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आज से सीरो सर्वे, बच्चों की सैंपलिंग करेगा स्वास्थ्य विभाग
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फरीदाबाद। कोरोना की तीसरी लहर की संभावनाएं जानने के लिए जिले में तीन दिवसीय सीरो सर्वे कराया जाएगा। इसकी शुरुआत बुधवार से होगी। खास बात है कि इस बार बच्चों को भी सर्वे में शामिल किया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग की टीम रैंडम सैंपलिंग कर जिले में बनाए गए 33 क्लस्टर में सर्वे करेगी। यह कोरोना काल का तीसरा सीरो सर्वे होगा।
स्वास्थ्य विभाग ने संक्रमण विस्तार की सटीक जानकारी के लिए सीरो सर्वे कराया था। पूर्व में जून और अक्तूबर 2020 में यह सर्वे कराया गया था। इसमें 80 फीसदी लोग कोरोना की जद में मिले थे। हालांकि, ग्रामीण क्षेत्रों में अलग से कराए गए डोर-टू-डोर सर्वे में ज्यादातर आबादी कोरोना से सुरक्षित मिली। इस बार के सीरो सर्वे बच्चों पर फोकस रहेगा। सर्वे में छह से 17 वर्ष तक के बच्चे व किशोर शामिल हैं।
60-40 के अनुपात में ग्रामीण-शहरी क्षेत्र में होगी सैंपलिंग
स्वास्थ्य विभाग ने 33 क्लस्टर बनाए हैं। इनमें से 20 ग्रामीण क्षेत्रों में हैं। वहीं, 13 शहरी क्षेत्रों में बनाए गए हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में भटपुरा, जाजरू, चीरसी, मंधावली, मौजाबाद माजरा, रायकलां, आलमपुर, मादलपुर, बुढ़ैना, फतेहपुर चंदीला, महावतपुर, राहुल कॉलोनी, सेहतपुर खादर, समयपुर, मोहना, पन्हेड़ाकलां, अलीपुर, भतोला, बुआपुर और नीमका को शामिल किया गया है। वहीं, ग्रामीण क्षेत्रों में वार्ड नंबर नौ, 15, 16, 17, 18, 20, 30, 32, 34, 35, 39 और 40 को शामिल किया गया है। प्रत्येक क्लस्टर को चार भागों में विभाजित किया गया है। विभाजित हिस्सों के एक भाग में दस लोगों की सैंपलिंग की जाएगी।
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सीरो सर्वे में यदि बच्चों में अधिक एंटी बॉडी मिलती है तो कोरोना की संभावित लहर में उनके लिए कम खतरा होगा। हालांकि, अभी कुछ भी कहना मुश्किल है।
- डॉ. विनय गुप्ता, मुख्य चिकित्सा अधिकारी
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स्वास्थ्य विभाग ने संक्रमण विस्तार की सटीक जानकारी के लिए सीरो सर्वे कराया था। पूर्व में जून और अक्तूबर 2020 में यह सर्वे कराया गया था। इसमें 80 फीसदी लोग कोरोना की जद में मिले थे। हालांकि, ग्रामीण क्षेत्रों में अलग से कराए गए डोर-टू-डोर सर्वे में ज्यादातर आबादी कोरोना से सुरक्षित मिली। इस बार के सीरो सर्वे बच्चों पर फोकस रहेगा। सर्वे में छह से 17 वर्ष तक के बच्चे व किशोर शामिल हैं।
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60-40 के अनुपात में ग्रामीण-शहरी क्षेत्र में होगी सैंपलिंग
स्वास्थ्य विभाग ने 33 क्लस्टर बनाए हैं। इनमें से 20 ग्रामीण क्षेत्रों में हैं। वहीं, 13 शहरी क्षेत्रों में बनाए गए हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में भटपुरा, जाजरू, चीरसी, मंधावली, मौजाबाद माजरा, रायकलां, आलमपुर, मादलपुर, बुढ़ैना, फतेहपुर चंदीला, महावतपुर, राहुल कॉलोनी, सेहतपुर खादर, समयपुर, मोहना, पन्हेड़ाकलां, अलीपुर, भतोला, बुआपुर और नीमका को शामिल किया गया है। वहीं, ग्रामीण क्षेत्रों में वार्ड नंबर नौ, 15, 16, 17, 18, 20, 30, 32, 34, 35, 39 और 40 को शामिल किया गया है। प्रत्येक क्लस्टर को चार भागों में विभाजित किया गया है। विभाजित हिस्सों के एक भाग में दस लोगों की सैंपलिंग की जाएगी।
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सीरो सर्वे में यदि बच्चों में अधिक एंटी बॉडी मिलती है तो कोरोना की संभावित लहर में उनके लिए कम खतरा होगा। हालांकि, अभी कुछ भी कहना मुश्किल है।
- डॉ. विनय गुप्ता, मुख्य चिकित्सा अधिकारी