Chandigarh: मकान के बेसमेंट की खुदाई के दाैरान साथ के घर में लगे पेड़ गिरे, सेक्टर 33 में हादसा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सेक्टर-33ए के मकान नंबर-332 के साथ लगते प्लॉट नंबर-333 में पिछले कुछ महीनों से बेसमेंट बनाने के लिए खुदाई चल रही थी। पड़ोसियों का आरोप है कि खुदाई मानकों के अनुसार नहीं की जा रही है। बेसमेंट की गहराई काफी ज्यादा है। इसकी वजह से कुछ दिन पहले पास के ही एक अन्य घर की भी दीवार गिरी थी, जिसके बाद ठेकेदार ने रेत की बोरियों को लगाकर सपोर्ट दिया।
मंगलवार को रात करीब 9.30 बजे अचानक मकान नंबर-332 के अंदर की जमीन धंस गई। घर के अंदर लगे पेड़ खोदे गए बेसमेंट में गिर गए। पेड़ के साथ काफी मिट्टी धंसी। वहां खड़ी नई रेंज रोवर गाड़ी भी नीचे गिरती-गिरती बची। कार का एक पहिया हवा में लटक गया। किसी तरह खींच कर गाड़ी बचाई गई। ग्राउंड फ्लोर का वॉशरूम भी उसी तरफ था। जिस समय हादसा हुआ, उसके अंदर परिवार का एक सदस्य था। उनका कहना है कि ऐसा लगा जैसे तेज आवाज के साथ भूकंप आया हो।
घर के अंदर आई दरारें, देखने पहुंचे मेयर कुलदीप-आहलुवालिया
घटना के बाद से परिवार खौफ में जी रहा है, क्योंकि घर के अंदर भी दरारें आ गई हैं। ऐसे में बुधवार को शहर के मेयर कुलदीप कुमार, आम आदमी पार्टी के प्रभारी डॉक्टर सनी सिंह अहलूवालिया, एरिया पार्षद अंजू कत्याल, पार्षद दमनप्रीत सिंह समेत कई मौके पर पहुंचे। मौके से ही शिकायत लिखी गई और ठेकेदार पर केस दर्ज कराया गया। ठेकेदार का कहना है कि खुदाई सिर्फ 12 फीट ही की गई है जबकि पड़ोसियों व अन्य लोगों का कहना है कि यह खुदाई 20 से 25 फीट गहरी है। इसकी मंजूरी भी नहीं है। मेयर कुलदीप कुमार ने कहा कि केस दर्ज करा दिया गया है और मामले में आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।घर की नींव हिली, होटल में रह रहा परिवार
मामले में करनजीत सिंह ने ठेकेदार संदीप खुल्लर के खिलाफ सेक्टर-34 पुलिस थाने में शिकायत दी है। उन्होंने कहा है कि ठेकेदार अवैध तरीके से 20 फीट से ज्यादा की खुदाई कर रहा है, वह भी बिना किसी एनओसी के। इससे उनके घर की नींव को बहुत नुकसान पहुंचा है। वह अब सुरक्षित नहीं है। यह सिर्फ लापरवाही नहीं है बल्कि उनके परिवार के सदस्यों की जान के साथ भी खिलवाड़ है। कोई बड़ा हादसा हो सकता है क्योंकि अब उनके घर की नींव सुरक्षित नहीं है और उन्हें होटल में रहना पड़ रहा है। मामले में पुलिस ने ठेकेदार के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा-290, 125, 324(3), 324(5), 3(5) के तहत केस दर्ज किया है।