मोदी सरकार के बजट से क्यों निराश हैं हरियाणा के पूर्व सैनिक, जानें क्या कहा
केंद्र सरकार द्वारा शुक्रवार को पेश किए गए आम बजट से पूर्व सैनिकों को निराश होना पड़ा है। हालांकि पूर्व सैनिकों को बजट को कोई खाश उम्मीद भी नहीं थी, लेकिन उनको बजट में शामिल किया जाना था। आम बजट में पूर्व सैनिकों के लिए कोई भी प्रावधान नहीं किए जाने से मायूसी रही। बजट को लेकर पूर्व सेना अधिकारियों से बातचीत की।
बजट में पूर्व सैनिकों के लिए कोई प्रावधान नहीं किए जाने से थोड़ी मायूसी है, लेकिन पूर्व सैनिकों की कोई विशेष मांग भी नहीं थी। आयकर में छूट की मांग को केंद्र सरकार द्वारा अंतरिम बजट में मान लिया गया था। - डॉ टीसी राव
आम बजट में पूर्व सैनिकों को शामिल नहीं किए जाने से थोड़ी मायूसी है, लेकिन इस बजट से उन्हें कोई विशेष उम्मीद भी नहीं थी। - कैप्टन रामचंद्र
केंद्र सरकार द्वारा पेश किए गए आम बजट में पूर्व सैनिकों के लिए कोई प्रावधान नहीं रखे जाने से निराशा है। सरकार को आम बजट में पूर्व सैनिकों का भी ध्यान रखना चाहिए था। सैनिकों का जीवन देश के लिए न्यौछावर होता है। उसके बावजूद भी बजट नजर अंदाज करना अच्छी बात नहीं है। -कैप्टन श्याम लाल
आम बजट में सरकार ने सभी वर्गों को खुश रखने का प्रयास किया है, लेकिन पूर्व सैनिकों की ओर कतई ध्यान नहीं दिया गया है। देश की सुरक्षा का पूरा भार सैनिकों के कंधों पर होता है। उसके बावजूद भी बजट में शामिल नहीं किया जाना चिंता का विषय है। - सूबेदार सोहन लाल