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इश्क में अंधी बेटी बनी मां-बाप की कातिल, प्रेमी संग रची थी साजिश
ब्यूरो/अमर उजाला, रोपड़(पंजाब)
Updated Mon, 31 Oct 2016 08:39 PM IST
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- फोटो : demo
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जिन मां-बाप ने गोद लेकर उसे अपना नाम दिया, वह उन्हीं की कातिल बन गई। प्रेमी के साथ मिलकर दोनों को ठिकाने लगा दिया। घटना पंजाब के रोपड़ की है। रुपनगर में एक नाबालिग लड़की ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर मां-बाप को जहर देकर मार डाला।
अदालत में अब आरोपी युवक राकेश को तीन साल कैद की सजा सुनाई, साथ ही जुर्माना भी लगाया गया है। वहीं लड़की का केस जुवेनाइल में विचाराधीन है। वारदात 3 जून 2015 को अंजाम दी गई थी। सजा होने के बाद पुलिस ने मामले का खुलासा किया।
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अदालत में अब आरोपी युवक राकेश को तीन साल कैद की सजा सुनाई, साथ ही जुर्माना भी लगाया गया है। वहीं लड़की का केस जुवेनाइल में विचाराधीन है। वारदात 3 जून 2015 को अंजाम दी गई थी। सजा होने के बाद पुलिस ने मामले का खुलासा किया।
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मां-बाप के साथ-साथ युवक को भी दे दिया जहर
मिली जानकारी के अनुसार, कजौली निवासी मुर्गी फार्म संचालक कुलदीप सिंह तथा उसकी पत्नी संतोष कुमारी ने एक लड़की को गोद लिया था। राकेश अकसर मुर्गी फार्म आया करता था।
इस दौरान लड़की की राकेश से दोस्ती हो गई और वह उससे प्यार कर बैठी, लेकिन मां-बाप उसका रिश्ता परमिंदर नाम के युवक से कर रहे थे। इससे दुखी होकर उसने प्यार के रास्ते में रोड़ा बने मां-बाप को ठिकाने लगाने की साजिश रची।
दोनों ने 3 जून की रात को तीनों को मुर्गी फार्म में इस्तेमाल होने वाली जहरीली दवाई शराब में मिलाकर पिला दी। मां-बाप की मौत हो गई, लेकिन परमिंदर बच गया।
इस दौरान लड़की की राकेश से दोस्ती हो गई और वह उससे प्यार कर बैठी, लेकिन मां-बाप उसका रिश्ता परमिंदर नाम के युवक से कर रहे थे। इससे दुखी होकर उसने प्यार के रास्ते में रोड़ा बने मां-बाप को ठिकाने लगाने की साजिश रची।
दोनों ने 3 जून की रात को तीनों को मुर्गी फार्म में इस्तेमाल होने वाली जहरीली दवाई शराब में मिलाकर पिला दी। मां-बाप की मौत हो गई, लेकिन परमिंदर बच गया।