हरसिमरत के बयान पर कैप्टन का पलटवार, कई मुद्दों पर जमकर साधा निशाना
केंद्रीय मंत्री हरसिमरत कौर बादल द्वारा पंजाब सरकार पर श्री अकाल तख्त को 'कमजोर' करने की कोशिश का आरोप लगाने के एक दिन बाद मंगलवार को मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि कोई मां द पुत्त जम्मेया नईं जो श्री अकाल तख्त साहिब दे वजूद नूं चुनौती देवे।
रही गल हरसिमरत नूं तां ऐवें बोलद दी आदत हैं। इस बारे में होर कोई गल्ल नहीं करना चाउंदा। दिल्ली एयरपोर्ट तक सरकारी बस सेवा बंद होने के बावजूद बादलों की बसें चलने के मामले में सीएम बोले कि वह इस मामले की जांच कर रहे हैं। अवैध खनन रुकने के सवाल पर बोले कि अवैध खनन रुक नहीं सकता है। इसे तो बस नियंत्रित किया जा सकता है। इस पर सरकार पूरी सख्ती से काम कर रही है।
'एसजीपीसी गुरुद्वारा परिसर के अंदर और सरकार बाहर करवाएगी समागम’
सीएम ने प्रेसवार्ता में केंद्रीय मंत्री के उस बयान की निंदा की जिसमें उन्होंने कहा था कि पंजाब को किसी खेती आधारित प्रोजेक्ट की जरूरत नहीं। उन्होंने हैरानी जताई कि हरसिमरत कौर बादल जमीनी हकीकतों से अनजान दिल्ली में कैसे काम कर रही हैं। केंद्रीय मंत्री यह दावा कैसे कर सकती हैं कि खेती आधारित सूबे को इससे संबंधित प्रोजेक्ट की जरूरत नहीं है।
एक और सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि धर्म हमेशा राजनीति से परे है। उन्होंने सबको न्योता दिया कि वह पार्टी स्तर से ऊपर उठकर इस समागम को मनाने में अपना योगदान दें। मुख्यमंत्री ने बरगाड़ी बेअदबी मामले की जांच सीबीआई के माध्यम से प्रभावित करने के प्रयास की निंदा करते हुए कहा कि केंद्र सरकार को पंजाब विधानसभा की तरफ के पास किए प्रस्ताव अनुसार जांच सीबीआई के पास से वापस लेकर एसआईटी को देने को मंजूरी देनी चाहिए।