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बैंक लोन क्लियर ना होने से लाभार्थी हो रहे परेशान
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बैंक लोन क्लियर नहीं होने से लाभार्थी परेशान
गाजियाबाद। विभिन्न बैंकों द्वारा विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों के लोन के प्रति उदासीनता बरतने की वजह से लाभार्थी परेशान हो रहे हैं। मंगलवार को सीडीओ अस्मिता लाल ने रोजगार परक ऋण योजनाओं की समीक्षा बैठक की। बैठक में बैंक प्रबंधकों द्वारा लापरवाही बरतने पर कार्यवाही करने की चेतावनी दी। उन्होंने बैठक में अग्रणी जिला प्रबंधक को एक सप्ताह के अंदर सभी लंबित आवेदन पत्रों का निस्तारण करने के निर्देश दिए।
उत्तर प्रदेश शासन द्वारा संचालित विभिन्न ऋण योजनाओं जैसे प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम, एक जनपद एक उत्पाद योजना, एनआरएलएम और मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना आदि की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। उद्योग उपायुक्त वीरेंद्र कुमार ने बताया कि बैंकों द्वारा ऋण स्वीकृति में अपेक्षित सहयोग प्रदान नहीं किया जा रहा है, जिसकी वजह से लक्ष्य प्राप्त नहीं हो पा रहे हैं। बैठक में सीडीओ ने ऋण योजनाओं से संबंधित बैंकों के स्तर पर लंबित आवेदन पत्रों पर कठोर नाराजगी जताई और बैंकों द्वारा सकारात्मक रवैया नहीं अपनाने पर बैंकों के विरुद्ध कठोर कार्यवाही करने की चेतावनी दी। बैठक में अग्रणी बैंक के प्रबंधक को चेतावनी दी कि एक हफ्ते के अंदर अग्रणी जिला प्रबंधक सिंडीकेट बैंक द्वारा सभी बैंकों में लंबित पड़े आवेदन पत्रों पर सकारात्मक कार्यवाही नहीं की जाती है तो उनके विरुद्ध अनुशासनात्मक एवं प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी। बैठक में उपायुक्त उद्योग, जिला खादी ग्राम उद्योग अधिकारी, जिला समन्वयक एनआरएलएम, अग्रणी जिला प्रबंधक एवं विभिन बैंकों के जिला समन्वयकों तथा शाखा प्रबंधकों ने भाग लिया।
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गाजियाबाद। विभिन्न बैंकों द्वारा विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों के लोन के प्रति उदासीनता बरतने की वजह से लाभार्थी परेशान हो रहे हैं। मंगलवार को सीडीओ अस्मिता लाल ने रोजगार परक ऋण योजनाओं की समीक्षा बैठक की। बैठक में बैंक प्रबंधकों द्वारा लापरवाही बरतने पर कार्यवाही करने की चेतावनी दी। उन्होंने बैठक में अग्रणी जिला प्रबंधक को एक सप्ताह के अंदर सभी लंबित आवेदन पत्रों का निस्तारण करने के निर्देश दिए।
उत्तर प्रदेश शासन द्वारा संचालित विभिन्न ऋण योजनाओं जैसे प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम, एक जनपद एक उत्पाद योजना, एनआरएलएम और मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना आदि की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। उद्योग उपायुक्त वीरेंद्र कुमार ने बताया कि बैंकों द्वारा ऋण स्वीकृति में अपेक्षित सहयोग प्रदान नहीं किया जा रहा है, जिसकी वजह से लक्ष्य प्राप्त नहीं हो पा रहे हैं। बैठक में सीडीओ ने ऋण योजनाओं से संबंधित बैंकों के स्तर पर लंबित आवेदन पत्रों पर कठोर नाराजगी जताई और बैंकों द्वारा सकारात्मक रवैया नहीं अपनाने पर बैंकों के विरुद्ध कठोर कार्यवाही करने की चेतावनी दी। बैठक में अग्रणी बैंक के प्रबंधक को चेतावनी दी कि एक हफ्ते के अंदर अग्रणी जिला प्रबंधक सिंडीकेट बैंक द्वारा सभी बैंकों में लंबित पड़े आवेदन पत्रों पर सकारात्मक कार्यवाही नहीं की जाती है तो उनके विरुद्ध अनुशासनात्मक एवं प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी। बैठक में उपायुक्त उद्योग, जिला खादी ग्राम उद्योग अधिकारी, जिला समन्वयक एनआरएलएम, अग्रणी जिला प्रबंधक एवं विभिन बैंकों के जिला समन्वयकों तथा शाखा प्रबंधकों ने भाग लिया।
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