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सर्वोदय नगर में 150 लोगों का आशियाना छीनने की तैयारी कर रहा निगम
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सर्वोदय नगर में 150 लोगों का आशियाना छीनने की तैयारी कर रहा निगम
गाजियाबाद। लाइनपार क्षेत्र के सर्वोदय नगर में 150 मकानों को तोड़ने के लिए लगाए लाल निशान के बाद विरोध तेज हो गया। स्थानीय लोग मंगलवार को नगर निगम मुख्यालय पहुंचे और विरोध जताया। उन्होंने अपर नगरायुक्त व संपत्ति प्रभारी आरएन पांडेय से मुलाकात कर मकान न तोड़े जाने की मांग की।
कॉलोनी के लोगों का कहना है कि लोग 30-35 साल से सर्वोदय नगर में रह रहे हैं। उनके पास जमीन की रजिस्ट्री के दस्तावेज भी हैं। नगर निगम अब गलत तरीके से पैमाइश कर इस जमीन को सरकारी और मकानों को अवैध बता रहा है। उनका कहना है कि नगर निगम के अधिकारी लोगों को बेघर करने की साजिश कर रहे हैं। अपर नगरायुक्त ने उन्हें आश्वासन दिया है कि अगर जमीन उनकी अपनी होगी तो किसी का मकान ढहाया नहीं जाएगा। करीब 10 दिन पहले भी नगर निगम ने प्रताप विहार में ग्रीन बेल्ट खाली कराए जाने के नाम पर करीब 50 से ज्यादा पक्के घरों और 10 झुग्गियों को तोड़ा था। सोमवार को नगर निगम की टीम ने कॉलोनी के करीब 150 से ज्यादा मकानों पर लाल निशान लगा दिए। इससे चिंतित करीब 200 लोग सोमवार देर शाम मेयर आवास पर विरोध जताने पहुंचे थे।
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गाजियाबाद। लाइनपार क्षेत्र के सर्वोदय नगर में 150 मकानों को तोड़ने के लिए लगाए लाल निशान के बाद विरोध तेज हो गया। स्थानीय लोग मंगलवार को नगर निगम मुख्यालय पहुंचे और विरोध जताया। उन्होंने अपर नगरायुक्त व संपत्ति प्रभारी आरएन पांडेय से मुलाकात कर मकान न तोड़े जाने की मांग की।
कॉलोनी के लोगों का कहना है कि लोग 30-35 साल से सर्वोदय नगर में रह रहे हैं। उनके पास जमीन की रजिस्ट्री के दस्तावेज भी हैं। नगर निगम अब गलत तरीके से पैमाइश कर इस जमीन को सरकारी और मकानों को अवैध बता रहा है। उनका कहना है कि नगर निगम के अधिकारी लोगों को बेघर करने की साजिश कर रहे हैं। अपर नगरायुक्त ने उन्हें आश्वासन दिया है कि अगर जमीन उनकी अपनी होगी तो किसी का मकान ढहाया नहीं जाएगा। करीब 10 दिन पहले भी नगर निगम ने प्रताप विहार में ग्रीन बेल्ट खाली कराए जाने के नाम पर करीब 50 से ज्यादा पक्के घरों और 10 झुग्गियों को तोड़ा था। सोमवार को नगर निगम की टीम ने कॉलोनी के करीब 150 से ज्यादा मकानों पर लाल निशान लगा दिए। इससे चिंतित करीब 200 लोग सोमवार देर शाम मेयर आवास पर विरोध जताने पहुंचे थे।
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