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Chandigarh News: हाईकोर्ट ने कहा- यहां आपातकाल जैसी स्थिति, हाजिर हों गृह सचिव

Tue, 21 Nov 2023 02:05 AM IST
Chandigarh Bureau चंडीगढ़ ब्यूरो
Updated Tue, 21 Nov 2023 02:05 AM IST
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High Court said- Emergency like situation here, Home Secretary should be present
चंडीगढ़। पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने सोमवार को अपनी इमारत पर बढ़ते स्टाफ व दस्तावेजों के बोझ को आपातकाल जैसी स्थिति बताते हुए इस समस्या के तुरंत निवारण की जरूरत बताई। प्रशासन सचिवालय की पुरानी इमारत में स्थान देने से इन्कार करता रहा तो हाईकोर्ट ने खरी-खरी सुनाई। कहा कि हमारी इमारत को ली कार्बुजिए के अनुरूप अपग्रेड करने में आप नाकाम रहे हैं। प्रशासन के रवैए पर कड़ा रुख अपनाते हुए हाईकोर्ट ने मंगलवार की सुबह गृह सचिव को हाजिर होने का आदेश जारी कर दिया।
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सोमवार को सुनवाई शुरू होते ही प्रशासन की ओर से हलफनामा दाखिल करते हुए सेक्टर-17 की इमारत में रिक्त स्थान होने की बात कही। हाईकोर्ट ने प्रशासन को हलफनामा लौटाते हुए कहा कि इसे वापस लेकर जाइए और अपना दिमाग लगाइए। कोर्ट ने कहा कि हमने सेक्टर-17 की इमारत का दौरा किया है और हमें पता है कि वहां पर जगह मौजूद नहीं है। इस दौरान जब हाईकोर्ट ने सुपरिंटेंडिंग इंजीनियर से पूछा कि क्या कोर्ट के रिकॉर्ड के लिए वहां जगह मौजूद है तो इसके जवाब में इन्कार कर दिया गया। कोर्ट को बताया गया कि वहां पर स्टाफ के बैठने के लिए जगह मौजूद है। हाईकोर्ट ने कहा कि बिना रिकार्ड वहां पर स्टाफ क्या करेगा। पिछले 10 साल से मामला हाईकोर्ट में विचाराधीन है लेकिन प्रशासन की ओर से इस इमारत के विस्तार के लिए कोई कदम नहीं उठाया गया।
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इस दौरान कोर्ट में पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के सचिव की रिपोर्ट पेश की गई। इस रिपोर्ट में बताया गया कि सचिवालय की पुरानी इमारत में छह रिक्त कमरे मौजूद हैं और चार कमरे डिस्पेंसरी के भी अभी खाली हैं। इस पर प्रशासन की ओर से आपत्ति जताते हुए कहा गया कि छह कमरे पुलिस कंप्लेंट अथॉरिटी के लिए हैं तो वहीं चार कमरे डिस्पेंसरी के लिए अलॉट किए जा चुके हैं। जहां तक इनके रिक्त होने का सवाल है तो उनकी मरम्मत की जा रही है। हाईकोर्ट ने कहा कि पीसीए और डिस्पेंसरी के लिए दूसरा स्थान दिया जा सकता है लेकिन हाईकोर्ट के लिए स्थान इसके पास ही होना चाहिए। हाईकोर्ट में मौजूद अधिकारियों के इस बारे में जवाब न दे पाने पर अब हाईकोर्ट ने मंगलवार को चंडीगढ़ के गृह सचिव को खुद हाजिर होने का आदेश दिया।
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