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Faridabad News: खनन विभाग की सूचना लीक करने पर चालक व निरीक्षक पर केस दर्ज
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छापेमारी से पहले खनन माफियाओं को खबरदार करने का आरोप
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। ओवरलोड डंपर पर रेड करने से पहले ही खनन माफिया को खनन अधिकारियों की लोकेशन का पता लग जाता था। इधर, टीम रेड के लिए निकलती उधर माफिया अपना रूट बदल लेते। विभाग की जांच में पाया गया कि खनन विभाग का ही एक निरीक्षक और चालक खनन माफियाओं से मिले हुए हैं। इतना ही नहीं आरोपी अपने निजी वाहनों पर हरियाणा सरकार का स्टीकर लगाकर अवैध वसूली भी करते हैं। खनन विभाग की शिकायत पर एनआईटी थाना पुलिस ने मामला दर्ज करके जांच शुरू कर दी है।
खनन विभाग की तरफ से दी शिकायत में कहा गया कि चालक अमर कुमार व निरीक्षक निर्मला शर्मा आउटसोर्स पर विभाग में कार्यरत हैं। आरोप हैं कि अमर कुमार ने अपनी निजी कार पर हरियाणा सरकार का स्टीकर लगा रखा था। कुछ दिन पहले विभाग को एक वीडियो मिला, जिसमें स्टीकर दिखाई दे रहा था। इसके बाद आरोपी ने स्टीकर हटा लिया। आरोप है चालक व निरीक्षक निर्मला शर्मा खनन माफियाओं से अवैध वसूली करते थे। इसके साथ ही छापेमारी की सूचना पहले ही खनन माफियाओं को दे देते थे। जैसे ही टीम कार्यालय से बाहर निकलती आरोपी टीम की लाइव लोकेशन खनन माफियाओं को भेज देते थे। विभाग की अंदरूनी जांच में मामला पकड़ा गया। इसके बाद आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कराया गया। पुलिस मामले की जांच के साथ आरोपियों की तलाश में जुट गई है।
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क्राइम ब्रांच ने पिछले साल पकड़ा था आरपार गैंग
साल 2022 में क्राइम ब्रांच सेक्टर-65 ने आर-पार गिरोह का पर्दाफाश किया था। इसमें एक चाय बेचने वाला और एक पाली निवासी युवक की गिरफ्तारी भी हुई थी। आरोपी सभी ट्रक चालकों से अवैध वसूली करते थे। इसके बदले में वह खनन विभाग की रेड की सूचना चालकों को पहले ही दे देते थे। आरोपियों ने इसमें पूरा गिरोह बना रखा था। जिसमें अधिकारी की गाड़ी के कार्यालय आने से लेकर घर जाने तक की सूचना आरोपियों के पास होती थी। इसमें तत्कालीन खनन अधिकारी का नाम भी जांच में सामने आया था।
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संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। ओवरलोड डंपर पर रेड करने से पहले ही खनन माफिया को खनन अधिकारियों की लोकेशन का पता लग जाता था। इधर, टीम रेड के लिए निकलती उधर माफिया अपना रूट बदल लेते। विभाग की जांच में पाया गया कि खनन विभाग का ही एक निरीक्षक और चालक खनन माफियाओं से मिले हुए हैं। इतना ही नहीं आरोपी अपने निजी वाहनों पर हरियाणा सरकार का स्टीकर लगाकर अवैध वसूली भी करते हैं। खनन विभाग की शिकायत पर एनआईटी थाना पुलिस ने मामला दर्ज करके जांच शुरू कर दी है।
खनन विभाग की तरफ से दी शिकायत में कहा गया कि चालक अमर कुमार व निरीक्षक निर्मला शर्मा आउटसोर्स पर विभाग में कार्यरत हैं। आरोप हैं कि अमर कुमार ने अपनी निजी कार पर हरियाणा सरकार का स्टीकर लगा रखा था। कुछ दिन पहले विभाग को एक वीडियो मिला, जिसमें स्टीकर दिखाई दे रहा था। इसके बाद आरोपी ने स्टीकर हटा लिया। आरोप है चालक व निरीक्षक निर्मला शर्मा खनन माफियाओं से अवैध वसूली करते थे। इसके साथ ही छापेमारी की सूचना पहले ही खनन माफियाओं को दे देते थे। जैसे ही टीम कार्यालय से बाहर निकलती आरोपी टीम की लाइव लोकेशन खनन माफियाओं को भेज देते थे। विभाग की अंदरूनी जांच में मामला पकड़ा गया। इसके बाद आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कराया गया। पुलिस मामले की जांच के साथ आरोपियों की तलाश में जुट गई है।
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क्राइम ब्रांच ने पिछले साल पकड़ा था आरपार गैंग
साल 2022 में क्राइम ब्रांच सेक्टर-65 ने आर-पार गिरोह का पर्दाफाश किया था। इसमें एक चाय बेचने वाला और एक पाली निवासी युवक की गिरफ्तारी भी हुई थी। आरोपी सभी ट्रक चालकों से अवैध वसूली करते थे। इसके बदले में वह खनन विभाग की रेड की सूचना चालकों को पहले ही दे देते थे। आरोपियों ने इसमें पूरा गिरोह बना रखा था। जिसमें अधिकारी की गाड़ी के कार्यालय आने से लेकर घर जाने तक की सूचना आरोपियों के पास होती थी। इसमें तत्कालीन खनन अधिकारी का नाम भी जांच में सामने आया था।
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