फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Bad Conditions for Pregnant Ladies in Panchkula General Hospital

9 माह की गर्भवती ठंडे फर्श पर 5 घंटे तड़पी

Fri, 12 Dec 2014 09:59 AM IST
दीपक शाही/अमर उजाला, पंचकूला
दीपक शाही/अमर उजाला, पंचकूला Updated Fri, 12 Dec 2014 09:59 AM IST
विज्ञापन
Bad Conditions for Pregnant Ladies in Panchkula General Hospital

सेक्टर-6 स्थित जनरल अस्पताल में नौ माह की गर्भवती दर्द से तड़पती रही, लेकिन उसे बेड तक नहीं मिला। वीरवार दोपहर बाद करीब चार बजे बरवाला के स्वास्थ्य केंद्र से नौ माह की गर्भवती शहनाज को जनरल अस्पताल रेफर किया गया था।

विज्ञापन


यहां इंजेक्शन देने के बाद अस्पताल के स्वास्थ्य कर्मियों ने उसे बाहर सर्द फर्श पर लेटने को कहा। वह पहले तो गायनी ओपीडी के बाहर लेटी रही, लेकिन जब ठंड बर्दाश्त नहीं हुई तो मदद की गुहार लगाने लगी।
विज्ञापन


‘अमर उजाला’ की टीम रात नौ बजे जब मौके पर पहुंची तो महिला का फोटो खींचे जाने के पांच मिनट के बाद ही महिला को अंदर बुला लिया गया, ताकि स्वास्थ्य कर्मियों की लापरवाही को छुपाया जा सके। महिला को करीब पांच घंटे तक इस हाल में छोड़ने के बारे में किसी ने संतोषजनक जवाब नहीं दिया।

विज्ञापन
विज्ञापन

पहले भी हुई थी लापरवाही

Bad Conditions for Pregnant Ladies in Panchkula General Hospital

गायनी ओपीडी में चेकअप कराने पहुंची एक गर्भवती महिला ने कुछ माह पहले स्ट्रेचर पर ही अल्ट्रासाउंड कक्ष के बाहर बच्चे को जन्म दे दिया था। जब महिला चेकअप कराने पहुंची तो उसके साथ महिला अटेंडेंट भी थी।

दर्द से तड़पती महिला को अल्ट्रासाउंड कराकर लाने को कहा गया था, लेकिन कोई स्वास्थ्यकर्मी उसके साथ नहीं गया। अकेली महिला अटेंडेंट स्ट्रेचर पर उसे अल्ट्रासाउंड कक्ष तक ले गई और रास्ते में ही पेशेंट की डिलीवरी हो गई।

बच्चा स्ट्रेचर से नीचे भी गिर गया था। मामले को लेकर अस्पताल की पीएमओ डॉ. उषा गुप्ता का कहना है कि ऐसा बिल्कुल नहीं है। मरीजों के लिए बेड के इंतजाम हैं। जो मरीज वार्ड के अंदर लेटना नहीं चाहते हैं, वही बाहर लेटते हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed