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Haryana: हरियाणा कांग्रेस में नहीं खत्म हो रही गुटबाजी, बड़े नेताओं की एंट्री पर ही साथ दिखेंगे कांग्रेसी
Tue, 14 May 2024 02:55 PM IST
निवेदिता वर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: निवेदिता वर्मा
Updated Tue, 14 May 2024 02:55 PM IST
सार
हरियाणा में कांग्रेस इंडिया गठबंधन के तहत चुनाव लड़ रही है। इसमें कुरुक्षेत्र की सीट आम आदमी पार्टी को दी गई है, जबकि नौ सीटों पर कांग्रेस के प्रत्याशी मैदान में हैं। नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा और प्रदेशाध्यक्ष उदयभान सिरसा छोड़कर आठ सीटों पर नामांकन भरवाने गए और यहां प्रचार और जनसभाएं भी कर रहे हैं। हुड्डा गुट ने सिरसा से दूरी बनाई हुई है।
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प्रचार करते भूपेंद्र हुड्डा
- फोटो : X @BhupinderShooda
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विस्तार
दो धड़ों में बंटी हरियाणा कांग्रेस में हाईकमान के आदेश के बाद भी गुटबाजी खत्म नहीं हो पा रही है। दसों सीटें जीतने के दावे करने वाली कांग्रेस पार्टी के दिग्गज नेता अपने-अपने चहेतों के प्रचार में ही जुटे हैं।
पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के निर्देश के बावजूद हुड्डा खेमा सिरसा जाने से बच रहा है, जबकि कुमारी सैलजा के साथ रणदीप सुरजेवाला और किरण चौधरी सिरसा पर फोकस किए हुए हैं। ऐसे में संभावना है कि केंद्रीय नेतृत्व के नेताओं के हरियाणा में आने के बाद ही सभी कांग्रेसी एक मंच पर आएंगे।
अब राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और मल्लिकार्जुन खरगे की रैलियों को लेकर भी दोनों धड़ों में राजनीति शुरू हो गई है। 15 मई के बाद तीनों नेताओं की हरियाणा में रैलियां होनी तय हैं, लेकिन अभी स्थान तय नहीं हो पाए हैं।
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हरियाणा में कांग्रेस इंडिया गठबंधन के तहत चुनाव लड़ रही है। इसमें कुरुक्षेत्र की सीट आम आदमी पार्टी को दी गई है, जबकि नौ सीटों पर कांग्रेस के प्रत्याशी मैदान में हैं। नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा और प्रदेशाध्यक्ष उदयभान सिरसा छोड़कर आठ सीटों पर नामांकन भरवाने गए और यहां प्रचार और जनसभाएं भी कर रहे हैं। हुड्डा गुट ने सिरसा से दूरी बनाई हुई है। यहां से हुड्डा की धुर विरोधी कुमारी सैलजा प्रत्याशी हैं। न तो हुड्डा सैलजा के नामांकन के समय सिरसा पहुंचे और न यहां प्रचार के लिए अभी तक उनका कोई शेड्यूल आया है। यहां सैलजा के साथ नामांकन के दौरान रणदीप सुरजेवाला, किरण चौधरी और हाल ही में कांग्रेस में आने वाले चौधरी बीरेंद्र सिंह थे।
फिलहाल किरण चौधरी और सुरजेवाला सैलजा के लिए प्रचार कर रहे हैं। हरियाणा के प्रभारी दीपक बाबरिया यह रिपोर्ट कांग्रेस आलाकमान को दे चुके हैं। इसके बाद ही कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने सभी दिग्गज नेताओं को फोन करके एकजुटता का पाठ पढ़ाया था। इसका असर ये रहा कि टिकट कटने से नाराज कैप्टन अजय यादव, करण सिंह दलाल, चौधरी बीरेंद्र सिंह और किरण चौधरी अपने-अपने हलकों में प्रत्याशियों के लिए प्रचार में तो जरूर जुटे, लेकिन हुड्डा और एसआरके खेमे में खींचतान अभी जारी है।
गांधी परिवार के नेताओं की रैलियों के लिए अभी स्थान तय नहीं
कांग्रेस सूत्रों का दावा है कि राहुल और प्रियंका गांधी की रैलियों को लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं, लेकिन अभी तक स्थान तय नहीं हो पाए हैं। हुड्डा खेमा अपने समर्थक प्रत्याशियों के हलकों में रैलियों की योजना बना रहा है, जबकि एसआरके गुट सिरसा में कांग्रेस के किसी बड़े नेता की रैली की तैयारी कर रहा हैं। बताया जा रहा है कि इसी सप्ताह बड़े नेताओं की रैलियों के स्थान को लेकर कांग्रेस की बैठक होगी और उसमें ही स्थान तय किए जाएंगे।
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पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के निर्देश के बावजूद हुड्डा खेमा सिरसा जाने से बच रहा है, जबकि कुमारी सैलजा के साथ रणदीप सुरजेवाला और किरण चौधरी सिरसा पर फोकस किए हुए हैं। ऐसे में संभावना है कि केंद्रीय नेतृत्व के नेताओं के हरियाणा में आने के बाद ही सभी कांग्रेसी एक मंच पर आएंगे।
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अब राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और मल्लिकार्जुन खरगे की रैलियों को लेकर भी दोनों धड़ों में राजनीति शुरू हो गई है। 15 मई के बाद तीनों नेताओं की हरियाणा में रैलियां होनी तय हैं, लेकिन अभी स्थान तय नहीं हो पाए हैं।
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हरियाणा में कांग्रेस इंडिया गठबंधन के तहत चुनाव लड़ रही है। इसमें कुरुक्षेत्र की सीट आम आदमी पार्टी को दी गई है, जबकि नौ सीटों पर कांग्रेस के प्रत्याशी मैदान में हैं। नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा और प्रदेशाध्यक्ष उदयभान सिरसा छोड़कर आठ सीटों पर नामांकन भरवाने गए और यहां प्रचार और जनसभाएं भी कर रहे हैं। हुड्डा गुट ने सिरसा से दूरी बनाई हुई है। यहां से हुड्डा की धुर विरोधी कुमारी सैलजा प्रत्याशी हैं। न तो हुड्डा सैलजा के नामांकन के समय सिरसा पहुंचे और न यहां प्रचार के लिए अभी तक उनका कोई शेड्यूल आया है। यहां सैलजा के साथ नामांकन के दौरान रणदीप सुरजेवाला, किरण चौधरी और हाल ही में कांग्रेस में आने वाले चौधरी बीरेंद्र सिंह थे।
फिलहाल किरण चौधरी और सुरजेवाला सैलजा के लिए प्रचार कर रहे हैं। हरियाणा के प्रभारी दीपक बाबरिया यह रिपोर्ट कांग्रेस आलाकमान को दे चुके हैं। इसके बाद ही कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने सभी दिग्गज नेताओं को फोन करके एकजुटता का पाठ पढ़ाया था। इसका असर ये रहा कि टिकट कटने से नाराज कैप्टन अजय यादव, करण सिंह दलाल, चौधरी बीरेंद्र सिंह और किरण चौधरी अपने-अपने हलकों में प्रत्याशियों के लिए प्रचार में तो जरूर जुटे, लेकिन हुड्डा और एसआरके खेमे में खींचतान अभी जारी है।
गांधी परिवार के नेताओं की रैलियों के लिए अभी स्थान तय नहीं
कांग्रेस सूत्रों का दावा है कि राहुल और प्रियंका गांधी की रैलियों को लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं, लेकिन अभी तक स्थान तय नहीं हो पाए हैं। हुड्डा खेमा अपने समर्थक प्रत्याशियों के हलकों में रैलियों की योजना बना रहा है, जबकि एसआरके गुट सिरसा में कांग्रेस के किसी बड़े नेता की रैली की तैयारी कर रहा हैं। बताया जा रहा है कि इसी सप्ताह बड़े नेताओं की रैलियों के स्थान को लेकर कांग्रेस की बैठक होगी और उसमें ही स्थान तय किए जाएंगे।