिकारियों में हड़कंप मच गया। अधिकारियों ने बृहस्पतिवार और शुक्रवार को डग्गामार वाहनों के खिलाफ अभियान चलाया। एआरटीओ प्रशासन विश्वजीत सिंह बताया कि दो दिन में परिवहन विभाग के अधिकारियों ने सात डग्गामार वाहनों को सीज किया है। अधिकारी लगातार अभियान चला रहे हैं। यह अभियान लगातार जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि शहर और जिले के अंदर कोई भी डग्गामार वाहन नहीं चलने दिया जाएगा। प्वाइंट चिन्हित करके अधिकारी कार्रवाई कर रहे हैं।
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- अब भी शहर के बीचों-बीच दौड़ रहे डग्गामार वाहन
परिवहन विभाग की कार्रवाई के बाद भी डग्गामार वाहन शहर के बीचों बीच घूम रहे हैं। दिन में पुराना बस अड्डा, बुलंदशहर मार्ग, नोएडा मार्ग, हापुड़ मार्ग मोहननगर रोड पर कई डग्गामार बसें और वैन गाड़ियां चलती हुई मिलीं। बता दें कि यह डग्गामार वाहन परिवहन निगम की बसों को प्रति दिन करीब 6 लाख रुपये का चूना लगा रही हैं। अधिकारी आंखें बंद करके बैठे हुए हैं। उनकी जानकारी में सारा खेल चल रहा है। एआरटीओ प्रशासन ने बताया कि डग्गामार वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। यह आगे भी जारी रहेगी।
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