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नुक्कड़ नाटक से बताया बालिका शिक्षा का महत्व
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ब्यूरो/अमर उजाला, विकासनगर
बाल विकास विभाग के साथ मिलकर धूमसू जौनसारी जनजाति सांस्कृतिक और सामाजिक संस्था की टीम ने शुक्रवार को बालिका शिक्षा के प्रति जागरूक किया। टीम ने भीमावाला, अस्पताल रोड, जीवनगढ़, ढकरानी, सहसपुर ब्लॉक के निगम रोड सेलाकुई, छरबा, बंजारा बस्ती सेलाकुई, जूलो में नुक्कड़ नाटक के माध्यम से लोगों को बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ के प्रति जागरूक किया।
टीम के सदस्यों ने साधारण ग्रामीण भाषा शैली में नुक्कड़ नाटक के माध्यम से लोगों के दिलों में बेटी के प्रति संवेदना पैदा करने के साथ ही बालिका शिक्षा का महत्व बताया। इससे पूर्व धूमसू कला मंच की निर्देशक शांति वर्मा तन्हा ने कहा कि शिक्षित बेटी ही समाज की जिम्मेदार और आत्मनिर्भर महिला बनती है। साथ ही शिक्षित महिला शोषण के खिलाफ अन्य महिलाओं को भी जागरूक करती है। कहा कि बेटियां संवेदनशील होती हैं, जो परिवार के साथ ही समाज की परिस्थितियों को आसानी से समझतीं हैं। यदि उन्हें सामाजिक मसलों का हल करने का मौका दिया जाए तो समाज विकृतियों से विहीन हो जाएगा। टीम में बाल विकास परियोजना अधिकारी तरुणा चमोला, देव थपलियाल, ईशा क्षेत्री, विनीत, संजना, राज, शिवानी, रिंकू, सचिन वर्मा, कैलाश, मीना, धीरज चौहान, शिवम नौटियाल आदि शामिल रहे।
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बाल विकास विभाग के साथ मिलकर धूमसू जौनसारी जनजाति सांस्कृतिक और सामाजिक संस्था की टीम ने शुक्रवार को बालिका शिक्षा के प्रति जागरूक किया। टीम ने भीमावाला, अस्पताल रोड, जीवनगढ़, ढकरानी, सहसपुर ब्लॉक के निगम रोड सेलाकुई, छरबा, बंजारा बस्ती सेलाकुई, जूलो में नुक्कड़ नाटक के माध्यम से लोगों को बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ के प्रति जागरूक किया।
टीम के सदस्यों ने साधारण ग्रामीण भाषा शैली में नुक्कड़ नाटक के माध्यम से लोगों के दिलों में बेटी के प्रति संवेदना पैदा करने के साथ ही बालिका शिक्षा का महत्व बताया। इससे पूर्व धूमसू कला मंच की निर्देशक शांति वर्मा तन्हा ने कहा कि शिक्षित बेटी ही समाज की जिम्मेदार और आत्मनिर्भर महिला बनती है। साथ ही शिक्षित महिला शोषण के खिलाफ अन्य महिलाओं को भी जागरूक करती है। कहा कि बेटियां संवेदनशील होती हैं, जो परिवार के साथ ही समाज की परिस्थितियों को आसानी से समझतीं हैं। यदि उन्हें सामाजिक मसलों का हल करने का मौका दिया जाए तो समाज विकृतियों से विहीन हो जाएगा। टीम में बाल विकास परियोजना अधिकारी तरुणा चमोला, देव थपलियाल, ईशा क्षेत्री, विनीत, संजना, राज, शिवानी, रिंकू, सचिन वर्मा, कैलाश, मीना, धीरज चौहान, शिवम नौटियाल आदि शामिल रहे।
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