ग्यासपुरा गैस कांड: 11 मौतों का कौन जिम्मेदार? रिपोर्ट में नहीं हुआ खुलासा, नाराज एनजीटी ने नई कमेटी गठित की
30 अप्रैल को ग्यासपुरा में सीवरेज लाइन से गैस लीक होने से 11 लोगों की मौत हो गई थी। हादसे में पांच महिलाओं, चार पुरुषों और दो बच्चों की जान गई थी।
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लुधियाना के ग्यासपुरा में सीवरेज लाइन से गैस लीक होने से 11 लोगों की मौत मामले में जिला प्रशासन की बनाई जांच कमेटी की रिपोर्ट से नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) ने असंतुष्टि जाहिर की है। फिलहाल एनजीटी ने नई जांच कमेटी का गठन कर दिया है। यह कमेटी नए सिरे से जांच करेगी। खास बात यह है कि जिला प्रशासन की रिपोर्ट में किसी विभाग को कसूरवार नहीं ठहराया गया है। अब सवाल यह उठ रहा है कि घटना में 11 लोगों की जान चली गई लेकिन यह अभी तक स्पष्ट नहीं हो पाया कि सीवरेज लाइन में केमिकल वाला गंदा पानी किसकी लापरवाही से आया था।
हादसे की जांच करने वाली नई जांच कमेटी में पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय के संयुक्त सचिव, आईआईटी दिल्ली के निदेशक और केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड सदस्य सचिव को शामिल किया गया है। नई गठित कमेटी दोबारा गैस लीक वाले स्थल का दौरा करेगी। यह कमेटी गैस लीक के कारणों व जिम्मेदार लोगों की पहचान करेगी।
30 अप्रैल को ग्यासपुरा में सीवरेज लाइन से गैस लीक होने से 11 लोगों की मौत हो गई थी। हादसे में पांच महिलाओं, चार पुरुषों और दो बच्चों की जान गई थी।
रिपोर्ट पर सवाल
गैस लीक मामले की जांच रिपोर्ट में किसी को कसूरवार न बता कर जिस तरह से रिपोर्ट भेजी गई, इससे साफ है कि जिला प्रशासन ने जांच के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति की और जिम्मेदार अधिकारियों व उद्यमियों को बचाने की कोशिश की है।