{"_id":"679155caaedde2ae3305cfb0","slug":"bharat-rang-mahotsav-from-january-28-for-the-first-time-sex-workers-and-transgenders-will-perform-2025-01-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Delhi : भारत रंग महोत्सव 28 जनवरी से, पहली बार सेक्स वर्कर और ट्रांसजेंडर नाटक में देंगे प्रस्तुति","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Delhi : भारत रंग महोत्सव 28 जनवरी से, पहली बार सेक्स वर्कर और ट्रांसजेंडर नाटक में देंगे प्रस्तुति
Thu, 23 Jan 2025 02:02 AM IST
दुष्यंत शर्मा
दीपक कार्की, अमर उजाला, नई दिल्ली
दीपक कार्की, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Thu, 23 Jan 2025 02:02 AM IST
सार
महोत्सव का उद्घाटन 28 जनवरी को दोपहर तीन बजे नई दिल्ली के कमानी ऑडिटोरियम में किया जाएगा। इसमें 20 दिनों तक नौ अलग-अलग देशों की 200 से ज्यादा अनूठी प्रस्तुतियां दिखाई जाएंगी।
विज्ञापन
एनएसडी वर्कशॉप
विस्तार
केंद्रीय संस्कृति मंत्रालय के अधीनस्थ नेशनल स्कूल ऑफ ड्रामा (एनएसडी) में पहली बार सेक्स वर्कर और ट्रांसजेंडर भी प्रस्तुति देंगे। एनएसडी की ओर से 28 जनवरी से 16 फरवरी के बीच भारंगम (भारत रंग महोत्सव) का आयोजन होगा। इसके लिए सेक्स वर्कर को नाट्य प्रस्तुति के लिए एनएसडी की महिला कलाकार नाटक की ट्रेनिंग देंगी। दिल्ली पुलिस से भी इसके लिए मदद मांगी गई है।
विज्ञापन
नेशनल स्कूल ऑफ ड्रामा के निदेशक चितरंजन त्रिपाठी ने बताया कि भारंगम को इस बार 25 साल और एनएसडी की रेपर्टरी कंपनी को 60 साल पूरे हो गए हैं। इस दौरान हर वर्ग के लोगों को थिएटर से जोड़ने की तैयारी है। हमारा प्रयास है कि हर वर्ग तक रंगकर्म पहुंचे। रंगकर्म के तहत बौद्धिक विकास और पर्सनालिटी डेवलेपमेंट है, जिसका नाट्यशास्त्र में भी जिक्र है।
विज्ञापन
दिल्ली पुलिस कर रही सहयोग
सेक्स वर्कर को भारत रंग महोत्सव के माध्यम से स्टेज पर प्रस्तुति करवाने की कोशिश है। इसके लिए उनकी सहमति ली जाएगी। इसमें उनकी निजता व सुरक्षा का भी ध्यान रखा जाएगा। महिला क्रू मेंबर (कलाकार, प्रशासनिक समेत अन्य) सेक्स वर्कर को घर पर जाकर ट्रेनिंग देंगी। निदेशक ने बताया कि यदि वह स्टेज पर प्रस्तुति देने में असहज होंगी तो उनके इलाके में ही विशेष मंच तैयार करके नाटक प्रस्तुति का मौका भी दिया जाएगा। दिल्ली पुलिस से इसके लिए सहयोग और अनुमति मांगी है। इसमें कुछ एनजीओ भी सहयोग कर रहे हैं।
विज्ञापन
एनएसडी का भारत रंग महोत्सव 28 से
राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय (एनएसडी) ने बुधवार को अपने 26वें भारत रंग महोत्सव (भारंगम) की घोषणा की। संवाददाता सम्मेलन के दौरान विद्यालय के निदेशक चितरंजन त्रिपाठी ने जानकारी दी कि देशभर व दुनिया के 13 शहरों में यह उत्सव मनाया जाएगा। इस बार नई पहल के साथ कोलंबो (श्रीलंका) और काठमांडू, दो अंतरराष्ट्रीय शहरों में भी रंग-प्रस्तुतियां मन मोंहेंगी।
त्रिपाठी ने बताया कि इस दौरान निर्देशक-दर्शक संवाद, कार्यशालाएं और मास्टरक्लास का भी आयोजन होगा। इसके अलावा, एनएसडी की रेपर्टरी कंपनी की 60वीं वर्षगांठ मनाई जाएगी। महोत्सव का आयोजन 28 जनवरी से 16 फरवरी के बीच होगा। निदेशक ने बताया कि इस वर्ष आयोजन की थीम एक रंग : श्रेष्ठ रंग रहेगी। मशहूर अभिनेता और एनएसडी के पूर्व छात्र राजपाल यादव महोत्सव के रंग दूत होंगे। भारंगम के इस बार 25वें साल पूरे हो रहे हैं, एनएसडी ने इसे दुनिया के सबसे बड़े रंगमंच महोत्सव बनाने का दावा किया है। इसे गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड में शामिल करने की तैयारी की गई है।
महोत्सव का उद्घाटन 28 जनवरी को दोपहर तीन बजे नई दिल्ली के कमानी ऑडिटोरियम में किया जाएगा। इसमें 20 दिनों तक नौ अलग-अलग देशों की 200 से ज्यादा अनूठी प्रस्तुतियां दिखाई जाएंगी। इसमें हिस्सा लेने वाले अंतरराष्ट्रीय थियेटर समूहों में रूस, इटली, जर्मनी, नॉर्वे, चेक गणराज्य, नेपाल, ताइवान, स्पेन और श्रीलंका से शामिल हैं। यह पहली बार होगा, जब यह महोत्सव देश के बाहर जाएगा।
छात्रों द्वारा संचालित समानांतर महोत्सव भी बिखेरेगा छटा
भारत रंग महोत्सव के साथ-साथ विद्यार्थियों द्वारा संचालित एक समानांतर महोत्सव का भी आयोजन किया जाएगा। इस दौरान एनएसडी के छात्रों को विभिन्न विषयों के छात्रों से जुड़ने, अन्य विश्वविद्यालयों में अध्ययन करने और प्रदर्शन कलाओं का अभ्यास करने का मौका मिलेगा। इसमें स्ट्रीट थिएटर, लोक बैंड, ओपन स्टेज व वार्ता जैसे अन्य दूसरे कार्यक्रम छटा बिखेरते नजर आएंगे। इसका पूरा प्रबंधन एनएसडी के प्रथम, द्वितीय और तृतीय वर्ष के छात्र करेंगे।
प्रस्तुतियों के बीच होंगी कई गतिविधियां
चितरंजन त्रिपाठी ने बताया कि भारंगम के दौरान साहित्य प्रेमियों के लिए श्रुति नामक एक विशेष कार्यक्रम में पुस्तक विमोचन और साहित्यिक चर्चा होगी। वहीं, रंग हाट में खरीदारी का लुत्फ उठाया जा सकेगा। जबकि ‘फूड बाजार’ स्वादिष्ट व्यंजन परोसता नजर आएगा। त्रिपाठी का दावा है कि ये गतिविधियां रंगमंच के जादू को और भी खास बना देंगी।