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Faridabad News: शहर में बढ़ रहा लावारिस कुत्तों और बंदरों का आतंक

Wed, 07 May 2025 12:11 AM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Wed, 07 May 2025 12:11 AM IST
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The terror of stray dogs and monkeys is increasing in the city
जनवरी से अप्रैल तक 10 हजार से अधिक लोग इंजेक्शन लगवा चुके हैं रेबीज का इंजेक्शन
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भारती दुबे
फरीदाबाद। शहर में लावारिस कुत्तों और बंदरों का आतंक बढ़ता जा रहा है। ऐसे में बीके अस्पताल में प्रतिदिन लगभग 80 लोग रेबीज का इंजेक्शन लगवाने के लिए पहुंचते हैं। 2025 में जनवरी से अप्रैल तक 10 हजार से अधिक लोग इंजेक्शन लगवा चुके हैं। अस्पताल में मात्र 100 रुपये में टीका लगाया जाता है जबकि निजी अस्पतालों और बाजार में इस टीके की कीमत 400 रुपये से अधिक है।

कुत्ता, बंदर और बिल्ली के काटने के बाद रेबीज का इंजेक्शन लगवाना बेहद जरूरी है। जिले में 4 सीएचसी सेंटर हैं, जिनमें अलग- अलग जगहों पर छोटे- छोटे पीएचसी सेंटर लगाए गए हैं। इसके अलावा बल्लभगढ़ सिविल अस्पताल में भी रेबीज के इंजेक्शन लगाए जाते हैं।
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4 माह में 10 हजार 467 मरीजों ने लगवाया इंजेक्शन


बीके अस्पताल की बात की जाए तो अस्पताल में 2022 में 15 हजार मरीजों ने रेबीज का इंजेक्शन लगवाया था। इसके साथ ही यह आंकड़ा बढ़ते हुए 2023 में 19 हजार तक जा पहुंचा। जिसके बाद 2024 में 25 हजार से अधिक ने इंजेक्शन लगवाया। वहीं 2025 में जनवरी से अप्रैल तक कुल 10 हजार 467 मरीज अब तक रेबीज का इंजेक्शन लगवा चुके हैं।
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72 घंटे में इंजेक्शन लगवाना आवश्यक



रेबीज का इंजेक्शन उस स्थिति में लगाया जाता है, जब किसी व्यक्ति को कुत्ता, गीदड़, बंदर और भेड़िया आदि काट लें। जानवरों के काटने के बाद मरीज को 72 घंटे के अंदर इंजेक्शन लगवाना आवश्यक है।इंजेक्शन न लगाने की स्थिति में रेबीज रोग होने का खतरा होता है।



एक मरीज को चार बार लगाया जाता है इंजेक्शन



कुत्ता काटने के बाद उसी दिन, तीसरे दिन, सातवें दिन और 28वें दिन इंजेक्शन लगवाना आवश्यक है। मरीज को इन दिनों को ध्यान में रखते हुए इंजेक्शन लगवाने चाहिए और एक भी इंजेक्शन छोड़ना नहीं चाहिए। कुत्ते के काटने के बाद कुछ लोग झाड़ फूंक करवाते हैं, लेकिन ये बिलकुल गलत है। --दीपक भारद्वाज, फार्मिस्ट, इंजेक्शन रूम



-- वर्जन

अस्पताल में रेबीज के इंजेक्शनों की कमी नहीं है। पिछले साल के मुताबिक इस साल मामलों में वृद्धि हुई है। अगर किसी को कोई जानवर काट लेता है, तो उसे तुरंत उस जगह को साबुन से या पानी से अच्छी तरह से धोना चाहिए ताकि रेबीज के कीटाणु साफ हो जाएं। अगर कोई जानवर काट लेता है तो उसे तुरंत डॉक्टर को दिखाना चाहिए वरना रेबीज होने पर यह जानलेवा साबित हो सकता है। -- एसएमओ डॉ. विकास गोयल
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