{"_id":"5d9ce6888ebc3e93b43463a3","slug":"ghazibad-news-ghaziabad-news-gbd1860755160","type":"story","status":"publish","title_hn":"इलेक्ट्रिक बसों के लिए करना होगा और इंतजार, अब दोबारा बनेगी डीपीआर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
इलेक्ट्रिक बसों के लिए करना होगा और इंतजार, अब दोबारा बनेगी डीपीआर
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फोटो...
इलेक्ट्रिक बसों के लिए करना होगा और इंतजार, अब दोबारा बनेगी डीपीआर
- 50 इलेक्ट्रिक बसों के संचालन को नए सिरे से बनेगी डीपीआर
- जमीन मिलने के बाद नगर निगम ने सीएंडडीएस को भेजा पत्र
- पहले 100 बसों के संचालन के लिए बनाई गई थी डीपीआर
माई सिटी रिपोर्टर
गाजियाबाद। इलेक्ट्रिक बसों के लिए अभी शहर के लोगों को और इंतजार करना होगा। बसों की संख्या अब 100 से घटाकर 50 कर दी गई है, ऐसे में अब इन बसों के संचालन के लिए संशोधित डीपीआर (डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट) बनाई जाएगी। नगर निगम के विद्युत एवं यांत्रिक विभाग की ओर से जल निगम की सीएंडडीएस (कंस्ट्रक्शंस एंड डिजाइन सर्विसेज) यूनिट को पत्र भेजकर संशोधित डीपीआर बनाने के लिए कहा है।
शहर में इलेक्ट्रिक बसों के संचालन के लिए नगर निगम ने पूर्व में 100 बसों की डीपीआर तैयार कराई थी। इस योजना पर करीब 39 करोड़ से ज्यादा की रकम खर्च की जानी थी। यह योजना चार्जिंग स्टेशन और बस डिपो बनाने के लिए जमीन न मिलने की वजह से अटकी हुई थी। अकबरपुर-बहरामपुर में जमीन चिह्नित होने के बाद निगम बोर्ड में प्रस्ताव को मंजूरी मिल चुकी है। अब 100 बसों की बजाय सिर्फ 50 बसों का संचालन करने की योजना बनाई जा रही है। हालांकि रूटों में कोई परिवर्तन नहीं किया गया है। ऐसे में अब शासन ने 50 बसों के लिए दोबारा डीपीआर बनाने के निर्देश दिए हैं। ऐसे में इस योजना पर होने वाली रकम भी कम हो जाएगी।
कोट...
सीएंडडीएस ने पूर्व में इलेक्ट्रिक बसों के लिए डीपीआर बनाई थी। अब शासन ने नई डीपीआर मांगी है। इसके लिए सीएंडडीएस के अधिकारियों को पत्र भेजकर 50 बसों की डीपीआर बनाने के लिए कहा गया है। प्रोजेक्ट रिपोर्ट बनते ही शासन को भेज दी जाएगी। - मनोज प्रभात, अधिशासी अभियंता, वि.यां, नगर निगम
विज्ञापन
--
चार्जिंग प्वाइंट की क्षमता भी होगी तय
इलेक्ट्रिक बसें अलग-अलग कंपनी की होगी। निगम अधिकारियों का कहना है कि इनमें कुछ बसें भारतीय कंपनी की तो कुछ विदेशी कंपनी की हो सकती हैं। ऐसे में अलग-अलग कंपनी की बसों के लिए अलग क्षमता के चार्जिंग प्वाइंट की जरूरत होगी। इन बिंदुओं पर भी मंथन किया जा रहा है। जल्द ही इसके लिए भी गाइड लाइन जारी हो सकती है।
--
नए साल में मिल सकता है तोहफा
नगर निगम अधिकारियों की मानें तो बसों की खरीद के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। प्रदेश स्तर पर यह प्रक्रिया पूरी की जा रही है। उम्मीद है कि नए साल के शुरूआती तिमाही में इस योजना की शुरूआत हो सकती है। यानी गाजियाबाद के लोगों को भी जल्द ही इलेक्ट्रिक बसों की सौगात मिल सकती है। इनका संचालन शुरू होने से लोकल यात्रियों को बड़ी सहूलियत मिल जाएगी। उन्हें ऑटो में महंगा किराया नहीं देना होगा।
--
इन प्रस्तावित रूटों पर दौड़ेंगी इलेक्ट्रिक बसें
1. मोदीनगर से मोहन नगर वाया मेरठ रोड तिराहा
2. मोहन नगर से राजनगर एक्सटेंशन, एएलटी होते हुए एनएच-9 तक।
3. दादरी से नया बस अड्डा वाया लालकुआं।
4. दिलशाद गार्डन से गोविंदपुरम वाया मोहन नगर।
5. आनंद विहार से एएलटी तक वाया मोहन नगर व पुराना बस अड्डा।
6. पुराना बस अड्डे से विजयनगर होते हुए नोएडा सिटी सेंटर तक।
7. शालीमार गार्डन से रेलवे स्टेशन वाया नया बस अड्डा।
8. पुराना बस स्टैंड से हापुड़ चुंगी, लालकुआं, प्रताप विहार, नया बस अड्डा होते हुए पुराना बस अड्डा।
9. सूर्य नगर से नोएडा सिटी सेंटर वाया झंडापुर, कनावनी पुलिया, इंदिरापुरम।
