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पहली बार: आंदोलनकारियों पर ड्रोन से फेंके गए आंसू गैस के गोले, ऐसा करने वाली पहली फोर्स बनी हरियाणा पुलिस
Wed, 14 Feb 2024 05:01 PM IST
निवेदिता वर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: निवेदिता वर्मा
Updated Wed, 14 Feb 2024 05:01 PM IST
सार
शंभू सीमा पर मंगलवार को हरियाणा के सुरक्षाकर्मियों ने बैरिकेड तोड़ने का प्रयास करने पर किसानों पर कई राउंड आंसू गैस के गोले दागे थे। इसमें ड्रोन का भी इस्तेमाल किया गया था। हरियाणा पुलिस ने कहा कि जब पुलिस कर्मियों पर पथराव किया गया तो स्थिति को नियंत्रित करने के लिए आंसू गैस का इस्तेमाल किया गया
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शंभू बॉर्डर पर किसानों पर छोड़े गए आंसू गैस के गोले
- फोटो : ANI
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विस्तार
हरियाणा पुलिस ऐसी पहली फोर्स बन गई है जिसने किसी प्रदर्शन में आंसू गैस के गोले छोड़ने के लिए ड्रोन का इस्तेमाल किया है।
जानकारी के अनुसार, हरियाणा लिमिटेड की ड्रोन इमेजिंग और सूचना सेवा ने इन ड्रोन को तैयार किया है। करनाल स्थित कंपनी ने इसे सुरक्षा उद्देश्य के लिए संवेदनशील क्षेत्रों की निगरानी के लिए डिजाइन किया था।
2022 में दंगों के लिए सीमा सुरक्षा बल की टियर स्मोक यूनिट ने ड्रोन-आधारित आंसू गैस लॉन्चर को बनाया था, लेकिन इसे अभी तक किसी भी राज्य पुलिस बल को नहीं दिया गया था। वहीं अधिकारियों का कहना है कि हो सकता है हरियाणा ने किसी निजी विक्रेता से ये खरीदा हो।
ड्रोन से कई आंसू गैस के गोले एक साथ फेंके जा सकते हैं। इसे रिमोट से संचालित किया जाता है।
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जानकारी के अनुसार, हरियाणा लिमिटेड की ड्रोन इमेजिंग और सूचना सेवा ने इन ड्रोन को तैयार किया है। करनाल स्थित कंपनी ने इसे सुरक्षा उद्देश्य के लिए संवेदनशील क्षेत्रों की निगरानी के लिए डिजाइन किया था।
2022 में दंगों के लिए सीमा सुरक्षा बल की टियर स्मोक यूनिट ने ड्रोन-आधारित आंसू गैस लॉन्चर को बनाया था, लेकिन इसे अभी तक किसी भी राज्य पुलिस बल को नहीं दिया गया था। वहीं अधिकारियों का कहना है कि हो सकता है हरियाणा ने किसी निजी विक्रेता से ये खरीदा हो।
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ड्रोन से कई आंसू गैस के गोले एक साथ फेंके जा सकते हैं। इसे रिमोट से संचालित किया जाता है।
किसान नेता ने कहा था दुर्भाग्यपूर्ण
