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Hindi News ›   Chandigarh ›   Harikishan Singh of Talwandi Bharath martyred in terrorist attack in Poonch

Batala: सिपाही हरिकिशन की शहादत से गम में डूबा तलवंडी भरथ, पत्नी बोली-कल ही तो बात की थी, क्या पता था...

Fri, 21 Apr 2023 04:42 PM IST
निवेदिता वर्मा संवाद न्यूज एजेंसी, बटाला (पंजाब)
संवाद न्यूज एजेंसी, बटाला (पंजाब) Published by: निवेदिता वर्मा Updated Fri, 21 Apr 2023 04:42 PM IST
सार

हरिकिशन सिंह 2017 में फौज में भर्ती हुए थे। उनके परिवार में उनकी पत्नी और 3 साल की बच्ची है। फरवरी 2023 में ही वे एक महीने की छुट्टी काट कर ड्यूटी पर लौटे थे।

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Harikishan Singh of Talwandi Bharath martyred in terrorist attack in Poonch
शहीद हरिकिशन सिंह। - फोटो : फाइल

विस्तार

जम्मू कश्मीर के पुंछ में भारतीय सेना की गाड़ी पर आतंकी हमले में पंजाब के चार जवान शहीद हो गए थे। इनमें बटाला के गांव तलवंडी भरथ के रहने वाले हरिकिशन सिंह भी शामिल हैं। शहीद हरिकिशन सिंह (27) निवासी तलवंडी भरथ 49 राष्ट्रीय राइफल में सेवा निभा रहे थे। शुक्रवार को उनकी शहादत की खबर मिलते ही पूरे गांव में मातम छा गया। 
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हरिकिशन सिंह 2017 में फौज में भर्ती हुए थे। उनके परिवार में उनकी पत्नी और 3 साल की बच्ची है। फरवरी 2023 में ही वे एक महीने की छुट्टी काट कर ड्यूटी पर लौटे थे।
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गांव के स्कूल से बेहद प्यार करते थे हरिकिशन
27 वर्षीय हरिकिशन सिंह गांव के स्कूल और वहां के शिक्षकों से बेहद प्यार करता था। जब भी वह छुटटी पर आता तो काफी समय वह गांव के स्कूल में ही व्यतीत करता। पिछली चार पीढ़ियों से भारतीय सेना की सेवा करने वाले परिवार के इस शहीद को अपने गांव के लोगों से भी बेहद लगाव था। हमेशा हंसने खेलने वाला और सकारात्मक सोच के मालिक हरिकिशन सिंह की शहीद होने की खबर जब गांव के लोगों ने सुनी तो मातम पसर गया। 

मां की आंखों के आंसू थम नहीं रहे थे वहीं पत्नी दलजीत कौर का रो-रो कर बुरा हाल था। शहीद की पत्नी दलजीत कौर ने बताया कि गुरुवार को उनकी अपने पति से वीडियो कॉल पर बातचीत हुई थी और वे लंबे समय तक बात करते रहे। कॉल के दौरान परिवार के सदस्यों के बारे में हाल चाल पूछा। जब उसने करीब तीन बजे हरिकिशन सिंह को दोबारा फोन लगाया तो किसी ने फोन नही उठाया। देर शाम को सेना अधिकारियों ने उनकी शहादत के बारे में सूचना दी। उनके पिता मंगल सिंह का कहना है कि उन्हें अपने बेटे की शहादत पर गर्व है। परिवार वालों का कहना है कि शहीद हरिकिशन का पार्थिव शरीर शनिवार सुबह गांव तलवंडी भरथ में पहुंचेगा। हरिकिशन सिंह के पिता मंगल सिंह भी फौज से सेवामुक्त हुए हैं।
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