10. गोविंदपुरम से डासना, लालकुआं होते हुए यूपी गेट, आनंद विहार तक।
11. लोनी से टीला मोड़ व मोहन नगर होते हुए नया बस अड्डा।
12. पिलखुवा से आनंद विहार वाया डासना, पुराना बस अड्डा, मोहन नगर।
विज्ञापन
इलेक्ट्रिक बसों के लिए करना होगा और इंतजार, अब दोबारा बनेगी डीपीआर
- 50 इलेक्ट्रिक बसों के संचालन को नए सिरे से बनेगी डीपीआर
- जमीन मिलने के बाद नगर निगम ने सीएंडडीएस को भेजा पत्र
- पहले 100 बसों के संचालन के लिए बनाई गई थी डीपीआर
माई सिटी रिपोर्टर
गाजियाबाद। इलेक्ट्रिक बसों के लिए अभी शहर के लोगों को और इंतजार करना होगा। बसों की संख्या अब 100 से घटाकर 50 कर दी गई है, ऐसे में अब इन बसों के संचालन के लिए संशोधित डीपीआर (डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट) बनाई जाएगी। नगर निगम के विद्युत एवं यांत्रिक विभाग की ओर से जल निगम की सीएंडडीएस (कंस्ट्रक्शंस एंड डिजाइन सर्विसेज) यूनिट को पत्र भेजकर संशोधित डीपीआर बनाने के लिए कहा है।
शहर में इलेक्ट्रिक बसों के संचालन के लिए नगर निगम ने पूर्व में 100 बसों की डीपीआर तैयार कराई थी। इस योजना पर करीब 39 करोड़ से ज्यादा की रकम खर्च की जानी थी। यह योजना चार्जिंग स्टेशन और बस डिपो बनाने के लिए जमीन न मिलने की वजह से अटकी हुई थी। अकबरपुर-बहरामपुर में जमीन चिह्नित होने के बाद निगम बोर्ड में प्रस्ताव को मंजूरी मिल चुकी है। अब 100 बसों की बजाय सिर्फ 50 बसों का संचालन करने की योजना बनाई जा रही है। हालांकि रूटों में कोई परिवर्तन नहीं किया गया है। ऐसे में अब शासन ने 50 बसों के लिए दोबारा डीपीआर बनाने के निर्देश दिए हैं। ऐसे में इस योजना पर होने वाली रकम भी कम हो जाएगी।
विज्ञापन
कोट...
सीएंडडीएस ने पूर्व में इलेक्ट्रिक बसों के लिए डीपीआर बनाई थी। अब शासन ने नई डीपीआर मांगी है। इसके लिए सीएंडडीएस के अधिकारियों को पत्र भेजकर 50 बसों की डीपीआर बनाने के लिए कहा गया है। प्रोजेक्ट रिपोर्ट बनते ही शासन को भेज दी जाएगी। - मनोज प्रभात, अधिशासी अभियंता, वि.यां, नगर निगम
विज्ञापन
--
चार्जिंग प्वाइंट की क्षमता भी होगी तय
इलेक्ट्रिक बसें अलग-अलग कंपनी की होगी। निगम अधिकारियों का कहना है कि इनमें कुछ बसें भारतीय कंपनी की तो कुछ विदेशी कंपनी की हो सकती हैं। ऐसे में अलग-अलग कंपनी की बसों के लिए अलग क्षमता के चार्जिंग प्वाइंट की जरूरत होगी। इन बिंदुओं पर भी मंथन किया जा रहा है। जल्द ही इसके लिए भी गाइड लाइन जारी हो सकती है।
--
नए साल में मिल सकता है तोहफा
नगर निगम अधिकारियों की मानें तो बसों की खरीद के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। प्रदेश स्तर पर यह प्रक्रिया पूरी की जा रही है। उम्मीद है कि नए साल के शुरूआती तिमाही में इस योजना की शुरूआत हो सकती है। यानी गाजियाबाद के लोगों को भी जल्द ही इलेक्ट्रिक बसों की सौगात मिल सकती है। इनका संचालन शुरू होने से लोकल यात्रियों को बड़ी सहूलियत मिल जाएगी। उन्हें ऑटो में महंगा किराया नहीं देना होगा।
--
इन प्रस्तावित रूटों पर दौड़ेंगी इलेक्ट्रिक बसें
1. मोदीनगर से मोहन नगर वाया मेरठ रोड तिराहा
2. मोहन नगर से राजनगर एक्सटेंशन, एएलटी होते हुए एनएच-9 तक।
3. दादरी से नया बस अड्डा वाया लालकुआं।
4. दिलशाद गार्डन से गोविंदपुरम वाया मोहन नगर।
5. आनंद विहार से एएलटी तक वाया मोहन नगर व पुराना बस अड्डा।
6. पुराना बस अड्डे से विजयनगर होते हुए नोएडा सिटी सेंटर तक।
7. शालीमार गार्डन से रेलवे स्टेशन वाया नया बस अड्डा।
8. पुराना बस स्टैंड से हापुड़ चुंगी, लालकुआं, प्रताप विहार, नया बस अड्डा होते हुए पुराना बस अड्डा।
9. सूर्य नगर से नोएडा सिटी सेंटर वाया झंडापुर, कनावनी पुलिया, इंदिरापुरम।
10. गोविंदपुरम से डासना, लालकुआं होते हुए यूपी गेट, आनंद विहार तक।
11. लोनी से टीला मोड़ व मोहन नगर होते हुए नया बस अड्डा।
12. पिलखुवा से आनंद विहार वाया डासना, पुराना बस अड्डा, मोहन नगर।