फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Punjab Cabinet: Many decision takes in meeting of Punjab Cabinet

पंजाब कैबिनेट का फैसलाः स्कूलों में भरे जाएंगे टीचिंग व नॉन-टीचिंग स्टाफ के 3186 पद

Wed, 15 Jan 2020 01:08 AM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: ajay kumar Updated Wed, 15 Jan 2020 01:08 AM IST
विज्ञापन
Punjab Cabinet: Many decision takes in meeting of Punjab Cabinet
प्रतीकात्मक तस्वीर

पंजाब सरकार ने राज्य के स्कूलों में टीचिंग और नॉन-टीचिंग के विभिन्न कैडर के 3186 पद भरने का फैसला लिया है। मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह की अध्यक्षता में मंगलवार को मंत्रिमंडल की मीटिंग में स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा लाए प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई। प्रस्ताव के अनुसार उप जिला शिक्षा अधिकारी और सरकारी सीनियर सेकेंडरी स्कूलों के प्रिंसिपल के 132 पद, मुख्य अध्यापक /मुख्य अध्यापिकाओं के 311, विभिन्न विषयों के मास्टरों और मिस्ट्रेस के 2182 पद, ब्लॉक प्राथमिक शिक्षा अधिकारियों के 32 पद, ईटीटी के 500, लॉ अधिकारियों के 4 और कानूनी सहायकों के 25 पद भरे जाएंगे। 

विज्ञापन


इस फैसले से प्रोबेशन के पहले तीन साल के दौरान सरकारी खजाने पर 42 करोड़ रुपये का सालाना वित्तीय बोझ पड़ेगा। हालांकि, प्रोबेशन पीरियड पूरा हो जाने के बाद मुलाजिमों को पूरा स्केल मिलेगा, जिससे खजाने पर सालाना 197 करोड़ रुपये का वित्तीय बोझ पड़ेगा। मीटिंग के बाद सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि मंत्रिमंडल के इस फैसले से स्कूलों में स्टाफ की कमी दूर होगी। 
विज्ञापन


मीटिंग में मुख्यमंत्री ने विद्यार्थियों को रोजगार के लिए तैयार करने के उद्देश्य से स्कूलों में कोर्स शुरू करने की जरूरत पर जोर दिया। उन्होंने रोजगारन्मुखी शिक्षा की अहमियत का जिक्र करते हुए कहा कि सीनियर कक्षाओं में विभिन्न विषयों जैसे आतिथि, मोबाइल रिपेयर आदि के रोजगार मुखी कोर्स शुरू किए जाएं। उल्लेखनीय है कि प्रिंसिपल, हेडमास्टरों और बीपीईओ को छोड़कर सभी पदों को डायरेक्टोरेट ऑफ रिक्रूटमेंट द्वारा भरा जायेगा। प्रिंसिपल, हेडमास्टरों और बीपीईओ की भर्ती पंजाब लोक सेवा आयोग के द्वारा की जायेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन


राज्यपाल के अभिभाषण से शुरू होगा विधानसभा का दो दिवसीय विशेष सत्र
पंजाब मंत्रिमंडल ने विधानसभा का दो दिवसीय विशेष सत्र बुलाने के लिए राज्यपाल वीपी सिंह बदनौर को अधिकृत किया है। इसके साथ ही मंत्रिमंडल ने संविधान की 126वें संशोधन की पुष्टि करने का प्रस्ताव लाने और वस्तुएं एवं सेवाएं एक्ट को कानूनी रूप देने के लिए मंजूरी दे दी है। सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिन्दर सिंह के नेतृत्व में मंत्रिमंडल ने भारतीय संविधान की धारा 174(1) के अंतर्गत 15वीं विधानसभा का 10वां सत्र 16-17 जनवरी को बुलाने के लिए राज्यपाल को सिफारिश करने का फैसला किया है। 


मंत्रिमंडल द्वारा सत्र की शुरुआत का समय भी बदलने का फैसला भी लिया गया। प्रवक्ता ने बताया कि यह सत्र 16 जनवरी को अब सुबह 11 बजे राज्यपाल के भाषण के साथ शुरू होगा जबकि इससे पहले यह समय सुबह 10 बजे निर्धारित था। 17 जनवरी को सुबह 10 बजे दिवंगत शख्सियतों को श्रद्धांजलियां दी जाएंगी और इसके बाद संविधान (126वें संशोधन) बिल-2019 की पुष्टि के लिए प्रस्ताव पेश किया जायेगा। इसी दिन ही प्रस्तावित वैधानिक कामकाज के बाद सदन अनिश्चित समय के लिए उठ जायेगा। प्रवक्ता ने बताया कि मंत्रिमंडल ने नागरिक उड्डयन विभाग की साल 2018-19 की सालाना प्रशासकीय रिपोर्ट को भी मंजूरी दे दी है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed