'नाचते-नाचते' दुल्हन बेहोश, बारात बैरंग वापस
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खुद की शादी में नाचना दुल्हन को महंगा पड़ा जब फेरों के वक्त दुल्हन बेहोश हो गई और बारात बिना दुल्हन के बैरंग लौट गई। राजस्थान के धर्मकोट से जालंधर आई बारात बिना दुल्हन लिए ही वापस चली गई।
फेरों के दौरान लड़की बेहोश हो गई थी, जिसके कारण शादी नहीं हो पाई। बारातियों का आरोप था कि लड़की मानसिक रूप से बीमार थी और उसके घरवालों ने यह बात उनसे छुपाई। दूल्हा मोहन पुत्र काला निवासी धर्मकोट फड़ी लगाने का काम करता है। चार महीने पहले उसका रिश्ता जालंधर में हुआ था।
दूल्हे की रिश्तेदार छितो देवी ने कहा कि शनिवार रात को शादी समारोह चल रहा था। बाराती खाना-पीना खा चुके थे, कुछ बाराती वापस भी चले गए थे। उन्होंने कहा कि सुबह फेरे होने थे। इसके लिए दुल्हन को उसके घर वाले पकड़ कर लेकर आ रहे थे। फेरे अभी शुरू भी नहीं हुए कि दुल्हन गिर पड़ी और बेहोश हो गई।
वर-वधु पक्ष के एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप
बारातियों का आरोप है कि दुल्हन मानसिक रूप से बीमार है और पागलों जैसे हरकतें करती है। लड़की के पिता ने यह बात उनसे छुपाकर रखी। इसलिए बारात वापस चली गई।
उन्होंने आरोप लगाया कि दूल्हे की ताई और उसका बेटा हरुण दमोरिया पुल के रास्ते से वापस जा रहे थे। इस दौरान लड़की वालों के कुछ रिश्तेदारों ने उन पर हमला बोल दिया और उनकी पिटाई कर कपड़े तक फाड़ दिए।
वहीं दूसरी ओर दुल्हन के पिता का कहना है कि उनकी बेटी को कोई बीमारी नहीं है। घर में शादी समारोह होने के कारण वह पिछले तीन दिनों से नाच रही थी और थकान की वजह से फेरों के दौरान बेहोश हो गई। उन्होंने कहा कि बारातियों के खाने-पीने पर दो लाख रुपये का खर्चा हुआ है।
उन्होंने कहा है कि लड़के को दहेज में एक मोटरसाइकिल दी गई थी। लड़की वालों ने इसकी शिकायत सूर्या एन्कलेव चौकी में कर दी है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।