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Hindi News ›   Chandigarh ›   Preparation to increase the height of houses in villages from 34 to 45 feet

गांवों में मकानों की ऊंचाई 34 से 45 फीट करने की तैयारी

Tue, 20 Oct 2020 01:54 AM IST
Panchkula Bureau पंचकुला ब्‍यूरो
Updated Tue, 20 Oct 2020 01:54 AM IST
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Preparation to increase the height of houses in villages from 34 to 45 feet
चंडीगढ़। पार्षदों ने गांव के बिल्डिंग बायलॉज में बदलाव की तैयारी कर ली है। मकानों की ऊंचाई 34 से 45 फुट करने, बेसमेंट बनाने की अनुमति देने व नियम से ज्यादा बन चुके मकानों को नियमित करने के लिए एजेंडा तैयार कर लिया गया है। सदन में सहमति मिली तो निगम में शामिल 22 गांवों के लिए यह दीवाली का तोहफा होगा। बता दें कि अभी तक गांवों में ग्राउंड फ्लोर और दो मंजिल बनाने की अनुमति थी, लेकिन एजेंडे में अब ग्राउंड फ्लोर के साथ तीन मंजिल बनाने की अनुमति मांगी गई है। इस हिसाब से चार मंजिल तक के मकानों को नियमित करने की तैयारी है।
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उप महापौर जगतार सिंह जग्गा ने बताया कि 1996 से पहले मनीमाजरा मिनी नगर निगम था। उस समय 100 गज तक के मकानों के लिए नक्शा पास नहीं कराया जाता था। इसके बाद मनीमाजरा नगर निगम में शामिल हुआ, तो निगम ने चंडीगढ़ के बिल्डिंग बायलॉज मनीमाजरा में लागू कर दिए। चंडीगढ़ योजनाबद्ध तरीके से बसाया गया शहर है। यहां एक सेक्टर में एक ही साइज के मकान हैं, लेकिन मनीमाजरा गांव था। यहां लोगों ने अपने हिसाब से जमीन खरीदी और मकान बना लिए।
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शहर में 50 गज से ज्यादा कवर्ड एरिया की अनुमति नहीं होती, जबकि मनीमाजरा में लोगों के पास अच्छी खासी भूमि है। जिस पर जरूरत के हिसाब से निर्माण कार्य भी करा लिया गया है। कुछ लोगों ने बेसमेंट भी बना लिए हैं। अधिकारियों की मिलीभगत से मकान तो नहीं टूटता, लेकिन यह क्रम हमेशा चलता रहता है। इसलिए इस निर्माण कार्य का रेवेन्यू निगम को आना बेहतर रहेगा। निगम में शामिल 22 गांवों में भी यही हाल है। एक सर्वे के अनुसार बुड़ैल में 90 प्रतिशत कार्य व्यावसायिक हैं। गांव व शहर के बिल्डिंग बायलॉज अलग-अलग होंगे तो गांव में हो रहे व्यावसायिक कार्यों से निगम को लगभग 20 से 22 करोड़ का रेवेन्यू मिल सकता है। अभी जो निर्माण कार्य 34 फुट तक तय किया गया है, उसे 40 फुट किया जाए। साथ ही बेसमेंट बनाने की अनुमति भी दी जानी चाहिए। 20 अक्तूबर को सदन में सहमति मिली तो गांव के लिए यह तोहफा होगा।
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कमेटी बनाकर सर्वे कराए निगम
जग्गा ने कहा कि इसके लिए महापौर व कमिश्नर से अपील करेंगे कि एक कमेटी बनाई जाए। जो गांवों में ऐसे मकानों को चिह्नित करे, जो कि मानक से ज्यादा बने हैं। प्रति स्क्वायर फुट के हिसाब से कमेटी जुर्माना तय करे।
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