फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   mayor's son's car collision with MLA's brother

मेयर के बेटे ने विधायक के भाई की गाड़ी ठोकी

Sat, 09 May 2015 08:50 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Sat, 09 May 2015 08:50 AM IST
विज्ञापन
mayor's son's car collision with MLA's brother

सेक्टर-15 के लाइट प्वाइंट मोड़ पर शुक्रवार दोपहर करीब एक बजे मेयर के बेटे ने अंबाला के विधायक के भाई की कार को टक्कर मार दी। टक्कर मारने के बाद मेयर का बेटा मौके से कार लेकर भाग गया। महिला ने घटना की सूचना तत्काल पुलिस कंट्रोल रूम और परिजनों को दी।

विज्ञापन


सेक्टर-32 में अंबाला विधायक असीम गोयल के भाई पुनीत गोयल पत्नी वंशिका और बच्चे के साथ रहते हैं। वीरवार दोपहर वंशिका गोयल सेक्टर-15 में अपने फ्रेंड्स से मिलने जा रही थीं। जैसे ही उनकी हुंडई ऐरा कार सेक्टर-15 के लाइट प्वाइंट को पार कर मार्केट की तरफ मुड़ी, पीयू की तरफ से तेज स्पीड में आ रहे मेयर के बेटे ने कार को टक्कर मार दी।
विज्ञापन


टक्कर मारने के बाद वह टाटा करोला (सीएच-01-एए-0007) कार लेकर भाग गया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कार की नंबर प्लेट उखड़कर दूर जा गिरी और कार का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। विंडो जाम हो जाने से वह बाहर नहीं निकल पाईं।
विज्ञापन
विज्ञापन


टक्कर की आवाज सुन मौके पर पहुंचे लोगों ने उन्हें किसी तरह बाहर निकाला। इसके बाद उन्होंने घटना की जानकारी पुलिस कंट्रोल रूम और परिजनों को दी। जो क्षतिग्रस्त कार को लेकर सेक्टर-11 थाने लेकर आए।

समझौता कराने में जुटी रही पुलिस
घटना की शिकायत देने के बाद भी सेक्टर-11 थाना पुलिस ने शाम पांच बजे तक मेयर के बेटे के खिलाफ हिट एंड रन का केस दर्ज नहीं किया। पीड़ित पक्ष की ओर से केस दर्ज करने का दबाव बढ़ता देख शाम करीब सवा पांच बजे मेयर के पति बेटे के साथ थाने पहुंचे। उन्होंने क्षतिग्रस्त कार को ठीक कराने का आश्वासन दिया और बेटे से माफी मंगवाई। इसके बाद पीड़ित पक्ष ने समझौता कर लिया।

केस या मुआवजा
सेक्टर-11 थाना पुलिस का कहना है कि केस न दर्ज करने के पीछे का कारण यह था कि दोनों पक्षों में समझौते की बात चल रही थी। हालांकि पीड़ित पक्ष ने उन्हें घटना संबंधी लिखित शिकायत दी थी, जिस पर वह कार्रवाई को भी तैयार थे। लेकिन यदि केस दर्ज कर लेते तो विपक्ष कार को ठीक नहीं करवाता और पीड़ित पक्ष को कोर्ट के भी चक्कर लगाने पड़ते। दोनों ने आपसी बातचीत के बाद समझौता कर लिया है।


कार चालक वंशिका गोयल का कहना है कि मेयर का बेटा कार को करीब 80-90 की स्पीड में चला रहा था। टक्कर मारने के बाद वह कार को लेकर मौके से भाग गया। मेयर के बेटे ने एक्सीडेंट करने के बाद उन्हें अस्पताल ले जाना भी मुनासिब नहीं समझा। हालांकि उनके बेटे के कैरियर को देखते हुए समझौता कर लिया है।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed