थप्पड़ का बदला कत्ल से लिया: 15-16 साल के लकड़ों ने चाकू से किए वार, मृतक लक्की को पहले से जानते थे हत्यारोपी
सीलमपुर में थप्पड़ का बदला लेने के लिए नाबालिगों ने 17 साल के लक्की की चाकू मारकर हत्या कर दी। पुलिस ने दो नाबालिग आरोपियों को पकड़ा। इलाके में तनाव के बाद अतिरिक्त पुलिस बल तैनात है।
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दिल्ली के सीलमपुर इलाके में थप्पड़ मारने का बदला लेने के लिए नाबालिगों ने 17 साल के नाबालिग पर चाकू से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। नाबालिग खुद को बचाने के लिए भागा, लेकिन आरोपियों ने दौड़ा-दौड़ा कर उसपर तब तक चाकू से हमला करते रहे, जब तक उसकी मौत नहीं हो गई। मृतक की शिनाख्त लक्की के रूप में हुई है। पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर घटना के कुछ ही घंटे बाद दो नाबालिग आरोपियों को पकड़ लिया। पुलिस ने इनके कब्जे से चाकू व बाइक बरामद की है।
उत्तर पूर्वी जिला पुलिस उपायुक्त राहुल अलवाल ने बताया कि बुधवार रात करीब नौ बजे सीलमपुर थाना पुलिस को गौतमपुरी की गली नंबर चार में एक नाबालिग को चाकू मारने की जानकारी मिली। मौके पर पहुंची पुलिस को पता चला कि घायल को उसका चचेरा भाई जग प्रवेश चंद्र अस्पताल लेकर गया है। अस्पताल पहुंचने पर पता चला कि डॉक्टरों ने नाबालिग को मृत घोषित कर दिया है।
पूछताछ में उसकी शिनाख्त लक्की कुमार के रूप में हुई। वह गौतमपुरी इलाके में परिवार के साथ रहता था। परिवार में बहन-दो भाई व अन्य सदस्य हैं। माता पिता की पहले की मौत हो चुकी है। पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर लिया। क्राइम और फोरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य हासिल किए।
पुलिस ने स्पेशल स्टाफ के निरीक्षक अरविंद और थाना प्रभारी नरपाल सिंह के नेतृत्व में टीम गठित की। टीम ने सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल कर आरोपियों के बारे में जानकारी जुटाई और गुप्त सूचना पर 15-16 साल के दो नाबालिग आरोपियों को पकड़ लिया। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने बताया कि वह एक दूसरे को अच्छे से जानते थे। लक्की ने कुछ दिन पहले झगड़े के दौरान एक नाबालिग आरोपी को थप्पड़ मार दिया था। जिसका बदला लेने के लिए उसने दोस्तों के साथ वारदात को अंजाम दिया। पुलिस भागे हुए तीसरे आरोपी को पकड़ने के लिए दबिश दे रही है।
इलाके में शांति बहाली के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात
लक्की की मौत के बाद हमला करने वालों के दूसरे समुदाय से होने का खुलासा होने पर वहां का तनाव फैल गया। वहां सैकड़ों की संख्या में लोग जमा हो गए। लोगों ने मौके पर पहुंचे जिला पुलिस उपायुक्त के सामने ही पुलिस के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि इलाके में देर रात तक बाजार खुली रहती है, लेकिन पुलिस की गश्त नहीं होती।
लोगों ने पुलिस उपायुक्त से आरोपियों का एनकाउंटर करने की मांग की। पुलिस उपायुक्त ने बताया कि यह वारदात सांप्रदायिक नहीं है। हमलावर और मृतक एक दूसरे को जानते थे और आपसी विवाद की वजह से हत्या की गई है। ऐसे में माहौल खराब न हो इसके लिए इलाके में एहतियात तौर पर सुरक्षाबलों को तैनात कर दिया गया है।