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पीड़ित की आखों में आंसूओं के बाद भी नहीं पसीजे पुलसवाले
ब्यूरो/अमर उजाला, नोएडा
Updated Sun, 17 Jul 2016 12:57 AM IST
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पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
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ग्रेनो पुलिस की कार्यशैली का हाल यह है कि कार चोरी की रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए पीड़ित एक महीने से नॉलेज पार्क थाने के चक्कर लगा रहा है। पुलिस उसे कागजों के खेल में दौड़ा रही है।
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उसकी दी शिकायत को भी लेने की पुलिस ने जहमत नहीं उठाई। मैनपुरी से आने वाले पीड़ित की एक माह बाद भी रिपोर्ट दर्ज नहीं हुई, तो उसकी आंखों में आंसू आ गए, लेकिन पुलिसवाले नहीं पसीजे।
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मूलरूप से मैनपुरी के बेवर थाना स्थित बीलपुर खास गांव निवासी चालक नंदकिशोर, अपने ही गांव के कन्हैया कुमार की बोलेरो कार चलाता था। 17 जून को रबूपुरा थाना क्षेत्र में एक दुर्घटना में तीन लोगों की मौत हो गई थी।
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मृतकों में नंदकिशोर का भाई भी था। सूचना पर 17 जून को वह बोलेरो कार से ग्रेटर नोएडा स्थित कैलाश अस्पताल आया था। इसी दौरान सर्विस रोड पर खड़ी उसकी बोलेरो कार चोरी हो गई। कागजात भी चोरी हुई कार में ही थे।
वारदात की जानकारी होने पर उसने पहले 100 नंबर पर कॉल कर मामले की सूचना दी। इसके बाद नॉलेज पार्क थाने में मामले की शिकायत दी। यहां मौजूद पुलिसकर्मियों ने उसे गाड़ी के पूरे कागजात लाने को कहा।
इसके बाद वह मैनपुरी से पेपर लेकर भी आया, तो कभी थाना प्रभारी के मौके पर न होने और कभी अन्य कारणों से उसे वापस कर दिया गया। शनिवार को भी पुलिसकर्मियों ने थाना प्रभारी के न होने का बहाना बनाकर उसे वापस कर दिया। इस दौरान उसकी शिकायत भी नहीं ली गई।