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जाट आंदोलन से निपटने के लिए सरकार तैयार, दावा- नहीं आएगी कोई परेशानी
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Sun, 19 Feb 2017 09:12 AM IST
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Jat reservation
- फोटो : अमर उजाला
पिछले साल आरक्षण आंदोलन के बीच हुईं उपद्रव की घटनाओं के एक साल बाद हरियाणा में जहां एक ओर बलिदान दिवस मनाने की तैयारी है, वहीं सरकार भी हालात से निपटने के लिए पुख्ता प्रबंध के दावे कर रही है। पिछली घटनाओं से सबक लेते हुए 19 फरवरी को सभी 20 जिलों में हाईवे, रेल ट्रैक और रेलवे स्टेशनों सहित तमाम सार्वजनिक स्थलों पर विशेष चौकसी होगी। सुरक्षा इंतजाम के तहत प्रदेश में सुरक्षा बलों की 37 कंपनियां तैनात की गई हैं। दूसरी तरफ अधिकारी और नेता किसी भी सूरत में माहौल खराब न हो, इसे लेकर रणनीति तैयार करने में जुटे हैं।
रविवार को होने होने वाले आयोजनों के दौरान किसी तरह की अनहोनी की आशंका से सरकार के माथे पर शिकन जरूर है, लेकिन माना जा रहा है कि 20 को सरकार की कमेटी और जाट संगठनों के बीच पानीपत में होने वाली वार्ता में लिए जाने वाले निर्णय से ही आंदोलन का रुख तय होगा।
एडीजीपी (लॉ एंड ऑर्डर) मो. अकील ने बताया कि रविवार को होने वाले आयोजनों को देखते हुए सुरक्षा की सभी तैयारियां की जा चुकी हैं। कि रविवार को माहौल पूरी तरह शांतिपूर्ण रहेगा। इसके लिए संगठनों ने पहले ही आश्वासन दिया है। एडीजीपी ने भरोसा दिलाया है कि इस दौरान हाईवे पर सफर करने वालों को किसी तरह की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा। रेलवे स्टेशन, हाईवे और रेलवे ट्रैक की सुरक्षा में भी सुरक्षा कर्मियों की तैनाती की जा चुकी है।
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रविवार को होने होने वाले आयोजनों के दौरान किसी तरह की अनहोनी की आशंका से सरकार के माथे पर शिकन जरूर है, लेकिन माना जा रहा है कि 20 को सरकार की कमेटी और जाट संगठनों के बीच पानीपत में होने वाली वार्ता में लिए जाने वाले निर्णय से ही आंदोलन का रुख तय होगा।
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एडीजीपी (लॉ एंड ऑर्डर) मो. अकील ने बताया कि रविवार को होने वाले आयोजनों को देखते हुए सुरक्षा की सभी तैयारियां की जा चुकी हैं। कि रविवार को माहौल पूरी तरह शांतिपूर्ण रहेगा। इसके लिए संगठनों ने पहले ही आश्वासन दिया है। एडीजीपी ने भरोसा दिलाया है कि इस दौरान हाईवे पर सफर करने वालों को किसी तरह की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा। रेलवे स्टेशन, हाईवे और रेलवे ट्रैक की सुरक्षा में भी सुरक्षा कर्मियों की तैनाती की जा चुकी है।
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जाम से बचने के लिए बदले जा सकते हैं रूट
सोशल मीडिया के तहत भ्रामक संदेश देने वालों पर होगी कार्रवाई
एडीजीपी ने कहा कि सोशल मीडिया के जरिये गलत और भ्रामक संदेश फैलाने वालों पर पैनी नजर है। अगर किसी भी संदेश से माहौल बिगड़ता है, तो इसके लिए जिम्मेदार व्यक्ति पर कार्रवाई होगी।
जाम से बचने के लिए बदले जा सकते हैं रूट
हाईवे पर जाम की आशंका के बारे में एडीजीपी ने बताया कि नेशनल हाईवे पर ऐसे कुछ प्वाइंट्स पर अधिक लोग पहुंच सकते हैं। ऐसे में ट्रैफिक जाम से बचने के लिए रूट भी बदले जा सकते हैं। कुछ प्वाइंट्स की पहचान करने सहित सभी धरनास्थलों के पास ट्रैफिक सामान्य बनाए रखने और सुरक्षा के लिहाज से शहरों में नाकाबंदी भी की गई है।
20 फरवरी को पानीपत में होगी दूसरे दौर की वार्ता
हरियाणा के मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार अमित आर्य ने बताया कि जाट आरक्षण से संबंधित मुख्य सचिव की अध्यक्षता में बनाई गई कमेटी और जाट नेताओं के बीच दूसरे दौर की वार्ता पानीपत में 20 फरवरी को होगी। सरकार पीड़ितों को सहयोग देना चाहती है। बातचीत के जरिये ही हल निकाला जा सकता है और सरकार इस मुद्दे पर बेहद गंभीर है। सभी मोर्चों पर गंभीरतापूर्वक और संवेदनशील होकर सरकार आगे बढ़ रही है।
एडीजीपी ने कहा कि सोशल मीडिया के जरिये गलत और भ्रामक संदेश फैलाने वालों पर पैनी नजर है। अगर किसी भी संदेश से माहौल बिगड़ता है, तो इसके लिए जिम्मेदार व्यक्ति पर कार्रवाई होगी।
जाम से बचने के लिए बदले जा सकते हैं रूट
हाईवे पर जाम की आशंका के बारे में एडीजीपी ने बताया कि नेशनल हाईवे पर ऐसे कुछ प्वाइंट्स पर अधिक लोग पहुंच सकते हैं। ऐसे में ट्रैफिक जाम से बचने के लिए रूट भी बदले जा सकते हैं। कुछ प्वाइंट्स की पहचान करने सहित सभी धरनास्थलों के पास ट्रैफिक सामान्य बनाए रखने और सुरक्षा के लिहाज से शहरों में नाकाबंदी भी की गई है।
20 फरवरी को पानीपत में होगी दूसरे दौर की वार्ता
हरियाणा के मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार अमित आर्य ने बताया कि जाट आरक्षण से संबंधित मुख्य सचिव की अध्यक्षता में बनाई गई कमेटी और जाट नेताओं के बीच दूसरे दौर की वार्ता पानीपत में 20 फरवरी को होगी। सरकार पीड़ितों को सहयोग देना चाहती है। बातचीत के जरिये ही हल निकाला जा सकता है और सरकार इस मुद्दे पर बेहद गंभीर है। सभी मोर्चों पर गंभीरतापूर्वक और संवेदनशील होकर सरकार आगे बढ़ रही है।