Lumpy skin infection: पंजाब सरकार ने जारी किए 76 लाख रुपये, अधिकारी करेंगे प्रभावित जिलों का दौरा
सीमांत जिलों में इस बीमारी के ज्यादा फैलने की रिपोर्ट हैं, इसलिए गुरदासपुर, अमृतसर, तरनतारन, फाजिल्का और फिरोजुपर को 5-5 लाख रुपये जारी किए गए हैं और बाकी जिलों को 3-3 लाख का फंड दिया गया है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
पशुओं में फैले लंपी स्किन संक्रमण पर पंजाब सरकार जाग गई है। सरकार की ओर से संक्रमण की रोकथाम के लिए जरूरी दवाओं और चिकित्सकीय उपायों के लिए 76 लाख रुपये जारी कर दिए हैं। संक्रमण से ज्यादा प्रभावित राज्य के सरहदी गांवों को 5-5 लाख और अन्य जिलों को 3-3 लाख रुपये दिए जाएंगे। साथ ही पशु पालन विभाग के डिप्टी डायरेक्टरों को प्रभावित जिलों का नियमित दौरा करने के सरकार की ओर से निर्देश दिए गए हैं।
पंजाब सूबे के पशु पालन मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर ने बताया कि सरहदी जिलों में इस बीमारी के ज्यादा फैलने की रिपोर्ट हैं, इसलिए गुरदासपुर, अमृतसर, तरनतारन, फाजिल्का और फिरोजुपर को 5-5 लाख रुपये जारी किए गए हैं और बाकी जिलों को 3-3 लाख का फंड दिया गया है। सरकार द्वारा बीमारी से बचाव के लिए पहले ही जिलों के लिए एडवाइजरी और जरूरी दिशा-निर्देश जारी किए जा चुके हैं। साथ ही अधिकारियों को इसका सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए गए हैं।
पशु पालन मंत्री ने जिलों में तैनात डिप्टी डायरेक्टरों को सख्त हिदायत दी गई कि वे अपने अधीन क्षेत्रों के निरंतर दौरे करते रहें। उन्होंने कहा कि खास तौर पर पशु फार्मों में दौरे करके स्थिति पर नजर रखी जाए। उन्होंने कहा कि अधिकारी गांवों के पशु पालकों, किसानों को बीमारी के लक्षणों, रोकथाम के तरीकों संबंधी अवगत करवाना निरंतर जारी रखें।
गायों में ज्यादा फैलता है संक्रमण
मंत्री ने किसानों को भी अपील की कि यह संक्रमण की बीमारी गायों में ज्यादा फैलती है। मक्खी, मच्छर इस बीमारी के फैलाने का कारण बनते हैं इसलिए प्रभावित पशुओं को पहल के आधार पर सेहतमंद पशुओं से अलग किया जाए और हो सके तो पशुओं पर मच्छरदानी लगा कर रखी जाए। उन्होंने कहा कि पशु पालन विभाग के समूह अधिकारी और कर्मचारी पशु-पालकों की हर पक्ष से सहायता कर रहे हैं। पशु पालक किसी घबराहट में न आएं और संयम से काम लेते हुए एहतियात बरतें।