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तनातनी: चुरू में रोकी गई सीटीयू की एक बस, चंडीगढ़ में चालान काट राजस्थान की सात बसें की गईं जब्त

Thu, 04 Aug 2022 02:21 AM IST
पंचकुला ब्‍यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: पंचकुला ब्‍यूरो Updated Thu, 04 Aug 2022 02:21 AM IST
सार

सभी बसें सेक्टर-17 पुलिस स्टेशन के पास की पार्किंग में खड़ी हैं। बुधवार को चंडीगढ़ की तरफ से की गई कार्रवाई के बाद दोपहर करीब 12.30 बजे चूरू में जब्त की गई सीटीयू की बस को छोड़ दिया गया। सीटीयू की बस को जब्त करने के पीछे कारण बताया गया कि उनके पास काउंटर टाइम नहीं है।

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One CTU bus stopped in Churu, Chandigarh seized seven buses of Rajasthan
सेक्टर 17 पुलिस स्टेशन में खड़ी राजस्थान की बसें। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी।

विस्तार

राजस्थान और चंडीगढ़ के परिवहन विभाग के बीच ठन गई है। मंगलवार को चंडीगढ़ ट्रांसपोर्ट अंडरटेकिंग (सीटीयू) की एक बस को राजस्थान परिवहन विभाग ने चूरू में रोककर जब्त कर लिया। इसके बाद चंडीगढ़ के एसटीए ने राजस्थान की सात बसों का चालान काट दिया, जिसके बाद पुलिस ने इन बसों को जब्त कर सेक्टर-17 थाने के पास पार्किंग में खड़ा करा दिया।

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बस के साथ आए चालक और परिचालक भी पूरे दिन पार्किंग में बस के अंदर और बस की छत पर बैठे रहे। उन्होंने बताया कि सीटीयू की एक बस को राजस्थान में जब्त किया गया है इसलिए बदले की भावना के तहत चंडीगढ़ ने राजस्थान की बसें जब्त कर ली हैं। आईएसबीटी-17 पर राजस्थान के परिवहन के टिकट विंडो पर भी सन्नाटा रहा। लोग बसें नहीं चलने की वजह पूछते रहे।
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दूसरी तरफ, एसटीए के अधिकारियों ने कहा कि राजस्थान की बसों के चालकों के पास पूरे दस्तावेज मौजूद नहीं हैं। उन्होंने रूटीन जांच की और जो कमियां मिलीं उसके अनुसार कार्रवाई की। मंगलवार रात को एक और बुधवार सुबह छह बसों का चालान किया और जब्त कर लिया। इसमें एक एसी बस भी शामिल है। ये सभी बसें सेक्टर-17 पुलिस स्टेशन के पास की पार्किंग में खड़ी हैं। बुधवार को चंडीगढ़ की तरफ से की गई कार्रवाई के बाद दोपहर करीब 12.30 बजे चूरू में जब्त की गई सीटीयू की बस को छोड़ दिया गया। सीटीयू की बस को जब्त करने के पीछे कारण बताया गया कि उनके पास काउंटर टाइम नहीं है।

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दोनों राज्यों की तनातनी में यात्रियों को हुई परेशानी

दोनों राज्यों की इस कार्रवाई में यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। जो यात्री सीटीयू की बस में सालासर गए थे, वो भी परेशान हुए और जिन्होंने राजस्थान की बसों के लिए टिकट कराई थी वो भी आईएसबीटी-17 पर बस नहीं देख काफी परेशान हुए। कई लोगों को बहुत जरूरी काम के तहत बस पकड़नी थी, उनका भी काफी नुकसान हुआ। हालांकि राजस्थान के कई जिलों में हरियाणा व अन्य रोडवेज की बसें जाती हैं, उन्हें उसमें भेजा गया। आईएसबीटी-17 के एसएस गुरराज सिंह ने बताया कि सीटीयू की गाड़ियों के पास सभी तरह के दस्तावेज हैं। इसके बावजूद बस को रोका गया जबकि राजस्थान रोडवेज की बसें बिना दस्तावेज के चल रही थीं इसलिए उनके खिलाफ एसटीए ने कार्रवाई की है।

24 जून को उत्तराखंड में रोकी गई थी सीटीयू की बस

आईएसबीटी-17 से टनकपुर के लिए गई बस को 24 जून को रात करीब 9 बजे हरिद्वार बस स्टैंड पर रोक लिया गया था। बस स्टैंड पर काफी देर तक बहसबाजी हुई। इसके अलावा जो बस चंडीगढ़ से जयपुर वाया रोहतक के लिए शुरू की गई थी। उसे भी कई बार रोका गया। कहा गया कि बस को रोहतक से न ले जाकर दिल्ली की तरफ से लेकर जाए। श्री खाटू श्याम और सालासर बालाजी के लिए जो बसें चल रही है, उन्हें भी कई बार हिसार समेत कई बस स्टैंड पर रोका गया। कहा गया कि उनके पास काउंटर टाइम नहीं है। हालांकि विभाग का दावा है कि उनके पास सभी राज्यों से परमिट व काउंटर टाइम है। कुछ लोग जानबूझकर सीटीयू की बस सेवा को प्रभावित करने की कोशिश कर रहे हैं।

ये है विवाद का कारण

चंडीगढ़ का परिवहन विभाग कई सालों में आईएसबीटी-17 से हरियाणा, यूपी, उत्तराखंड, राजस्थान आदि की तरफ जाने वाली बसों की समय-सारिणी नहीं बना पाया है। इससे राजस्व नुकसान तो हो ही रहा है लोगों को भी परेशान होना पड़ता है। समय सारिणी बनाने का कार्य सीटीयू और एसटीए का है। विभाग के अधिकारियों का कहना है कि बैठकें चल रही हैं और जल्द ही समय सारिणी फाइनल कर ली जाएगी।

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