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पीजी कॉलेज के श्रीदेव सुमन विवि को हस्तांतरित होने की प्रक्रिया शुरु
Updated Mon, 12 Feb 2018 10:36 PM IST
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गोपेश्वर। राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय गोपेश्वर के श्रीदेव सुमन विश्वविद्यालय को हस्तांतरित होने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। सोमवार को विवि की टीम ने महाविद्यालय की परिसंपत्तियों के दस्तावेजों को खंगाला। विवि का यह पहला अपना कैंपस होगा।
पीजी कॉलेज गोपेश्वर का संचालन अभी तक गढ़वाल केंद्रीय विवि की ओर से किया जाता था। वर्ष 2017 में गोपेश्वर महाविद्यालय को श्रीदेवसुमन विवि के कैंपस का शासनादेश जारी किया गया। अब विवि प्रशासन ने महाविद्यालय के हस्तांतरण की प्रक्रिया शुरू कर दी है। श्रीदेव सुमन विवि के कुलसचिव दिनेश चंद्रा ने बताया कि विवि के कुलपति प्रो. यूएस रावत के निर्देश पर विवि की टीम ने महाविद्यालय की परिसंपत्तियों का अधिग्रहण शुरू कर दिया है। उन्होंने बताया कि गोपेश्वर महाविद्यालय परिसर 2.83 हेक्टेयर में फैला है। यहां 11 भवन, छह टिन शेड और दो स्थायी छात्रावास हैं। छात्रा हॉस्टल का निर्माण लंबे समय से आधा-अधूरा पड़ा है। निर्माणदायी संस्था और महाविद्यालय प्रशासन से हॉस्टल के निर्माण में खर्च किए गए बजट और निर्माण कार्य रुके होने की रिपोर्ट मांगी जाएगी। विवि की टीम में कुलसचिव के अलावा उच्च शिक्षा निदेशक के प्रतिनिधि प्रो. जीएस रजवार, सहायक परीक्षा नियंत्रक डा. हेमंत बिष्ट, विवि के सहायक कुलसचिव विमल मिश्रा और महाविद्यालय प्राचार्य डा. केएल मालगुड़ी शामिल थे।
अतिक्रमण हटाना होगा विवि प्रशासन के लिए चुनौती
गोपेश्वर। श्रीदेव सुमन विवि प्रशासन को गोपेश्वर महाविद्यालय के चारों ओर हो रहे अतिक्रमण पर प्रभावी रोक लगाने की चुनौती होगी। यहां लगातार कालेज की भूमि पर अतिक्रमण हो रहा है। कई बार प्रशासन की ओर से अतिक्रमण हटाने का प्रयास भी किया गया, लेकिन अतिक्रमण को पूरी तरह से नहीं हटाया जा सका है। विवि के कुलसचिव दिनेश चंद्रा ने कहा कि जल्द ही महाविद्यालय भूमि का तहसील प्रशासन की मदद से सीमांकन किया जाएगा। महाविद्यालय भूमि पर किसी भी प्रकार से अतिक्रमण नहीं होने दिया जाएगा।
पीजी कॉलेज गोपेश्वर का संचालन अभी तक गढ़वाल केंद्रीय विवि की ओर से किया जाता था। वर्ष 2017 में गोपेश्वर महाविद्यालय को श्रीदेवसुमन विवि के कैंपस का शासनादेश जारी किया गया। अब विवि प्रशासन ने महाविद्यालय के हस्तांतरण की प्रक्रिया शुरू कर दी है। श्रीदेव सुमन विवि के कुलसचिव दिनेश चंद्रा ने बताया कि विवि के कुलपति प्रो. यूएस रावत के निर्देश पर विवि की टीम ने महाविद्यालय की परिसंपत्तियों का अधिग्रहण शुरू कर दिया है। उन्होंने बताया कि गोपेश्वर महाविद्यालय परिसर 2.83 हेक्टेयर में फैला है। यहां 11 भवन, छह टिन शेड और दो स्थायी छात्रावास हैं। छात्रा हॉस्टल का निर्माण लंबे समय से आधा-अधूरा पड़ा है। निर्माणदायी संस्था और महाविद्यालय प्रशासन से हॉस्टल के निर्माण में खर्च किए गए बजट और निर्माण कार्य रुके होने की रिपोर्ट मांगी जाएगी। विवि की टीम में कुलसचिव के अलावा उच्च शिक्षा निदेशक के प्रतिनिधि प्रो. जीएस रजवार, सहायक परीक्षा नियंत्रक डा. हेमंत बिष्ट, विवि के सहायक कुलसचिव विमल मिश्रा और महाविद्यालय प्राचार्य डा. केएल मालगुड़ी शामिल थे।
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अतिक्रमण हटाना होगा विवि प्रशासन के लिए चुनौती
गोपेश्वर। श्रीदेव सुमन विवि प्रशासन को गोपेश्वर महाविद्यालय के चारों ओर हो रहे अतिक्रमण पर प्रभावी रोक लगाने की चुनौती होगी। यहां लगातार कालेज की भूमि पर अतिक्रमण हो रहा है। कई बार प्रशासन की ओर से अतिक्रमण हटाने का प्रयास भी किया गया, लेकिन अतिक्रमण को पूरी तरह से नहीं हटाया जा सका है। विवि के कुलसचिव दिनेश चंद्रा ने कहा कि जल्द ही महाविद्यालय भूमि का तहसील प्रशासन की मदद से सीमांकन किया जाएगा। महाविद्यालय भूमि पर किसी भी प्रकार से अतिक्रमण नहीं होने दिया जाएगा।
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