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चार हजार रुपये भेड़-बकरी और 100 रुपये प्रति मुर्गी मुआवजा देगी सरकार : मुंडियां
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अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। कैबिनेट मंत्री हरदीप सिंह मुंडियां ने कहा कि विपक्ष यह आरोप लगाता रहा है कि सरकार फसलों व पशुओं का मुआवजा नहीं दे रही है जबकि मैं यह स्पष्ट कर देना चाहता हूं कि फसलों के साथ ही सरकार बाढ़ से प्रभावित भेड़ बकरियों का भी मुआवजा देगी। उन्होंने कहा कि सरकार 4 हजार रुपये प्रति भेड़-बकरी और 100 रुपये प्रति मुर्गी मुआवजा दिया जाएगा। अगर विपक्ष के भी भेड़-बकरी या मुर्गियों का नुकसान हुआ है तो वह उसकी सूची हमें सौंप सकता है। उनके सभी नुकसान मुआवजा सरकार की तरफ से दिया जाएगा।
कांग्रेस और अकाली-भाजपा की लापरवाही बाढ़ का कारण बनी: अमन अरोड़ा
कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा ने विधानसभा में पंजाब के पुनर्वास प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान कहा कि पिछली कांग्रेस और अकाली-भाजपा सरकारों और केंद्र की लापरवाही बाढ़ का कारण बनी। अरोड़ा ने कहा कि कांग्रेस सरकार ने 2017 में ब्यास नदी के 260 किलोमीटर लंबे हिस्से को रामसर साइट घोषित करने का फैसला लिया जिसने नदी को साफ करने की प्रक्रिया को कानूनी रूप से जटिल बना दिया। इससे चार-पांच जिलों में बाढ़ का सीधा प्रभाव पड़ा। गाद ने गोबिंद सागर जल भंडार की क्षमता को 25 प्रतिशत तक घटा दिया है। एक रिपोर्ट का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि हरिके झील की पानी भंडारण क्षमता 56 प्रतिशत घट गई है। उन्होंने कहा कि राजस्थान सरकार मुख्य रूप से हरिके बैराज के पानी का लाभ ले रही है, लेकिन कई पत्र लिखे जाने के बावजूद उसने हरिके झील से गाद निकालने की लागत में योगदान देने से साफ इन्कार कर दिया है।
अरोड़ा ने कहा कि केंद्र सरकार राज्य को गैर-रिपेरियन पड़ोसी राज्यों को पानी देने के लिए मजबूर करती है, जबकि रिपेरियन राज्य को जब बाढ़ का सामना करना पड़ता है तो साथ नहीं दिया जाता है। उन्होंने कहा कि हर साल बीएसएफ की चौकियां बाढ़ के चपेट में आती हैं लेकिन केंद्र सरकार रावी नदी से गाद निकलने की अनुमति नहीं दी दे हैं। बीएसएफ की चौकियों पर राज्य सरकार 500 करोड़ रन्येए खर्च कर चुकी है लेकिन केंद्र पैसे नहीं दे रहा है।
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ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पीएम के साथ खड़ा
था पूरा पंजाब, अब मान का दें साथ : डॉ. बलबीर
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पूरा पंजाब पीएम मोदी के साथ खड़ा रहा और अब बाढ़ के बाद हर सभी को सीएम मान के साथ खड़े होने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य कैंप लगाकर बाढ़ प्रभावित इलाकों में बीमारियों को फैलने से रोका गया। उन्होंने कहा कि अब तक 4,740 स्वास्थ्य शिविर लगाए गए हैं, जिनमें लगभग 2.5 लाख लोगों को इलाज और दवाएं प्रदान की गई हैं। बॉर्डर एरिया में तैनात हेल्थ कर्मचरियों को हाइ रिस्क अलाउंस देने की वकालत की।
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चंडीगढ़। कैबिनेट मंत्री हरदीप सिंह मुंडियां ने कहा कि विपक्ष यह आरोप लगाता रहा है कि सरकार फसलों व पशुओं का मुआवजा नहीं दे रही है जबकि मैं यह स्पष्ट कर देना चाहता हूं कि फसलों के साथ ही सरकार बाढ़ से प्रभावित भेड़ बकरियों का भी मुआवजा देगी। उन्होंने कहा कि सरकार 4 हजार रुपये प्रति भेड़-बकरी और 100 रुपये प्रति मुर्गी मुआवजा दिया जाएगा। अगर विपक्ष के भी भेड़-बकरी या मुर्गियों का नुकसान हुआ है तो वह उसकी सूची हमें सौंप सकता है। उनके सभी नुकसान मुआवजा सरकार की तरफ से दिया जाएगा।
कांग्रेस और अकाली-भाजपा की लापरवाही बाढ़ का कारण बनी: अमन अरोड़ा
कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा ने विधानसभा में पंजाब के पुनर्वास प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान कहा कि पिछली कांग्रेस और अकाली-भाजपा सरकारों और केंद्र की लापरवाही बाढ़ का कारण बनी। अरोड़ा ने कहा कि कांग्रेस सरकार ने 2017 में ब्यास नदी के 260 किलोमीटर लंबे हिस्से को रामसर साइट घोषित करने का फैसला लिया जिसने नदी को साफ करने की प्रक्रिया को कानूनी रूप से जटिल बना दिया। इससे चार-पांच जिलों में बाढ़ का सीधा प्रभाव पड़ा। गाद ने गोबिंद सागर जल भंडार की क्षमता को 25 प्रतिशत तक घटा दिया है। एक रिपोर्ट का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि हरिके झील की पानी भंडारण क्षमता 56 प्रतिशत घट गई है। उन्होंने कहा कि राजस्थान सरकार मुख्य रूप से हरिके बैराज के पानी का लाभ ले रही है, लेकिन कई पत्र लिखे जाने के बावजूद उसने हरिके झील से गाद निकालने की लागत में योगदान देने से साफ इन्कार कर दिया है।
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अरोड़ा ने कहा कि केंद्र सरकार राज्य को गैर-रिपेरियन पड़ोसी राज्यों को पानी देने के लिए मजबूर करती है, जबकि रिपेरियन राज्य को जब बाढ़ का सामना करना पड़ता है तो साथ नहीं दिया जाता है। उन्होंने कहा कि हर साल बीएसएफ की चौकियां बाढ़ के चपेट में आती हैं लेकिन केंद्र सरकार रावी नदी से गाद निकलने की अनुमति नहीं दी दे हैं। बीएसएफ की चौकियों पर राज्य सरकार 500 करोड़ रन्येए खर्च कर चुकी है लेकिन केंद्र पैसे नहीं दे रहा है।
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ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पीएम के साथ खड़ा
था पूरा पंजाब, अब मान का दें साथ : डॉ. बलबीर
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पूरा पंजाब पीएम मोदी के साथ खड़ा रहा और अब बाढ़ के बाद हर सभी को सीएम मान के साथ खड़े होने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य कैंप लगाकर बाढ़ प्रभावित इलाकों में बीमारियों को फैलने से रोका गया। उन्होंने कहा कि अब तक 4,740 स्वास्थ्य शिविर लगाए गए हैं, जिनमें लगभग 2.5 लाख लोगों को इलाज और दवाएं प्रदान की गई हैं। बॉर्डर एरिया में तैनात हेल्थ कर्मचरियों को हाइ रिस्क अलाउंस देने की वकालत की।