किसान नेता सरवन सिंह पंधेर ने किसानों पर आंसू गैस के गोले छोड़ने को दुर्भाग्यपूर्ण बताया था। पंधेर ने कहा कि हमारे बारे में एक धारणा बनाने की कोशिश की जा रही है। हम यहां सरकार के साथ टकराव के लिए नहीं आए हैं। पंधेर ने दावा किया कि लगभग 10,000 किसान शंभू सीमा पर डटे हुए हैं। किसान यहां शांतिपूर्ण स्थिति बनाए हुए हैं लेकिन हमारे खिलाफ ड्रोन के जरिए आंसू गैस का इस्तेमाल किया जा रहा है। हमारा विरोध तब तक जारी रहेगा जब तक सरकार हमारी मांगें नहीं मान लेती। पंधेर ने कहा कि यह भारतीय इतिहास का एक काला दिन है। किसानों के खिलाफ आंसू गैस का इस्तेमाल किया गया।
पंजाब-हरियाणा भी आमने-सामने
वहीं पंजाब ने शंभू बॉर्डर पर अपने क्षेत्र में आंदोलनकारी किसानों पर आंसू गैस के गोले छोड़ने के लिए हरियाणा द्वारा ड्रोन के इस्तेमाल पर आपत्ति जताई है। पटियाला के डिप्टी कमिश्नर (डीसी) शौकत अहमद पर्रे ने अंबाला के डिप्टी कमिश्नर को पत्र लिखकर कहा है कि वे अंबाला के पास शंभू सीमा पर पंजाब के क्षेत्र के अंदर अपने ड्रोन न भेजें। अंबाला अधिकारियों के साथ मामला उठाने के बाद, अब सीमा पर ड्रोन की आवाजाही को प्रतिबंधित कर दिया गया है।
वहीं इसके जवाब में हरियाणा के गृह मंत्री अनिल विज ने कहा कि बहुत बड़ी हैरानी है कि पंजाब सरकार ने नोटिस जारी किया कि हमारी सीमा में ड्रोन मत भेजो, क्या यह हिंदुस्तान-पाकिस्तान हो गया। अगर हमारी पुलिस को मारकर कोई पंजाब में भाग जाएगा तो क्या हम उसके पीछे जाकर उसे पकड़ नहीं सकते।
किसान नेता सरवन सिंह पंधेर ने किसानों पर आंसू गैस के गोले छोड़ने को दुर्भाग्यपूर्ण बताया था। पंधेर ने कहा कि हमारे बारे में एक धारणा बनाने की कोशिश की जा रही है। हम यहां सरकार के साथ टकराव के लिए नहीं आए हैं। पंधेर ने दावा किया कि लगभग 10,000 किसान शंभू सीमा पर डटे हुए हैं। किसान यहां शांतिपूर्ण स्थिति बनाए हुए हैं लेकिन हमारे खिलाफ ड्रोन के जरिए आंसू गैस का इस्तेमाल किया जा रहा है। हमारा विरोध तब तक जारी रहेगा जब तक सरकार हमारी मांगें नहीं मान लेती। पंधेर ने कहा कि यह भारतीय इतिहास का एक काला दिन है। किसानों के खिलाफ आंसू गैस का इस्तेमाल किया गया।
पंजाब-हरियाणा भी आमने-सामने
वहीं पंजाब ने शंभू बॉर्डर पर अपने क्षेत्र में आंदोलनकारी किसानों पर आंसू गैस के गोले छोड़ने के लिए हरियाणा द्वारा ड्रोन के इस्तेमाल पर आपत्ति जताई है। पटियाला के डिप्टी कमिश्नर (डीसी) शौकत अहमद पर्रे ने अंबाला के डिप्टी कमिश्नर को पत्र लिखकर कहा है कि वे अंबाला के पास शंभू सीमा पर पंजाब के क्षेत्र के अंदर अपने ड्रोन न भेजें। अंबाला अधिकारियों के साथ मामला उठाने के बाद, अब सीमा पर ड्रोन की आवाजाही को प्रतिबंधित कर दिया गया है।
वहीं इसके जवाब में हरियाणा के गृह मंत्री अनिल विज ने कहा कि बहुत बड़ी हैरानी है कि पंजाब सरकार ने नोटिस जारी किया कि हमारी सीमा में ड्रोन मत भेजो, क्या यह हिंदुस्तान-पाकिस्तान हो गया। अगर हमारी पुलिस को मारकर कोई पंजाब में भाग जाएगा तो क्या हम उसके पीछे जाकर उसे पकड़ नहीं सकते।