फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Ghaziabad News ›   ghaziyabad

किसानों ने जीडीए को घेरा, छह घंटे से अधिकारी कार्यालय में कैद

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Tue, 07 Dec 2021 12:24 AM IST
विज्ञापन
ghaziyabad
किसानों ने जीडीए को घेरा, सात घंटे से अधिकारी कार्यालय में कैद
विज्ञापन

गाजियाबाद। एक समान बढ़े मुआवजे की मांग को लेकर मधुबन बापूधाम योजना से प्रभावित किसानों ने सोमवार को जीडीए का घेराव किया। मांगों पर लिखित में आश्वासन पर अड़े किसान और महिलाएं प्राधिकरण गेट पर साढ़े बाहर बजे से से साढ़े सात बजे तक डटे रहे। सदरपुर गांव धरना स्थल से एक दर्जन ट्रैक्टर-ट्रॉली और पैदल पहुंचे सदरपुर, मैनापुर, नंगलापाट, याकूबपुर, मोरटा और दुहाई के किसानों ने करीब सात घंटे तक जीडीए अधिकारियों और कर्मचारियों को गेट से बाहर नहीं निकलने दिया। प्राधिकरण परिसर में कैद अधिकारी लंच के लिए बाहर नहीं जा सके। फिर देर शाम एसपी सिटी निपुण अग्रवाल के किसानों को समझाने और सोमवार को वार्ता के आश्वासन पर धरना खत्म हुआ। कई घंटे बंधक बनाए जाने पर जीडीए कर्मचारियों में नाराजगी देखने को मिली।
हापुड़ चुंगी पर रोकने व समझाने के दो प्रयास रहे विफल
जीडीए पर अनिश्चित कालीन धरना शुरू करने से पहले किसान सदरपुर प्राथमिक विद्यालय पर सोमवार सुबह 10.30 बजे से एकत्रित होना शुरू हुए। जिला प्रशासन की ओर से एसडीएम सदर विनय सिंह को किसानों से वार्ता के लिए भेजा गया, लेकिन किसानों ने बात करने से साफ इंकार कर दिया। फिर किसानों ने प्राधिकरण से ट्रैक्टर-ट्रॉली और पैदल कूच किया। नारेबाजी करते हुए चल रहे किसानों को पुलिस ने हापुड़ चुंगी पर रोकने का प्रयास किया, लेकिन नारेबाजी बढ़ते ही उन्हें आगे जाने दिया गया। किसानों ने पुराना बस अड्डा पहुंचते ही जीडीए के सामने वाली सड़क पर यातायात पूरी तरह से बंद हो गया। धरना स्थल पर भी एसडीएम सदर पहुंचे, लेकिन उन्हें बेरंग लौटना पड़ा। किसानों के प्रदर्शन को देखते हुए बड़ी संख्या में पुलिस बल, फायर बिग्रेड और एलआईयू के लोग मौजूद रहे।
विज्ञापन

---
एक समान मुआवजे की मांग पर रहेंगे अडिग:
सोमवार दोपहर से धरना देने के साथ शाम होते ही किसानों ने जीडीए गेट पर टेंट लगा दिया। किसानों का कहना है कि जीडीए के साथ जिला प्रशासन किसानों को आश्वासन देकर लगातार भ्रमित कर रहा है। एक समान बढ़े हुए मुआवजे की मांग पर किसान अडिग हैं। अक्टूबर 2007 में किसानों के साथ हुए समझौते की लगातार अनदेखी की हो रही है। किसानों के साथ हुए समझौते में साफ था कि अधिसूचना के तहत अधिग्रहीत की गई भूमि का भविष्य में सहमति के आधार पर यदि उपरोक्त निर्धारण प्रतिकर से अधिक प्रतिकर सक्षम अधिकारी द्वारा निर्धारित होता है तो बढ़े हुए प्रतिकार का लाभ इस करार में सम्मिलित भू.स्वामियों को भी देय होगा। इस मौके पर भोपाल सिंह, यशपाल सिंह, निरंजन त्यागी, रोबिन सिंह, महेंद्र मुखिया, बॉस चौधरी, भूपेंद्र चौधरी, गौरीशंकर, संदीप चौधरी सहित तमाम किसान मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

---
विवाद में एक नजर
मधुबन बापूधाम योजना के लिए जीडीए ने 1234.13 एकड़ जमीन अधिग्रहित की थी। प्राधिकरण की ओर से किसानों को भू-अर्जन अधिनियम के तहत उस वक्त जमीन का 1100 रुपए प्रति वर्गमीटर की दर से मुआवजा दिया गया था। बाद में कई किसान बढ़े मुआवजे की मांग को लेकर कोर्ट चले गए। फिर कोर्ट के आदेश पर विभिन्न गांव के 76 किसानों को नई भूमि अधिग्रहण कानून के तहत जीडीए की ओर से मुआवजा दिया गया। ऐसे में बाकी किसान भी एक समान बढ़े हुए मुआवजे की मांग को लेकर आंदोलनरत हैं।
---
कोट...
एक समान मुआवजा किसानों का हक:
1. एक समान मुआवजा किसानों का हक है। उन्हें आश्वासन देकर बार-बार भ्रमित किया जा रहा है। जीडीए 2007 में हुए समझौते का उल्लंघन कर रहा है। सोमवार को 10 सदस्यीय प्रतिनिधि मंडल को वार्ता के लिए बुलाया गया है। -- सुरदीप शर्मा, आंदोलन के अध्यक्ष व किसान नेता
--
समझौते का जीडीए ने किया उल्लंघन:
2. मांगों को लेकर सभी छह गांव के किसान एकजुट हैं। उनके साथ हुए समझौते का जीडीए ने उल्लंघन किया है। अब सब्र का बांध टूट चुका है। ऐसे में लिखित आश्वासन तक आंदोलन जारी रहेगा। -- ब्रह्मपाल शर्मा, किसान नेता
--
योजना में नहीं होने देंगे कोई काम:
3. जीडीए अधिकारियों के साथ होने वाली वार्ता में किसान अपनी मांगों पर कायम हैं। मांगे माने जाने तक किसान योजना में कोई निर्माण संबंधी कार्य नहीं होने देंगे। -- गौरीशंकर, किसान नेता

----
700 कर्मचारियों को किया गया हाईजैक
4. किसानों ने मनमाने तरीके से जीडीए के 700 से अधिक कर्र्मचारियों और अधिकारियों को बंधक बनाए रखा। प्राधिकरण में ऐसा पहली बार हुआ है। आगे ऐसी किसी घटना का कर्मचारी आगे आकर जबाव देंगे। -- श्रींचद सारस्वत, महामंत्री, जीडीए कर्मचारी संगठन
----
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed