फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Ghaziabad News ›   ghaziabad news

इंस्पेक्टर लक्ष्मी चौहान पर एफआईआर के आदेश

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Wed, 17 Feb 2021 11:56 PM IST
विज्ञापन
ghaziabad news
इंस्पेक्टर लक्ष्मी चौहान पर एफआईआर के आदेश
विज्ञापन

गाजियाबाद। 70 लाख रुपये के गबन में जेल से छूटने के बाद हाल ही में बहाल हुईं लिंक रोड थाने की पूर्व एसएचओ लक्ष्मी चौहान की मुसीबतें फिर बढ़ने वाली हैं। इंस्पेक्टर लक्ष्मी चौहान पर अब एक महिला ने जबरन मकान खाली कराने, लूट कराने, बेटी से दुष्कर्म की कोशिश कराने के संगीन आरोप लगाए हैं। महिला का आरोप है कि इंस्पेक्टर लक्ष्मी चौहान ने आरोपियों से साठगांठ कर उसे व उसकी बेटी को जेल भेज दिया। पुलिस द्वारा कार्रवाई न करने पर महिला ने कोर्ट की शरण ली थी। पीड़िता की याचिका पर सुनवाई कर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट ने इंस्पेक्टर लक्ष्मी चौहान समेत आठ लोगों के खिलाफ केस दर्ज करने के आदेश दिए हैं।
पीड़ित महिला की तरफ से वरिष्ठ अधिवक्ता खालिद खान ने मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में अर्जी दाखिल की थी। अर्जी में बताया कि महिला लिंक रोड थानाक्षेत्र में किराए पर रहती थी। 11 सितंबर 2019 को विक्रम ठाकुर उर्फ विक्की, उसकी पत्नी शालिनी ठाकुर, मोहित भंडारी, गुनगुन ठाकुर, शिवम ठाकुर व बंटी त्यागी घर में घुस गए। महिला से छेड़छाड़ कर उसकी बेटी से दुष्कर्म की कोशिश की। आरोपियों ने हत्या की नीयत से गोली भी चलाई। महिला रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए लिंक रोड थाने की तत्कालीन एसएचओ लक्ष्मी चौहान के पास गई तो उनकी सुनवाई नहीं हुई। उल्टा मारपीट कर महिला को शहर छोड़ने की धमकी दी। इनकार करने पर इंस्पेक्टर ने महिला, उसके बेटे व बेटी के खिलाफ केस दर्ज कर जेल भेज दिया। महिला जमानत कराकर लौटी तो पता चला कि मकान की जगह खाली प्लॉट था। इसके अलावा घर में रखा कीमती सामान, 20 ग्राम सोने केजेवर, 75 हजार रुपये, एलईडी, तीन अलमारी, तीन कूलर, सोफासेट लूटकर अन्य सामान बाहर फेंक दिया गया। महिला का यह भी आरोप है कि घटना के समय आरोपियों ने उसके बेटी पर तेजाब भी फेंका, हालांकि वह बाल-बाल बच गई।
विज्ञापन

जेल से आकर हाल ही में बहाल हुई हैं लक्ष्मी चौहान
सितंबर 2019 में लिंक रोड थाने की तत्कालीन एसएचओ लक्ष्मी सिंह चौहान ने अन्य पुलिसकर्मियों के साथ एटीएम के रुपयों में गबन के आरोप में दो लोगों को गिरफ्तार किया था। जांच में पता चला कि लिखापढ़ी के दौरान बरामदगी की रकम में 70 लाख रुपये कम बरामद दर्शाए गए। जांच रिपोर्ट के आधार पर लक्ष्मी चौहान समेत सात पुलिसकर्मियों के खिलाफ केस दर्ज हुआ था। फरार होेने पर सभी पुलिसकर्मियों पर 25-25 हजार का इनाम घोषित किया गया था। कुर्की की कार्रवाई शुरू होने पर आरोपी पुलिसकर्मियों ने आत्मसमर्पण करना शुरू किया था। जमानत से लौटने के बाद हाईकोर्ट ने निलंबन से राहत दी थी, जिसके बाद हाल ही में लक्ष्मी चौहान ने बहाल होकर पुलिस लाइन में आमद दर्ज कराई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed