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डीएसपी राका गेरा को एक साल की सजा, जुर्माना भी लगा

Sun, 19 Feb 2017 09:12 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Sun, 19 Feb 2017 09:12 AM IST
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Punjab Police, DSP Raka Gera, Arms Act, district court
- फोटो : File Photo
पंजाब पुलिस की महिला डीएसपी राका गेरा को जिला अदालत ने आर्म्स एक्ट के मामले मे दोषी पाते हुए एक साल की कैद की सजा सुनाई। शनिवार को जिला अदालत ने सजा का एलान करते हुए डीएसपी पर दो हजार रुपये जुर्माना भी लगाया है। हालांकि, फैसले के बाद राका गेरा को 10 हजार के बेल बांड पर जमानत दे दी गई। मामला छह साल पुराना है। बता दें कि पुलिस विभाग ने बाद में राक गेरा को सस्पेंड कर दिया था।
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मोहाली के मुल्लांपुर के बिल्डर केके मल्होत्रा की शिकायत पर सीबीआई ने 25 जुलाई 2011 को सेक्टर-15 की कोठी से राका गेरा को एक लाख रुपये की रिश्वत लेते पकड़ा था। सीबीआई ने जब कोठी की तलाशी ली तो अवैध हथियार मिले थे।
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आरोप के मुताबिक तलाशी के दौरान सीबीआई को एके-47 के 67 कारतूस, .32 बोर की जर्मन मेड रिवाल्वर, एक डबल बैरल गन, .32 बोर के 1237 कारतूस, .38 बोर के 114 कारतूस, एसएलआर के 114 कारतूस और दो कारतूस स्नाइपर गन के बरामद हुए थे। सीबीआई के इंस्पेक्टर ने डीएसपी राका गेरा के खिलाफ सेक्टर-11 थाना पुलिस में अवैध हथियार रखने का केस दर्ज करवाया था।
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छह साल पुराने मामले में आया फैसला

Punjab Police, DSP Raka Gera, Arms Act, district court
कोर्ट - फोटो : डेमो फोटो
फैसला सुनाते हुए अपने आदेश में अदालत ने कहा कि आरोपी किसी तरह के रहम के काबिल नहीं है। पुलिस का काम लोगों के अधिकारों  और आजादी की रक्षा करना हैं, ऐसे में एक पुलिस अधिकारी से एक सामान्य व्यक्ति की बजाय अधिक जिम्मेदारी के व्यवहार की उम्मीद की जाती है।

पुलिस विभाग में एक उच्च पद पर होते हुए भी उनके पास से भारी मात्रा में हथियार बरामद हुए, जिसका वह कोई वैध लाइसेंस नहीं दिखा सकीं। अदालत ने पाया कि एके-47 के कारतूस घर से पाए गए थे, जो कि प्रतिबंधित हथियार है।

वहीं, अभी जिला अदालत में राका गेरा के खिलाफ रिश्वत मामला और अवैध रूप से शराब रखने के अन्य दो मामले विचाराधीन हैं। रिश्वत लेने का मामला सीबीआई कोर्ट में चल रहा है। 
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