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Ghaziabad News: अवैध फ्लैट के लोन पर लगेगा विराम, आवास विकास ने आरबीआई को लिखा पत्र

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Fri, 25 Nov 2022 07:30 AM IST
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अवैध फ्लैट के लोन पर लगेगा विराम, आवास विकास ने आरबीआई को लिखा पत्र
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वसुंधरा। नक्शे के विपरीत बन रहे निजी बिल्डर्स के फ्लैट को आवास विकास अब नहीं बिकने देगा। इसके लिए आवास विकास ने रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया और राष्ट्रीय आवास बैंक को पत्र लिखा है, इसमें कहा गया है कि तमाम बैंक वसुंधरा योजना में बन रहे फ्लैट पर लोन देने से पहले आवास विकास परिषद के दफ्तर में आकर संबंधित संपत्ति के बारे में जानकारी लें। बैंकों के इस निरीक्षण से अवैध फ्लैटों के लिए लोन नहीं मिल पाएगा।
अधिशासी अभियंता अमन त्यागी ने बताया कि वसुंधरा में एकल आवास बनाने की स्वीकृति है लेकिन, बिल्डर एकल यूनिट पर अवैध रूप से बहुमंजिला इमारत बनाकर आवंटियों को बेच रहे हैं। आवंटी सस्ते फ्लैट लेने के चक्कर में ठीक से भूखंड का नक्शा भी नहीं देखते और तुरंत लोन के लिए आवेदन कर फ्लैट खरीद लेते हैं इसलिए रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के रीजनल डायरेक्टर और राष्ट्रीय आवास बैंक के रीजनल हेड को पत्र लिखकर कहा गया है कि वह अपने स्तर से संबंधित बैंकों और फाइनेंस कंपनियों को निर्देशित करें कि वसुंधरा योजना में निर्मित और निर्माणाधीन संपत्तियों को लोन देने से पहले एक बार परिषद कार्यालय से जानकारी लें कि भूखंड पर अवैध या अनधिकृत निर्माण तो नहीं है, ताकि आवंटियों के हितों को सुरक्षित रखा जा सके।
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क्या गिराई जाएंगी 12 इमारतें ?
हाल ही में आवास विकास ने वसुंधरा के कई सेक्टरों में 12 इमारतों को अवैध बताते हुए तत्काल रूप से खाली करने का आदेश दिया है। जब अधिशासी अभियंता अमन त्यागी से इस बात की जानकारी मांगी गई तो उन्होंने कहा कि कुछ लोग मिलने आए थे, जो नक्शा दिखा रहे थे, बिल्डर ने उन्हें नक्शा तो दिखाया लेकिन वो समझ नहीं पाए कि भूखंड पर अवैध निर्माण हुआ है। हालांकि उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि अवैध इमारतों को ध्वस्त किया जाएगा या नहीं। वैसे अधिकारियों के पास इस बात का स्पष्ट जवाब नहीं है कि जब बिल्डर अवैध रूप से बहुमंजिली इमारत बना रहा था तभी उसे क्यों नहीं रोका गया। हालांकि लोगों के बीच चर्चा है कि इन तमाम इमारतों में लोग रह रहे हैं और इन्हें खाली कराकर इमारत ध्वस्त करना संभव नहीं होगा। वैसे एक अधिकारी ने अपना नाम नहीं छापने का अनुरोध करते हुए बताया कि फिलहाल इमारत गिराने की तारीख नहीं तय की गई है। इस आदेेेश के पीछे बिल्डर्स को आगे से इस तरह का अवैध निर्माण नहीं करने का मेसेज है।
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ये हैं आवास विकास की शर्तें
आवास विकास के अधीक्षण अभियंता राकेश चंद्रा का कहना है कि वसुंधरा योजना में केवल ग्रुप हाउसिंग के तहत ही फ्लैट्स बनाए जा सकते हैं। वहीं जो एकल भूखंड है, उसमें वहीं व्यक्ति घर बनाकर रह सकता है, जिसके नाम पर भूखंड हो। सभी को नक्शे के हिसाब ही भवन निर्माण की अनुमति है, लेकिन इसके बाद भी बिल्डर एक भूखंड पर कई मंजिला इमारत बना रहे हैं। जिसको लेकर भविष्य में सीवर, पानी समेत कई बड़ी समस्याएं उभर कर आ सकती हैं। ऐसी इमारतों को लेकर सर्वे किया जा रहा है। इन्हें चिन्हित करने के बाद अपेक्षित कार्रवाई की जाएगी।
यहां हो रहे सबसे ज्यादा अवैध निर्माण
वसुंधरा सेक्टर 10 और 10 ए
वसुंधरा 12
वसुंधरा - 14 और 16
वसुंधरा- दो, तीन और पांच
आवंटी फ्लैट लेते समय इन बातों का रखें ध्यान
नक्शे की विशेषज्ञों से कराएं जांच
बिल्डर और प्रोजेक्ट के बारे में आवास विकास परिषद से लें जानकारी
परिषद कार्यालय के हेल्प डेस्क से लें मदद
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