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दबंगई में नपे पांच पुलिसवाले, तीन के खिलाफ होगी एफआईआर

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Mon, 12 Jul 2021 12:42 AM IST
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दबंगई में नपे पांच पुलिसवाले, तीन के खिलाफ होगी एफआईआर
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गाजियाबाद। नवंबर 2019 के बाद पुलिस पर एक बार फिर मुफ्तखोरी का धब्बा लगा है। आरडीसी के रेस्टोरेंट्स संचालक का आरोप है कि पुलिस ने मई में 32 हजार का खाना लिया। पैसे मांगने पर न सिर्फ जेल भेजने की धमकी दी बल्कि रेस्टोरेंट के बाहर एक पुलिसकर्मी तैनात कर दिया, जिसने रेस्टोरेंट नहीं खुलने दिया। पीड़ित रेस्टोरेंट संचालक ने डीएम से शिकायत की, जिसके बाद मामला एसएसपी के पास पहुंचा। एसएसपी ने कचहरी चौकी इंचार्ज अंगद सिंह और आरडीसी चौकी इंचार्ज मुकेश कुमार समेत पांच पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर कर दिया।
कविनगर के आरडीसी स्थित एक नॉनवेज रेस्टोरेंट के संचालक ने शनिवार को डीएम राकेश सिंह से शिकायत की थी उसका कहना है कि कोरोना कर्फ्यू के दौरान रेस्टोरेंट्स को ऑनलाइन डिलीवरी की छूट मिली हुई है, लेकिन पुलिस उनका रेस्टोरेंट नहीं खुलने दे रही है। साथ फ्री रेस्टोरेंट संचालक ने पुलिस पर मुफ्तखोरी का आरोप लगाया। शिकायत के बाद डीएम ने एसएसपी को जानकारी देकर कार्रवाई के निर्देश दिए। एसएसपी ने एसपी सिटी को जांच सौंपी तो पुलिस का कारनामा सामने आ गया। पता चला कि मई में कचहरी पुलिस चौकी और आरडीसी पुलिस चौकी ने 32 हजार का खाना रेस्टोरेंट से लिया था। पेमेंट मांगने पर पुलिस ने प्रताड़ित करना शुरू कर दिया।
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घटना के दौरान कचहरी चौकी इंचार्ज पर था आरडीसी चौकी का प्रभार
रेस्टोरेंट का बिल मई का बताया गया है। उस दौरान आरडीसी चौकी इंचार्ज मुकेश कुमार और उनका बेटा कोरोना होने के कारण अस्पताल में भर्ती थे। जिसके चलते आरडीसी चौकी का प्रभार कचहरी चौकी इंचार्ज अंगद सिंह के पास था। रेस्टोरेंट पर सभी बिल हेड कांस्टेबल धर्मेंद्र के नाम पर थे। एसएसपी ने उससे पूछताछ की तो उसने दोनों चौकी इंचार्ज व अन्य पुलिसकर्मियों का नाम लिया, जिसके बाद सभी पर गाज गिरी है।
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नवंबर 2019 में लगा था ये आरोप
एसोसिएशन ऑफ फूड ऑपरेटर्स के अध्यक्ष अनिल गुप्ता ने नवंबर 2019 में दीपावली पर एक वीडियो और पत्र वायरल किया था। जिसमें आरोप लगाए थे कि पुलिस किसी भी रेस्तरां, ब्रेकरी और स्वीट शॉप में बिना रुपये दिए खा-पीकर चलती बनती है। इतना ही नहीं घर के लिए भी खाना और मिठाइयां पैक कराकर ले जाती है। कुछ पुलिसकर्मी भारी डिस्काउंट पर खाना और मिठाइयां ले जाते हैं। आरोप था कि पुलिसकर्मियों ने कोई भुगतान नहीं किया। इस घटनाक्रम के बाद गाजियाबाद पुलिस की किरकिरी प्रदेशभर में हुई थी।

एसएसपी अमित पाठक ने कहा रेस्टोरेंट्स संचालक ने खाने का भुगतान न करने और प्रतिष्ठान खोलने में पक्षपात करने का आरोप लगाया है। आरडीसी चौकी इंचार्ज मुकेश कुमार, कचहरी चौकी इंचार्ज अंगद सिंह के अलावा हेड कांस्टेबल धर्मेंद्र और महेश शर्मा तथा सिपाही मुनव्वर को लाइन हाजिर किया गया है। साथ ही विभागीय जांच के आदेश दे दिए गए हैं।
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